क्रिया विशेषण और उसके भेद

क्रिया विशेषता बताने वाले वाले शब्द
(क्रिया-विशेषण से अनुप्रेषित)

वाह जब जब सामने आता है क्रिया विशेषण और भेद लिखिए


प्रकार है

स्थानवाचकसंपादित करें

  • जो अविकारी शब्द किसी क्रिया के संपादित होने के स्थान का बोध कराते हैं, उन्हें स्थानवाचक क्रियाविशेषण कहते हैं।

जैसे- यहाँ, वहाँ, कहाँ, जहाँ, सामने, नीचे, ऊपर, आगे, भीतर, बाहर आदि।

उदाहरण-

श्रेया गोस्वामी वहाँ चल रही है। इस वाक्य में "वहाँ" चल क्रिया के व्यापार-स्थान का बोध करा रही है।

कालवाचकसंपादित करें

  • जो अविकारी शब्द किसी क्रिया के होने का समय बतलाते हैं, उन्हें कालवाचक क्रियाविशेषण कहते हैं।
  • जैसे- परसों, पहले, पीछे, कभी, अब तक, अभी-अभी, बार-बार।
  • मैं प्रतिदिन स्कूल जाता हूँ।

परिमाणवाचकसंपादित करें

  • जो अविकारी शब्द किसी क्रिया के परिमाण अथवा निश्चित संख्या का बोध कराते हैं, उन्हें परिमाणवाचक क्रियाविशेषण कहते हैं।
  • जैसे- बहुत, अधिक,अधिकाधिक पूर्णतया, सर्वथा, कुछ, थोड़ा, काफ़ी, केवल, यथेष्ट, इतना, उतना, कितना, थोड़ा-थोड़ा, तिल-तिल, एक-एक करके, आदि।

रीतिवाचकसंपादित करें

  • जो शब्द किसी क्रिया के करने के तरीके/रीति का बोध कराए, वह रीतिवाचक क्रियाविशेषण कहलाते है।
  • जैसे धीरे–धीरे,जल्दी,रोज़,आदि।