ख्वाजा हसन निज़ामी

भारतीय सूफी संत एवं प्रसिद्ध उर्दू निबंधकार और हास्यकार

ख्वाजा हसन निज़ामी [1] (1873 दिल्ली - 31 जुलाई 1955 दिल्ली ) चिश्ती इस्लामी सिलसिला के एक भारतीय सूफी संत [2], एक प्रसिद्ध उर्दू निबंधकार [3] [4] और हास्यकार थे, जिनके लेख मखज़न अख़बार प्रकाशित होते थे। उनहाेें ने ६० से ज्यादी पुस्तकें लिखीं [5] उन्होंने 1857 घटनाओं के बारे में में भी लिखा। जबकि मुल्ला वहीदी लिखते हैं कि उनहों ने पास अद्भुत विविध विषयों पर पांच सौ से अधिक पुस्तकें लिखी (नकवी, 1978 में उद्धृत)। सूफी संत होने के कारण उनके कई शिष्य थे और यह उनके साहित्य में प्रकट हुआ। 

  1. Ernst, C.; Lawrence, B. (30 April 2016). Sufi Martyrs of Love: The Chishti Order in South Asia and Beyond (अंग्रेज़ी में). Springer. आई॰ऍस॰बी॰ऍन॰ 978-1-137-09581-7.
  2. By Amaresh Datta (1988). Encyclopaedia of Indian Literature, Volume 2. आई॰ऍस॰बी॰ऍन॰ 9788126011940.
  3. Ilmi Encyclopaedia of General Knowledge. 1979.
  4. Tully, Mark (2017-11-22). India In Slow Motion (अंग्रेज़ी में). Penguin Random House India Private Limited. आई॰ऍस॰बी॰ऍन॰ 978-93-5118-097-5.
  5. Safvi, Khwaja Hasan Nizami & Rana. "How Bahadur Shah Zafar's daughter had to flee from Delhi after he lost his empire". The Scroll. अभिगमन तिथि 4 July 2020.
Khwaja Hasan Nizami
जन्म Hasan Nizami
6 January 1878
दिल्ली, India
मौत July 31, 1955
नई दिल्ली, India
उपनाम Hasan Nizami
पेशा Writer, Sufi
पदवी Khawaja
प्रसिद्धि का कारण Poetry, Sufi tariqa
उत्तराधिकारी Khwaja Hasan Sani Nizami
उल्लेखनीय कार्य {{{notable_works}}}