गंगा के बाँध एवं नदी परियोजनाएँ

फ़रक्का बांध (बैराज)संपादित करें

फ़रक्का बांध (बैराज) भारत के पश्चिम बंगाल प्रान्त में स्थित गंगा नदी पर बना एक बांध है। यह बांध बांगलादेश की सीमा से मात्र १० किलो मीटर की दूरी पर स्थित है।[1] इस बांध को १९७४-७५ में हिन्दुस्तान कन्स्ट्रक्शन कंपनी ने बनाया था। इस बांध का निर्माण कोलकाता बंदरगाह को गाद (silt) से मुक्त कराने के लिये किया गया था जो की १९५० से १९६० तक इस बंदरगाह की प्रमुख समस्या थी। कोलकाता हुगली नदी पर स्थित एक प्रमुख बंदरगाह है। ग्रीष्म ऋतु में हुगली नदी के बहाव को निरंतर बनाये रखने के लिये गंगा नदी की के पानी के एक बड़े हिस्से को फ़रक्का बांध के द्वारा हुगली नदी में मोड़ दिया जाता है। इस पानी के वितरण के कारण बांगलादेश एवम भारत में लंबा विवाद चला। गंगा नदी के प्रवाह की कमी के कारण बांगलादेश जाने वाले पानी की लवणता बड़ जाती थी और मछ्ली पालन, पेयजल, स्वास्थ और नौकायन प्रभावित हो जाता था। मिट्टी में नमी की कमी के चलते बांगलादेश के एक बड़े क्षेत्र की भूमी बंजर हो गयी थी। इस विवाद को सुलझाने के लिये दोनो सरकारो ने आपस में समझौता करते हुए फ़रक्का जल संधि की रूपरेखा रखी।[2]

चित्र:Farakka map.jpg
गंगा के चरम उत्कर्ष रूप; फरक्का बैराज, जहां से एक धारा कोलकाता को हुगली बन कर जाती है।

टिहरी बाँधसंपादित करें

टिहरी बाँध

टिहरी बाँध टिहरी विकास परियोजना का एक प्राथमिक बांध है जो की उत्तराखंड प्रान्त के टिहरी में स्थित है। यह बांध गंगा नदी की प्रमुख साहयोगी नदी भागीरथी पर बनाया गया है। टेहरी बांध की ऊचाई २६१ मीटर है जो इसे विश्व का पाँचवा सबसे ऊंचा बांध बनाती है। इस बांध से २४०० मेगा वाट विद्युत उत्पादन, २७०,००० हेक्टर क्षेत्र की सींचाई और प्रतिदिन १०२.२० करोड़ लीटर पेयजल दिल्ली, उत्तर प्रदेश एवम उत्तरांचल को उपलब्ध कराना प्रस्तावित है।

भीमगोडा बांधसंपादित करें

भीमगोडा बांध हरिद्वार में स्थित है। इस बांध को सन १८४० में अंग्रेजो ने गंगा नदी के पानी को विभाजित कर उपरी गंगा नहर में मोड़ने के लिये बनवाया था। यह बांध गंगा के जल मार्ग के लिये बहुत ही घातक सिद्ध हुआ। बांध के निर्माण के पूर्व ईस्ट इन्डिया कंपनी के जल पोत टिहरी जैसे उचाई पर स्थित शहरों तक आ सकते थे।[3]

सन्दर्भसंपादित करें

  1. Bangladesh : a country study. Washington, D.C.: Federal Research Division. १९८९. पृ॰ 306. मूल से 11 जुलाई 2015 को पुरालेखित. अभिगमन तिथि 2007-01-10.
  2. "फ़रक्का जल संधि". मूल से 26 अक्तूबर 2009 को पुरालेखित. अभिगमन तिथि 26 अक्तूबर 2009.
  3. गंगाजी Archived 13 फ़रवरी 2010 at the वेबैक मशीन. हरिद्वार का आधिकारिक जाल पृष्ठ