चक्रपाणि मिश्रा, महाराणा प्रताप के दरबारी पंडित थे। वह एक माथुर, ब्राह्मण थे और नासावारे चोब परिवार के थे | वे सिर्फ दरबारी पंडित ही नहीं थे, बल्कि महाराणा प्रताप के काफी अच्छे मित्र भी थे | उन्होंने महाराणा जी के साथ कई युद्ध लड़े, जिनमे से दिवेर-छापली का युद्ध, हल्दीघाटी का युद्ध प्रमुख है | उनकी पत्नी का नाम सौभाग्यवती था, उन्होंने महाराणा प्रताप के कहने पर कई किताबों का निर्माण भी किया, जिनमे से "मुहूर्तमाला", "व्यवहारदर्शा" "विश्व वल्लभ" और "राज्याभिषेक पद्धति" जैसे ग्रन्थ प्रसिद्ध हैं |[1]

सन्दर्भसंपादित करें

  1. महाराणा प्रताप के दरबारी पंडित चक्रपाणि मिश्र और उनका साहित्य:मुहूर्तमाला एवं राज्याभिषेक पद्धति का अनुवाद व समीक्षा। चक्रपाणि मिश्र महाराणा प्रताप स्मारक समिति, 2004