स्रोत :- नंद मौर्य राजवंश

ट्रोजन होर्स या ट्रोजन एक ऐसा प्रोग्राम है जो दिखने में तो सही अनुभव होता है, परन्तु यदि इसे चलाया जाता है तो इस के प्रभाव भयंकर होते है। इसका इस्तेमाल एक हैकर (Hacker) किसी पासवर्ड को तोडने के लिए कर सकता है। यह हार्ड डिस्क के सारे डेटा (Data) और प्रोग्राम को मिटा देता है। दूसरे किसी वायरस की तुलना में ट्रोजन खुद को अनुलिपि नहीं करता है। इसी की मदद से हैकर कंप्यूटर का नियंत्रण सुदूर बैठे दूसरे कंप्यूटर से कर सकता है।

उदहारणसंपादित करें

1949 में फ़ैलने वाला वायरस "बैक ओरिफाइस" एक ट्रोजन होर्स था। इसके इस्तेमाल से किसी कंसोल या जी.पी.आई. एप्लीकेशन में टी.सी.पी. (TCP) कनेक्शन द्वारा किसी दूरवर्ती स्थाबं से किसी कंप्यूटर पर नियंत्रण पाया जा सकता है।