दीमक (Termites) एक सामाजिक कीट है। इसकी कई जातियाँ हैं जो इसोप्टेरा (Isoptera) नामक जीववैज्ञानिक उपगण की सदस्य हैं। पहले यह समझा जाता था कि दीमक तिलचट्टों (कॉकरोच) से बिलकुल भिन्न हैं लेकिन वर्गानुवंशिक अध्ययन से पता चला है कि दीमक का क्रमविकास तिलचट्टों से ही हुआ है। इसलिए अब दीमक और तिलचट्टे दोनों को ब्लाट्टोडेया (Blattodea) नामक गण में सम्मिलित माना जाता है। दीमक हल्के पीले या भूरे रंग के कोमल कीट होते हैं। निवह अर्थात कॉलोनी में रहने वाले यह कीट सुव्यवस्थित जातियाँ या बहुरूपता (polymorphism) प्रदर्शित करते हैं। एक कॉलोनी में हजार से लेकर लाखों तक सदस्य पाए जा सकते हैं।[1][2][3]

दीमक
Termite
Coptotermes formosanus shiraki USGov k8204-7.jpg
फोर्मोसी भूमिगत दीमक
वैज्ञानिक वर्गीकरण
जगत: जंतु
संघ: आर्थ्रोपोडा (Arthropoda)
वर्ग: कीट (Insecta)
अधिगण: डिक्ट्योप्टेरा (Dictyoptera)
गण: ब्लाट्टोडेया (Blattodea)
अधःगण: इसोप्टेरा (Isoptera)
ब्रुले, 1832
कुल

विवरणसंपादित करें

प्रत्येक कॉलोनी में सैनिक कीट, कामगर या वर्कर कीट, निम्फ, तथा दोनों लिंगो के प्रजननशील सदस्य होते हैं। श्रमिक कीट बाम्बी या नेस्ट का निर्माण करते हैं। दीमक के आवासों में न केवल रहने का सुरक्षित प्रबंध होता है, बल्कि जल सरंक्षण की भी व्यवस्था होती है। दीमकों का प्रमुख आहार लकड़ी है। इनके जबड़े लकड़ी को काटने में सक्षम होते है। यह सेल्यूलोस व लिग्निन जैसे पदार्थों का पाचन कुछ सहजीवी प्रोटोजॉन्स की सहायता से कर लेते हैं। मनुष्य के लिए दीमक एक दुसाध्य पीड़क (pest) हैं। कुछ देशों में कुछ कबीलाई लोग दीमक को चाव से खाते हैं। दीमक की बाम्बी को स्वच्छ मीठे जल की उपस्थिति का द्योतक माना जाता है। भारत की "वृहत्संहिता" में वरहमिरि 507AD-587 AD ने इसका वर्णन किया है। हाल के जैव विकासीय इतिहास या फाइलोजेनेटिक अध्ययनों से संकेत मिलता है कि वे जुरासिक या ट्रायासिक के दौरान तिलचट्टे के करीब पूर्वजों से विकसित हुए थे। हालांकि, पहले दीमक संभवतः परमियन या कार्बोनिफ़ेरस के दौरान उभरे। इनकी लगभग 3,106 प्रजातियों के बारे में बताया गया है। दीमक मुख्य रूप से उष्णकटिबंधीय और उप-उष्णकटिबंधीय क्षेत्रों में लकड़ी और पादप पदार्थों का पुन: उपयोग करने वाले अत्यधिक पारिस्थितिक महत्व के कीट हैं।[4]

इन्हें भी देखेंसंपादित करें

सन्दर्भसंपादित करें

  1. Bignell, D.E.; Roisin, Y.; Lo, N. (2010). Biology of Termites: a Modern Synthesis (1st संस्करण). Dordrecht: Springer. आई॰ऍस॰बी॰ऍन॰ 978-90-481-3977-4.
  2. Schmid-Hempel, P. (1998). Parasites in Social Insects. New Jersey: Princeton University Press. आई॰ऍस॰बी॰ऍन॰ 978-0-691-05924-2.
  3. Weesner, F.M. (1960). "Evolution and Biology of the Termites". Annual Review of Entomology. 5 (1): 153–170. doi:10.1146/annurev.en.05.010160.001101.
  4. Busvine, J.R. (2013). Insects and Hygiene The biology and control of insect pests of medical and domestic importance (3rd ed.). Boston, MA: Springer US. p. 545. ISBN 978-1-4899-3198-6.