बानाफर एक भारतीय उपजाति है, जिसका मूल अहीर यादव जाति से है। इन्हें स्थानीय रूप से नथुनिया या बनाफर कहा जाता है। आल्हा और ऊदल इस समुदाय से थे और वे एक राजपूत राजा की सेना में प्रमुख या सेनापति थे। अल्फ हिल्टेबिटेल के अनुसार, ऊदल की उत्पत्ति भी कृष्ण की तरह ही एक अहीर व क्षत्रिय की तरह थी।[1] मध्य-काल में आल्हा-ऊदल की गाथा अहीर शौर्य का प्रतीक दर्शाती है।[2]

सन्दर्भसंपादित करें

  1. Hiltebeitel, Alf (2009). Rethinking India's Oral and Classical Epics: Draupadi among Rajputs, Muslims, and Dalits. University of Chicago Press. पृ॰ 163. आई॰ऍस॰बी॰ऍन॰ 9780226340555. मूल से 3 जून 2020 को पुरालेखित. अभिगमन तिथि 6 जून 2020.
  2. Yadava, S. D. S. (2006). Followers of Krishna: Yadavas of India. Lancer Publishers. पृ॰ 19. आई॰ऍस॰बी॰ऍन॰ 9788170622161. मूल से 5 जून 2020 को पुरालेखित. अभिगमन तिथि 2012-12-03.