माधव सिंह सोलंकी भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस दल के नेता हैं और भारत के पूर्व विदेश मंत्री रह चुके हैं।वे चार बार गुजरात के मुख्यमंत्री रहे है। उन्हें केएचएएम सिद्धांत के लिए जाना जाता है जिसके कारण वह १९८० के दशक[1] में गुजरात में सत्ता में आया थे।

माधवी सिंह सोलंकी

पद बहाल
२४ दिसंबर १९७६ – १० अप्रैल १९७७
पूर्वा धिकारी राष्ट्रपति शासन
उत्तरा धिकारी बाबूभाई जे. पटेल
पद बहाल
७ जून १९८० – ६ जुलाई १९८५
पूर्वा धिकारी राष्ट्रपति शासन
उत्तरा धिकारी अमरसिंह चौधरी
पद बहाल
१० दिसंबर १९८९ – ४ मार्च १९९०
पूर्वा धिकारी अमरसिंह चौधरी
उत्तरा धिकारी चिमनभाई पटेल

जन्म साँचा:जन्म तिथि और आयु १९२७
राजनीतिक दल भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस
बच्चे भरतसिंह माधवसिंह सोलंकी
धर्म हिन्दू

सन्दर्भसंपादित करें

  1. Team, Amar Ujala Digital (11 नवम्बर 2017). "गुजरात चुनाव: पटेलों के बीच माधव सिंह सोलंकी के शासन की याद ताजा कराएगी भाजपा- Amarujala". Amar Ujala. अभिगमन तिथि 19 दिसम्बर 2017.