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मुनिसुव्रतनाथ

बीसवें तीर्थंकर प्रभुजी
(मुनिसुव्रत जी से अनुप्रेषित)

मुनिसुव्रतनाथ या मुनिसुव्रत जैन धर्म के २० वें तीर्थंकर माने गए हैं। उनके पिता का नाम सुमित्र और माता का नाम पद्यावती था। ये भगवान राम के समकालीन माने गये हैं।उ नका जन्म राजगृह (राजगिर) और निर्वाण संमेदशिखर पर हुआ था। कछुवा उनका चिह्न बताया गया है। उनके समय में ९वें चक्रवर्ती महापद्य का जन्म हुआ जो विष्णुकुमार महापद्य के छोटे भाई थे। आगे चलकर विष्णुकुमार मुनि जैनधर्म के महा उद्धारक हुए। मुनि सुव्रतनाथ के समय में ही राम (अथवा पद्य) नाम के ८वें वासुदेव और रावण नाम के ८वें बलदेव, लक्ष्मण नाम के ८वें प्रतिवासुदेव का जन्म हुआ।

मुनिसुव्रतनाथ
बीसवें जैन तीर्थंकर
Muni Suvratnath.jpg
मुनिसुव्रतनाथ भगवान की प्रतिमा
विवरण
अन्य नाम मुनिसुव्रतनाथ जिन
शिक्षाएं अहिंसा
गृहस्थ जीवन
वंश हरिवन्श
पिता सुमित्र
माता पदमावती
पंचकल्याणक
जन्म कार्तिक शु० पू०
जन्म स्थान राजगृही
केवल ज्ञान राजगृह
मोक्ष चैत्र शु० ६
मोक्ष स्थान सम्मेद शिखर
लक्षण
रंग काला
चिन्ह कछुआ
ऊंचाई २० धनुष (६० मीटर)
आयु ३०,००० वर्ष
शासक देव
यक्ष वरुण
यक्षिणी नरदत्ता

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