विधिदर्शन (Philosophy of law) दर्शनशास्त्र तथा विधिशास्त्र की वह शाखा है जो 'कानून क्या है?', 'विधिक वैधता की कसौटी क्या है?', 'विधि तथा नैतिकता में क्या सम्बन्ध है?' आदि प्रश्नों पर विचार करती है।