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[[चित्र:Rechte-hand-regel.jpg|'''दक्षिणहस्त नियम'': सदिश '''a''' और '''b''' के सदिश गुणनफल की दिशा '''c''' की तरफ होगी। अर्थात सदिश गुणा किये जा रहे दो सदिश प्रथम दो अंगुलियों की दिशा में हों तो उनका गुननफल तीसरी अंगुली (मध्यमा) की दिशा में होगा।]]
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[[गणित]] (सदिश कैलकुलस) और [[भौतिकी]] में '''दक्षिणहस्त नियम''' (right-hand rule) एक बहु-उपयोगी स्मारक युक्ति (mnemonic) है जिसकी सहायता से [[सदिश राशि|सदिश राशियों]] (जैसे चुम्बकीय बल) की दिशा ज्ञात करने की सुविधा मिलती है। इसकायह प्रवर्तननियम ब्रिटिशतीन भौतिकशास्त्रीप्रकार जॉनसे फ्लेमिंगबताया नेजाता उन्नीसवींहै शताब्दीजो के अन्तिम दिनोंआपस में कीसम्बन्धित थी।हैं।
 
[[श्रेणी:विद्युतचुम्बकत्व]]