"राॅबर्ट वाॅशोप (ब्रिटिश नौसेना अधिकारी)": अवतरणों में अंतर

===टाइम बाॅल का आविश्कार===
समुद्र में सटीक [[नौवाहन]] के लिये [[देशान्तर रेखाएं|देशान्तरों]] की सटीक जानकारी अतीआवश्यक है और इस्के लिये ज़रूरी है की [[समुद्री कालमापी|समुद्री कालमापियों]] बिलकुल सटीक समय दिखाए।
सफ़र से पहले इसे ठीक से निर्धिरित करन ज़रूरी होता था, परंतू बिलकुल सटीक समय की जानकारी केवल वेधशालाओं में सौरवस्तुओं की स्थिती के अध्ययन से ही निकाली जा सकती थी। १८१८ में राॅबर्ट की इस क्षेत्र में कार्य करने की उत्सुक्ता जागी जिस से दूर सेही समुद्री जहाज़ों को सही समय के संकेत से अवगत कराया जा सके। इसी कार्य के लिये राॅबर्ट ने [[टाइम बाॅल]] का आविश्कार किया जो मूलतः एक बड़ा गोलाकार गेंद(टाइम बाॅल) जिसे एक राॅड पर सटीक निर्धारित समय पर ऊपर से नीचे तक हिलाया जा सकता था। राॅबर्ट ने अपने शीर्षाधिकार को अपनी इस युक्ती के बारे में बताया। विष्व के पहले टाइम बाॅल को परीक्षण के लिये [[पोर्ट्स्माउथ]], [[इंग्लैंड]] में १८२९ में स्थापित किया गया था, जो अपने काम में काफ़ी रफ़ल रहा। इसके बाद धीरे-धीरे [[यूको]] और वश्व के अन्य बंदरगाहों पर भी इसे लगा दिया गया। इसी सिलसिले में एक टाइम बाॅल को [[ग्रीनविच की शाही वेधशाला]] में भी [[शोधकर्ता]] [[जाॅन पौन्ड]] द्वारा लगाया गया, जो आज भी, हर रोज़, एक बजे अपने मानक स्थान से नीचे गिरती है। वाॅशोप ने सफलतापूर्वक, फ़्रान्सिसी और अमेरिकी राजदूत के समक्ष, इस योजना को प्रस्तुत किया और इसी के साथ [[अमरीका]] की पहली ताइम बाॅल को [[वाॅशिंग्टन डी॰सी॰]] की '''अमरीकी नौवाहन वेधशाला''' में स्थापित किया गया। हालांकी यह तकनीक अब गतकालीन एवं निर्कार्यशील हो गई है, परंतू कई जगहों पर इसे अब भी देखा जा सकता हैहै।<ref name=AUB>David Aubin [http://books.google.co.uk/books?id=9EKzLQL3RQEC&pg=PA164&dq=Robert+Wauchope+time+ball&hl=en&ei=BBIYTe6mLNCGhQehyJi3Dg&sa=X&oi=book_result&ct=result&resnum=2&ved=0CCkQ6AEwAQ#v=onepage&q=Robert%20Wauchope%20time%20ball&f=false The Heavens on Earth: Observatories and Astronomy in Nineteenth-Century Science and Culture] Duke University Press, 2010</ref>
 
==मृत्यु और वीरासत==