"ऊष्मीय शक्ति संयंत्र" के अवतरणों में अंतर

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थर्मल पावर संयंत्रों को प्रयुक्त ईंधन के प्रकार के आधार पर वर्गीकृत किया जाता है
* '''न्यूक्लियर पावर संयंत्रों''' में भाप टरबाइन जेनेरेटर को चलाने के लिए न्यूक्लियर रिएक्टर की ऊष्मा का प्रयोग होता है।
* '''फॉसिल ईंधन पावर संयंत्रों''' में भाप टरबाइन जेनेरेटर का भी प्रयोग किया जाता है या प्राकृतिक गैस संयंत्रों में दहन टरबाइन का प्रयोग किया जा सकता है।
* '''जिओथर्मल पावर संयंत्रों''' में भूमिगत तप्त चट्टानों से निकली भाप का प्रयोग किया जाता है
* '''नवीकरणीय ऊर्जा संयंत्रों''' में गन्ने, नगर ठोस अपशिष्ट, लैंडफिल मीथेन या अन्य प्रकार के बायोमास से उत्पन्न कचड़े से ईंधन तैयार किया जा सकता है।
* '''एकीकृत इस्पात मिलों''' में धमन भट्टी निकास गैस कम लागत की होती है हालांकि यह कम ऊर्जा- घनत्व ईंधन वाली होती हैं।
* '''औद्योगिक प्रक्रियाओं से निकली अपशिष्ट ऊष्मा''' कभी-कभी इतनी संकेंद्रित हो जाती है कि उसका प्रयोग विद्युत ऊपादन के लिए और प्रायः भाप बॉयलर और टरबाइन के लिए किया जाता है।