"राग गौड़सारङ्ग" के अवतरणों में अंतर

999 बैट्स् जोड़े गए ,  2 वर्ष पहले
सम्पादन सारांश रहित
(शीघ्र हटाने का नामांकन (शीह व1)। (TW))
[[गौड़ सारंग]], [[भारतीय संगीत]] का एक [[राग]] है। इसके गायन का समय दोपहर (मध्याह्न काल) है।
{{शीह-अर्थहीन}}
उस्ताद अब्दुल गनी खां साहब
'''ठाठ''' - कल्याण (मतान्तर में कई लोग इसे विलावल ठाठ से उत्पन्न भी मानते हैं)
 
वादी - ग
 
संवादी- ध
 
जाति- सम्पूर्ण (*वक्र सम्पूर्ण- अर्थात आरोह व अवरोह में सभी स्वरों का प्रयोग *वक्र होता है)
 
 
;विशेषताएं -
* तीव्र म का अल्प प्रयोग केवल आरोह में प के साथ ही होता है।
* नि का प्रयोग भी अल्प है।
* ' प रे' स्वर संगति का बहुतायत से प्रयोग किया जाता है।
 
[[श्रेणी:राग]]