मुख्य मेनू खोलें

बदलाव

522 बैट्स् जोड़े गए ,  1 वर्ष पहले
सम्पादन सारांश रहित
'''कोशल''' प्राचीन भारत के १६ [[महाजनपद|महाजनपदों]] में से एक था। इसका क्षेत्र आधुनिक [[गोरखपुर]] के पास था। इसकी राजधानी [[श्रावस्ती]] थी। चौथी सदी ईसा पूर्व में [[मगध]] ने इस पर अपना अधिकार कर लिया। गोंडा के समीप सेठ-मेठ में आज भी इसके भग्नावशेष मिलते हैं। कंस भी यहाँ का शासक रहा जिसका संघर्ष निरंतर काशी से होता रहा और अंत में कंस ने काशी को अपने आधीन कर लिया।<ref>{{cite book |last=नाहर |first= डॉ रतिभानु सिंह|title= प्राचीन भारत का राजनैतिक एवं सांस्कृतिक इतिहास |year= 1974 |publisher= किताबमहल|location= इलाहाबाद, भारत|id= |page= 112|editor: |accessday= 19|accessmonth=मार्च| accessyear=2008}}</ref>
चौथी शताब्दी ईसा पूर्व में यहां का प्रमुख नगर हुवा करता था साकेतनगर (वर्तमान अयोध्या) परंतु मौर्य साम्राज्य के अंत मे पुष्पमित्र शुंग ने इसका नाम बदल कर अयोध्या कर दिया जो तथाकथित राम की जन्मभूमि है।<ref>{{cite book |last=नाहर |first= डॉ रतिभानु सिंह|title= प्राचीन भारत का राजनैतिक एवं सांस्कृतिक इतिहास |year= 1974 |publisher= किताबमहल|location= इलाहाबाद, भारत|id= |page= 112|editor: |accessday= 19|accessmonth=मार्च| accessyear=2008}}</ref>
 
== सन्दर्भ ==
3

सम्पादन