"पाइक विद्रोह" के अवतरणों में अंतर

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(1857 का स्वाधीनता संग्राम जिसे सामान्य तौर पर भारत का पहला स्वतंत्रता संग्राम माना जाता है, उसे पाठ्यपुस्तकों में बदलने की तैयारी की जा रही है. अब 1857 की क्रांति से पहले हुआ 1817 का पाइका विद्रोह पहला संग्राम माना जाएगा. केंद्रीय मानव संसाधन मंत्री प्रकाश जावडेकर ने कहा है कि 1817 के पाइका विद्रोह को अगले सत्र से इतिहास की पाठ्य पुस्तकों में 'प्रथम स्वतंत्रता संग्राम' के रुप में स्थान मिलेगा. आइए जानते हैं क्या है पाइका बिद्रोह. 1817 में ओडिशा में हुए पाइका बिद्रोह ने पूर्वी भारत में कुछ सम...)
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[[चित्र:Buxi Jagabandhu Statue.jpg|अंगूठाकार|बक्शी जगबन्धु]]
'''पाइक विद्रोह''' (१८१७1817 ई.) [[उड़ीसा]] में [[ब्रिटिश ईस्ट इंडिया कंपनी]] के शासन के विरुद्ध एक सशस्त्र विद्रोह था। [[पाइक लोग|पाइक लोगों]] ने [[भगवान जगन्नाथ]] को उड़िया एकता का प्रतीक मानकर [[बक्सि जगबन्धु]] के नेतृत्व में १८१७1817 ई. में यह विद्रोह शुरू किया था। शीघ्र ही यह आन्दोलन पूरे उड़ीसा में फैल गया किन्तु अंग्रेजों ने निर्दयतापूर्वक इस आन्दोलन को दबा दिया। बहुत से वीरों को पकड़ कर दूसरे द्वीपों पर भेज कर कारावास का दण्द दे दिया गया। बहुत दिनों तक वन में छिपकर बक्सि जगबन्धु ने संघर्ष किया किन्तु बाद में आत्मसमर्पण कर दिया।
 
कुछ इतिसकार इसे 'भारत का प्रथम स्वतन्त्रता संग्राम' की संज्ञा देते हैं।
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