"समाज" के अवतरणों में अंतर

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[[श्रेणी:समाज]]
[[श्रेणी:सांस्कृतिक इतिहास]]
 
विश्व में अधिकांश मनुष्य अपने संस्कृति और समाजिक परिवेश के अनुसार जीवनयापन करते है ।
 
परन्तु कुछ मनुष्य असभ्यता और आसमाजिकता से जीवनयापन करते है :::::
समझौता == कुछ मनुष्य अपने जीवनसाथी बच्चे रिश्तेदारों और कार्यक्षेत्र में उपस्थित अश्लील व्यक्तित्व हिंसक प्रवृति के लोगों से प्रताड़ित रहते हुए भी जीवनयापन उनके ही बीच करते है ।
बेरोजगारी == अधिकांश मनुष्य अपने परिवारिक सम्पन्नता और प्रतिष्ठता के कारण छोटे काम धंधा नहीं करते कुछ शिक्षा किसी कार्य में अयोग्य होने के कारण बेरोजगार रहते है परन्तु मनुष्य को वक्त के साथ समझौता करना ही पड़ता है चाहे समाज में छोटे मोटे काम धंधा भी क्यो ना करना पड़े यही जीवन है ।
अनैतिकता == समाज में ऐसे भी मनुष्य है जो प्रेम प्रसंग सम्बन्ध कही भी किसी के साथ भी करते है उन्हें घर परिवार समाज में किसी भी प्रकार का शर्मिंदा नहीं महसूस करते है कुछ तो किसी भी स्थान पर गली गलोच मारपीट लडाई झगड़े करते है ।
सहनशीलता === कुछ मनुष्य छेड़छड घर परिवार वालों का हिंसा सहन करते भी जीवनयापन करते है ।
आत्महत्या === कुछ मनुष्य घर परिवार लोगों व अपने गरीबी असफलता से परेशान या त्रस्त होकर आत्महत्या भी कर लेते है ।
 
सभी मनुष्यों के संस्कृति रहन सहन भिन्न है इसलिए किसी को किसी की प्रेम प्रसंग रहन सहन खानपान पहनावा असभ्य और आसमाजिक लग सकती है स्वयं के संस्कृति सोच विचार के कारण लोगों में एक दूसरे के दिनचार्य जीवनशैली और जीवनी में बहुत अंतर हो सकता है ।
 
परन्तु कुछ लोग समाज में स्वयं के कई प्रेम प्रसंग को उजागर होने नहीं देते है तथा स्वयं को विनम्र शालीन सभ्य दिखते है ऐसे ही लोग समाज में सबसे निच तुच्छ है क्योंकि समाज में मनुष्य जो है उसे उजागर कर देना चाहिए कोई भी किसी के भी निजी जीवन में हस्तक्षेप नहीं करता क्योंकि सभी अपने संसारिक जीवन में व्यस्त रहते है अधिकांशता प्रेमी और प्रेमिका के मध्य गलतफेमी रहती है की वहां कैसा है इसका जवाब बस इतना है की तुम जैसे हो वहां भी वैसा ही है ।
शिल === बौद्ध धर्म का एक शब्द है जिसका अर्थात है किसी के भी निजी जीवन निजी सोच विचार में हस्तक्षेप नहीं करना चाहिए ।