"इन्दिरा गांधी" के अवतरणों में अंतर

छो
Link Spamming
छो (आप इनके व्यवस्थित लेख इंद्रा गाँधी की जीवनी को भी पढ़ सकते हे।)
छो (Link Spamming)
टैग: प्रत्यापन्न
1950 के दशक में वे अपने पिता के भारत के प्रथम प्रधानमंत्री के रूप में कार्यकाल के दौरान गैरसरकारी तौर पर एक निजी सहायक के रूप में उनके सेवा में रहीं। अपने पिता की मृत्यु के बाद सन् 1964 में उनकी नियुक्ति एक [[राज्यसभा]] सदस्य के रूप में हुई। इसके बाद वे [[लालबहादुर शास्त्री]] के मंत्रिमंडल में सूचना और प्रसारण मत्री बनीं।<ref>गाँधी, इंदिरा .1982 ''माई ट्रूथ / मेरी सच्चाई ''</ref>
 
[[लालबहादुर शास्त्री]] के आकस्मिक निधन के बाद तत्कालीन [[भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस|काँग्रेस पार्टी]] अध्यक्ष [[के. कामराज]] इंदिरा गांधी को प्रधानमंत्री बनाने में निर्णायक रहे। गाँधी ने शीघ्र ही चुनाव जीतने के साथ-साथ [[जनप्रियता]] के माध्यम से विरोधियों के ऊपर हावी होने की योग्यता दर्शायी। वह अधिक बामवर्गी आर्थिक नीतियाँ लायीं और कृषि उत्पादकता को बढ़ावा दिया। [[१९७१ का भारत-पाक युद्ध|1971 के भारत-पाक युद्ध]] में एक निर्णायक जीत के बाद की अवधि में अस्थिरता की स्थिती में उन्होंने सन् 1975 में [[आपातकाल]] लागू किया। उन्होंने एवं काँग्रेस पार्टी ने 1977 के आम चुनाव में पहली बार हार का सामना किया। सन् 1980 में सत्ता में लौटने के बाद वह अधिकतर [[पंजाब (भारत)|पंजाब]] के [[अलगाववाद|अलगाववादियों]] के साथ बढ़ते हुए द्वंद्व में उलझी रहीं जिसमे आगे चलकर सन् 1984 में अपने ही अंगरक्षकों द्वारा उनकी राजनैतिक हत्या हुई। आप इनके व्यवस्थित लेख [https://www.contentinhindi.com/2019/11/indra-gandhi-ji.html इंद्रा गाँधी की जीवनी] को भी पढ़ सकते हे।
 
== प्रारम्भिक जीवन ==
 
== बाहरी कड़ियाँ ==
* [http://in.jagran.yahoo.com/news/national/politics/5_2_4999489.html शक्ति व मुक्ति की प्रतीक इंदिरा] (जागरण)
*[https://www.contentinhindi.com/2019/11/indra-gandhi-ji.html इंद्रा गाँधी की जीवनी]
*[http://in.jagran.yahoo.com/news/national/politics/5_2_4999489.html शक्ति व मुक्ति की प्रतीक इंदिरा] (जागरण)
* [http://www.nytimes.com/learning/general/onthisday/bday/1119.html निधन-सूचना, न्यूयार्क टाईम्स, 1 नवम्बर 1984" भारत में राजनैतिक ह्त्या:एक नेता इच्छाशक्ति से परिपूर्ण ; इंदिरा गाँधी, राजनीती के लिए जन्मी और भारत पर अपना छाप छोड़ गयीं"]
* [http://www.sikhfauj.com/blogs/29/Indira_Ghandi/ इंदिरा की एक झलक]