"राव जोधा": अवतरणों में अंतर

7 बाइट्स जोड़े गए ,  2 वर्ष पहले
छो (बॉट: पुनर्प्रेषण ठीक कर रहा है)
| title = जोधपुर के संस्थापक
| image = [[चित्र:Rao_Jodha.jpg|180px]]
| reign = 1540– 15971438-1489
| coronation =
| predecessor = राव रणमल
 
== इतिहास ==
मेवाड़ का शासन कार्य भी इनकी सहमति से चलता था अतः मेवाड़ के कुछ सरदार इनसे अप्रसन थे और इन्होने मेवाड़ नरेश [[महाराणा कुम्भा]] व उनकी माता सोभाग्य देवी को राव रणमल जी के विरुध बहका दिया |वि॰सं॰ 1495(1438 AD) में एक साजिश के तहत गहरी निंद में सोये राव रणमल को मार डाला गया व रावत चुडा लाखावत सिसोदिया के नेत्रत्व में मेवाड़ की सेना मंडोर पर आक्रमण कर मारवाड़ राज्य पर अधिकार जमा लिया |अपने पिता के निधन के साथ ही राव जोधा का पेत्रक राज्य भी हाथ से निकल गया, लेकिन राव जोधा ने यह कभी नहीं भुला की धरती वीरों की वधु होती है और युद्ध क्षत्रिय का व्यवसाय |
 
वसुन्धरा वीरा रि वधु, वीर तीको ही बिन्द |
2

सम्पादन