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{{ज्ञानसन्दूक|title = आधुनिक संगणक
|image = <div style="white-space:nowrap;">
[[File:Acer Aspire 8920 Gemstone by Georgy.JPG|x81px|[http://लैपटॉपhttps://www.informativeankit.in/2020/05/become-computer-expert-in-few-minutes.html लैपटॉप]]][[File:Columbia Supercomputer - NASA Advanced Supercomputing Facility.jpg|x81px|नासा की एक प्रयोगशाला मे रखा हुआ कोलम्बिया सुपर संगणक]][[File:Intertec Superbrain.jpg|x81px]]<br />[[File:2010-01-26-technikkrempel-by-RalfR-05.jpg|x79px]][[File:Thinking Machines Connection Machine CM-5 Frostburg 2.jpg|x79px]][[File:G5 supplying Wikipedia via Gigabit at the Lange Nacht der Wissenschaften 2006 in Dresden.JPG|x79px]]<br />[[File:DM IBM S360.jpg|x77px]][[File:Acorn BBC Master Series Microcomputer.jpg|x77px]][[File:Dell PowerEdge Servers.jpg|x77px]]}}
 
'''[https://www.informativeankit.in/2020/05/become-computer-expert-in-few-minutes.html कंप्यूटर]''' (अन्य नाम - '''संगणक''', '''परिकलक'''; वस्तुतः एक अभिकलक यंत्र (programmable machine) है जो दिये गये गणितीय तथा तार्किक संक्रियाओं को क्रम से स्वचालित रूप से करने में सक्षम है। इसे [[अंकगणित|अंक गणितीय]], तार्किक क्रियाओं व अन्य विभिन्न प्रकार की गणनाओं को सटीकता से पूर्ण करने के लिए योजनाबद्ध तरीके से निर्देशित किया जा सकता है। चूंकि किसी भी कार्य योजना को पूर्ण करने के लिए निर्देशो का क्रम बदला जा सकता है इसलिए संगणक एक से ज्यादा तरह की कार्यवाही को अंजाम दे सकता है। इस निर्देशन को ही कम्प्यूटर प्रोग्रामिंग कहते है और संगणक [[कम्प्यूटर प्रोग्रामिंग भाषा]] की मदद से उपयोगकर्ता के निर्देशो को समझता है। यांत्रिक संगणक कई सदियों से मौजूद थे किंतु आजकल अभिकलित्र से आशय मुख्यतः बीसवीं सदी के मध्य में विकसित हुए विद्दुत चालित अभिकलित्र से है। तब से अबतक यह आकार में क्रमशः छोटा और संक्रिया की दृष्टि से अत्यधिक समर्थ होता गया हैं। अब अभिकलक घड़ी के अन्दर समा सकते हैं और [[विद्युत कोष]] (बैटरी) से चलाये जा सकते हैं। निजी अभिकलक के विभिन्न रूप जैसे कि [[सुवाह्य संगणक]], टैबलेट आदि रोजमर्रा की जरूरत बन गए हैं।
 
परंपरागत संगणकों में एक केंद्रीय संचालन इकाई ([[सीपीयू ]]) और सूचना भण्डारण के लिए [[संगणक स्मृति|स्मृति]] होती है। संचालन इकाई अंकगणित व तार्किक गणनाओ को अंजाम देती है और एक अनुक्रमण व नियंत्रण इकाई स्मृति में रखे निर्देशो के आधार पर संचालन का क्रम बदल सकती है। परिधीय या सतह पे लगे उपकरण किसी बाहरी स्रोत से सूचना ले सकते है व कार्यवाही के फल को स्मृति में सुरक्षित रख सकते है व जरूरत पड़ने पर पुन: प्राप्त कर सकते हैं।
[[एकीकृत परिपथ]] पर आधारित आधुनिक संगणक पुराने जमाने के संगणकों के मुकबले करोड़ो अरबो गुना ज्यादा समर्थ है और बहुत ही कम जगह लेते है। <ref>पुराने संगणक जैसे की [[Colossus computer|कोलोसस]] और [[एनिअक]] प्रति क्षण ५ से १०० क्रिया कलाप कर सकता था। एक आधुनिक “[[उत्पाद|बिकने वाला]]” [[माइक्रोप्रोसेसर]] (२००७ तक) प्रति छ्ण अरबों क्रिया कलाप कर सकते है, और इनमे से अधिकतर कार्य पहले के संगणकों के द्वारा किये जाने वाले कार्यो की तुलना में कही ज्यादा कठिन और उपयोगी होते हैं।
{{cite web
|url=http://www.intel.com/cd/channel/reseller/asmo-na/eng/products/mobile/processors/core2duo_m/feature/index.htm
|url=https://www.informativeankit.in/2020/05/become-computer-expert-in-few-minutes.html
|title=Intel Core2 Duo Mobile Processor: Features
|प्रकाशक=[https://www.informativeankit.in/2020/05/become-computer-expert-in-few-minutes.html Intel Corporation]
|accessdate=20 June 2009}}</ref> सामान्य संगणक इतने छोटे होते है कि [[मोबाइल फ़ोन]] में भी समा सकते है और [[मोबाइल कम्प्यूटिंग|मोबाइल संगणक]] एक छोटी सी [[विद्युत कोष]] (बैटरी) से मिली ऊर्जा से भी काम कर सकते है। ज्यादातर लोग “संगणकों” के बारे में यही राय रखते है कि अपने विभिन्न स्वरूपों में [[व्यक्तिगत संगणक]] [[सूचना प्रौद्योगिकी]] युग के नायक है। हालाँकि [[सन्निहित संगणक]] (embedded system) जो कि ज्यादातर उपकरणों जैसे कि आंकिक [[श्रव्य वादक|एम.पी.३ वादक]], [[वायुयान]] व खिलौनों से लेकर औद्योगिक मानव यन्त्र में पाये जाते है लोगो के बीच ज्यादा प्रचलित है।
[[File:Personal Computer 774.JPG|thumb|पर्सनल कंप्यूटर ७७४ ]]
 
==शब्द व्युत्पत्ति==
'''कंप्यूटर''' शब्द का प्रथम प्रयोग वर्ष १६१३ में अंग्रेज लेखक रिचर्ड ब्रेथवेट की पुस्तक '"द यंग मैन ग्लीनिंग्स"' में पाया गया। ''मैंने समय के सबसे सही '''कम्प्यूटरों''' को और धरा पे जन्मे सर्वोत्तम अंक गणितज्ञ को पढ़ा है।'' <ref>''I haue read the truest computer of Times, and the best Arithmetician that euer breathed, and he reduceth thy dayes into a short number.'' [[:en: Computer#Etymology|अंग्रेजी version]] {{cite web|url=httpshttp://wwwcourses.informativeankitischool.inberkeley.edu/i103/2020f07/05slides/become-computer-expert-in-few-minutesHofI07_Computers.htmlpdf|title=द यंग मैन ग्लीनिंग्स|author=रिचर्ड ब्रेथवेट|publisher = अज्ञात|accessdate=22 February 2015}}</ref> यह उस व्यक्ति के बारे में बताता है जो गणनाएँ (computations) करता था, तभी से यह शब्द २०वी शताब्दी के मध्य तक इस सन्दर्भ में हूबहू प्रयोग होता आ रहा है। उन्नीसवी शताब्दी के अंत से इस शब्द ने और ज्यादा व्यवहारिक रूप ले लिया, यानी कि वो यन्त्र जो गणनाएँ करता है।
 
[[भारत सरकार]] के [[वैज्ञानिक तथा तकनीकी शब्दावली आयोग]] ने 'computer' के लिए [[हिन्दी]] में निम्नलिखित शब्द सुझाए हैं-
[[चित्र:Os_d%27Ishango_IRSNB.JPG|thumb|right|100px|इशांगो कि हड्डी
यांत्रिक रेखीय संगणक|यांत्रिक रेखीय (एनालॉग) संगणकों का प्रादुर्भाव प्रथम शताब्दी में होना शुरू हो गया था जिन्हे बाद में मध्यकालीन युग में खगोल शास्त्रीय गणनाओ के लिए इस्तेमाल भी किया गया। यांत्रिक रेखीय संगणकों को [[द्वितीय विश्व युद्ध|द्धितीय विश्व युद्ध]] के दौरान विशेषीकृत सैन्य कार्यो में उपयोग किया गया। इसी समय के दौरान पहले विद्दुतीय [[डिजिटल सर्किट|अंकीय परिपथ]] वाले संगणको का विकास हुआ। प्रारम्भ में वो एक बड़े कमरे के आकार के होते थे और आज के आधुनिक सैकड़ों [[व्यक्तिगत संगणक|निजी संगणकों]] <ref>१९४६ में , ENIAC को लगभग १७४ किलोवॉट बिजली की जरूरत होतो थी। इसकी तुलना में, एक आधुनिक [[लैपटॉप]] संगणक को लगभग ३० वॉट बिजली की जरूरत होती है मतलब लगभग ६००० गुना कम।
{{cite web|url=httpshttp://www.informativeankitupenn.inedu/2020computing/05provider/become-computer-expert-in-few-minutesdocs/hardware/powerusage.html|title=ऍप्रोक्सिमेट डेस्कटॉप & नोटबुक पॉवर यूज़ेज|publisher: पेंसिलवेनिया विश्वविद्दालय|accessdate=20 June 2009}}</ref> के बराबर बिजली का उपभोग करते थे।
पहली इलेक्ट्रॉनिक अंकीय संगणक यूनाइटेड किंगडम और [[संयुक्त राज्य अमेरिका]] में 1940 और 1945 के बीच विकसित किया गया।
 
गणनाएँ करने के लिये यन्त्रो का इस्तेमाल हज़ारो वर्षो से होता आ रहा है खासकर उग्लियो से गिनती करने वाले उपकरणो का। शुरुवाती गणन यन्त्र सम्भवत: मिलान छड़ी|वो लकड़ी जिस पर गिनती के लिये दांत खोदे गये हो या [[:en:Tally stick|मिलान छड़ी]] का एक रूप थी। बाद में [[उर्वर अर्धचंद्र|मध्य पूर्व में उपजाऊ भूमि के एक भौगोलिक क्षेत्र]] जो कि आकार में अर्द्ध चंद्र जैसा दिखता है में अभिलिेखो को रखने के लिए ''कॅल्क्युली'' (मिटटी के गोले, शंकु) का इस्तेमाल होता रहा जो की अधपके और खोखले मिटटी के बर्तनो में रखा होता था। इनका उपयोग सामान की गिनती (अधिकतर पशुधन व अनाज) दर्शाने के लिए किया जाता था। <ref>[httpshttp://wwwsites.informativeankitutexas.inedu/2020dsb/05/become-computer-expert-in-few-minutes.html डेनिस स्क्मान्त-बेस्सेरत|1981] के अनुसार, इन मिट्टी के बर्तनो में निशान होते थे जिनका कुल जोड स्थानान्तरित हो रहे सामान की गिनती होती थी। इस तरह से ये बर्तन किसी बही-खाते का काम करते थे। इन बर्तनो को खुल्कर टूटने से बचाने के लिए पहले निशान कि छाप बर्तन के बाहर बना दी जाती थी, फिर गिनती के लिए छाप के आकार को उस शैली के मोहर पर निकाल लिया जाता था और अंत में निकाले हुए चिन्हों को क्रमानुसार संख्याओं के तरह उपयोग किया जाता था। यही अंक अन्तत: संख्या के रूप मे साम्ने आए। अंततोगत्वा ([http://www.laits.utexas.edu/ghazal/Chap1/dsb/chapter1.html स्क्मान्त-बेस्सेरत के आकलन के अनुसार इसे ४००० वर्ष लगे।]) गिनती की संख्या बताने के लिए जितने चिन्हों की जरूरत होती थी वो बर्तनों के बाहर बने होते थे, और मिट्टी के ये बर्तन बाद मे गिनती के चिन्ह बने हुए मिट्टी की गोलियो के रूप मे विकसित हुए।</ref><ref>{{Citation|first=एलेनॉर|last=रौब्सन|year=२००८|title= प्राचीन इराक में गणित {{en}}|publisher=|isbn=978-0-691-09182-2}}. p.5: इराक़ में प्राथमिक लेखा पद्धति के साथ उत्पाद विशिश्ट की गणना प्रतिरूप प्रणाळी के लिए ३२००–३००० ईसा पूर्व में कॅल्क्युली का उपयोग। संतुलित लेखा-बही ३०००–२३५० ईसा पूर्व तक प्रयोग होना शुरु हो गई थी और एक [[सेक्साजेसिमल संख्या प्रणाली]] २३५०–२००० ईसा पूर्व तक इस्तेमाल होना शुरु हो गई थी।</ref> गिनती की छड़े|गिनती की छड़ों का उपयोग इसका एक उदहारण है।
 
[[File:Abacus 6.png|thumb|left|स्वन पन (इस गिनतारे पर प्रदर्शित हो रही संख्या है ६,३०२,७१५,४०८)]]
प्राचीन और मध्ययुगीन कालों में खगोलीय गणनाओं के निष्पादन के लिए कई [[अनुरूप अभिकलित्र|एनालॉग कंप्यूटरों]] का निर्माण किया गया था। इनमें शामिल हैं प्राचीन ग्रीस की एंटिकिथेरा प्रक्रिया और एस्ट्रॉलैब (लगभग 150-100 ईसा पूर्व), जिन्हें आम तौर पर सबसे प्रारंभिक ज्ञात यांत्रिक एनालॉग कंप्यूटर माना जाता है।<ref>{{harvnb|Lazos|1994}}</ref> एक या अन्य प्रकार की गणनाओं के निष्पादन के लिए इस्तेमाल किये जाने वाले यांत्रिक उपकरणों के अन्य प्रारंभिक संस्करणों में शामिल हैं प्लेनिस्फेयर और अबू रेहान अल बिरूनी (Abū Rayhān al-Bīrūnī) (लगभग 1000 ईसा पश्चात्) द्धारा आविष्कृत अन्य यांत्रिक संगणन उपकरण; अबू इसहाक इब्राहिम अल ज़र्काली (Abū Ishāq Ibrāhīm al-Zarqālī) (लगभग 1015 ईसा पश्चात्) द्वारा आविष्कृत इक्वेटोरियम और यूनिवर्सल लैटिट्यूड-इंडिपेंडेंट एस्ट्रोलेबल; अन्य मध्ययुगीन मुस्लिम खगोलविदों और इंजीनियरों के खगोलीय एनालॉग कंप्यूटर; और सोंग राजवंश के दौरान सू सोंग (लगभग 1090 ईसा पश्चात्) का खगोलीय क्लॉक टावर।
 
अल जजारी द्वारा 1206 में आविष्कृत एक खगोलीय घड़ी को सबसे पहला [[प्रोग्रामिंग|प्रोग्राम योग्य]] रेखीय संगणक माना जाता है।<ref name="Ancient Discoveries">{{citation|title=[[प्राचीन आविश्कार]], एपिसोड ११: एन्सिएंट रोबोट्स|publisher=[[हिस्ट्री (टीवी चैनल)|हिस्ट्री चैनल]]|url=httpshttp://www.informativeankityoutube.incom/2020/05/become-computer-expert-in-few-minutes.htmlwatch?v=rxjbaQl0ad8|accessdate=6 सितंबर 2008}}</ref> यह राशि चक्र, सूर्य और चंद्रमा की कक्षाओं को दर्शाती थी, इसमें एक अर्द्ध-चंद्राकार सूचक एक संपूर्ण प्रवेश द्वारा से होकर गुजरती थी जिसके कारण हर [[घंटा|घंटे]] पर स्वचालित द्धार खुल जाते थे<ref>हावर्ड आर. टर्नर (1997), ''साइंस इन मेडिएवल इस्लाम: एन इलस्ट्रेटेड इंट्रोडक्शन'', पृष्ठ 184, टेक्सास विश्वविद्द्यालय के प्रेस, आई०एस०बी०एन० 0-292-78149-0</ref><ref name="Hill2">{{citation|title= "मेकैनिकल इंजीनियरिंग इन दी मेडिएवल नियर ईस्ट"|author=डोनाल्ड रूटलेज हिल|publisher=''साइंटिफिक अमेरिकन''|accessdate=1 मई 1991}}, पृष्ठ 64-9. (सीएफ. डोनाल्ड रूटलेज हिल, [httpshttp://wwwhome.informativeankitswipnet.inse/2020islam/05articles/become-computer-expert-in-few-minutesHistoryofSciences.htmlhtm मैकेनिकल इंजीनियरिंग])</ref> और पांच [[रोबोट|रोबोटिक]] संगीतकार जो एक [[पनचक्की|पानी के पहिये (वाटर व्हील)]] से जुड़े कैमशाफ्ट द्वारा संचालित [[उत्तोलक|लीवरों]] द्वारा मारे जाने पर संगीत बजा दिया करते थे। दिन और रात की लंबाई को वर्ष भर में दिन और रात की बदलती लंबाइयों के लिए उपयुक्त बनाने के क्रम में हर दिन फिर से प्रोग्राम किया जा सकता है।<ref name="Ancient Discoveries"/>
 
===संगणक के विकास का संक्षिप्त इतिहास===
 
* '''1623 ई.''': [https://www.informativeankit.in/2020/05/become-computer-expert-in-few-minutes.html जर्मन गणितज्ञ विल्हेम शीकार्ड ने प्रथम यांत्रिक कैलकुलेटर का विकास किया। यह कैलकुलेटर जोड़ने, घटाने, गुणा व भाग में सक्षम था।]
 
* '''1642 ई.''': फ्रांसीसी गणितज्ञ [[ब्लेज़ पास्कल]] ने जोड़ने व घटाने वाली मशीन का आविष्कार किया।
* '''2005 ई.''': एप्पल ने घोषणा की कि वह 2006 से अपने मैकिंटोश कम्प्यूटरों में [[इंटेल]] माइक्रोप्रोसेसरों का प्रयोग आरंभ कर देगा।
 
<gallery caption="[https://www.informativeankit.in/2020/05/become-computer-expert-in-few-minutes.html विभिन्न प्रकार के कम्प्यूटर]" mode="packed">
File:Rechenzentrum-IBM-370 4078765.jpg|IBM 370 (1972)
ESO Hewlett Packard 2116 minicomputer.jpg|HP 2116 (1974)
*# '''भोंपू''' - इसे स्पीकर भी कह्ते है, जैसा कि नाम से ही पता चलता है, ये आवाज निकालने का काम करता है। इसका उपयोग अभिकलित्र में चालू किसी भि प्रक्रिया से उत्पन्न आवाज को उपयोगकर्ता तक पहुचाने के लिये किया जाता है।
 
== [https://www.informativeankit.in/2020/05/become-computer-expert-in-few-minutes.html अभिकलित्र के प्रकार] ==
अभिकलित्र का मुख्य कार्य दिये गये आंकड़े को जमा कर उसपर दिए गए निर्देशों के अनुरूप काम कर परिणाम देना है॥ कार्यक्षमता के आधार पर इसे निम्नलिकित श्रेणियों में बाँटा गया है- सुपर संगणक, मेनफ्रेम संगणक मिनी संगणक, एव माइक्रो संगणक आदि। सुपर संगणक इनमें सबसे बडी श्रेणी होती है, तथा माइक्रो संगणक सबसे छोटी।
 
:* हथेली के ऊपर रखने लायक संगणक ([[पाल्म्टॉप]]) - स्मार्टफोन, संगीत खिलाड़ी (म्यूजिक प्लयेर), वीडियो खिलाड़ी (वीडियो प्लेयर)
 
:* [https://www.informativeankit.in/2020/05/become-computer-expert-in-few-minutes.html टैबलेट संगणक]
 
== अभिकलित्र के गुण ==
 
== उपयोग ==
* [[ईमेल]]
* [[[https://www.informativeankit.in/2020/05/become-computer-expert-in-few-minutes.html ईमेल]]]
* [[सहयोग]]
* [[[https://www.informativeankit.in/2020/05/become-computer-expert-in-few-minutes.html सहयोग]]]
* जानकारी संजोना
* [[[https://www.informativeankit.in/2020/05/become-computer-expert-in-few-minutes.html लेखांकन]]]
* [[शब्द संसाधक|शब्द संसाधन]]
* पुस्तक प्रकाशन
* सामग्री प्रवंधन
* वैज्ञानिक अनुसंधान तथा विकास
* [[[https://www.informativeankit.in/2020/05/become-computer-expert-in-few-minutes.html दूरसंचार]]]
* शिक्षा प्रसार
* [[सिमुलेशन]] (Simulation)
इसलिए इसपर कोइ काम करने के लिए इसे इस भाषा में निर्देश या सूचना देना होता है।
 
=== [https://www.informativeankit.in/2020/05/become-computer-expert-in-few-minutes.html यंत्र भाषा] ===
शुरूआती दिनों में अभिकलित्र को सीधे द्विआधारी भाषा में निर्देश या सूचना दी जाती थी। यंत्र से सीधा संपर्क रहने के कारण इसे यंत्र भाषा (मशीन लैंगुएज) भी कहा जाता था। इस तरह से निर्देश या सूचना देने की यह प्रक्रिया काफी जटिल थी।
 
=== [https://www.informativeankit.in/2020/05/become-computer-expert-in-few-minutes.html संयोजन भाषा] ===
यंत्र भाषा की जटिलता को कम करने के लिए संयोजक (असेंबलर) की सहायता ली गई। यह ऐसा प्रोग्राम था जो कुछ खास शब्दों को द्विआधआरी संकेतों के समूह में बदल देता था। इस भाषा में प्रत्एक प्रक्रिया के लिए एक सरल शब्द चुन लिए गए थे। इससे द्विआधारी संकेत समूह के बजाय केवल संकेत शब्द लिखकर काम हो जाता था॥ इस संकेतों द्वारा संयोजित तथा संयोजक की सहायता से काम करने वाली भाषा को संयोजन भाषा (असेंबली लैंगुएज) कहा गया।
 
'''संकलक या [[कंपाइलर]]''' उच्च स्तरीय भाषा में लिखे गए प्रोग्राम को स्थायी रूप से मशीन भाषा में परिवर्तित करता है, जबकि '''व्याख्याता या इंटरप्रेटर''' एक एक पंक्ति करके परिवर्तित करता है।
 
== [https://www.informativeankit.in/2020/05/become-computer-expert-in-few-minutes.html कम्प्यूटर के लाभ और हानि] ==
[[Image:Internet map 1024.jpg|right|thumb|कम्प्यूटर नेटवर्क और संचार ने क्रान्ति ला दी है।]]
=== लाभ ===
* यह संचार का सबसे अच्छा माध्यम है।
[https://www.informativeankit.in/2020/05/become-computer-expert-in-few-minutes.html * यह संचार का सबसे अच्छा माध्यम है। * इससे किसी भी संसाधन को साझा करने में आसानी होती है। * यह सभी प्रकार के फाइल को साझा करने की बेहतरीन मशीन है। * यह एक सस्ता यंत्र है। * इससे समय की बचत होती है। * इसमें डॉक्यूमेंट रखने के लिए बहुत जगह होती है। * इसे बहुत आसानी से समझकर इस पर कार्य किया जा सकता है।]
* इससे किसी भी संसाधन को साझा करने में आसानी होती है।
* यह सभी प्रकार के फाइल को साझा करने की बेहतरीन मशीन है।
* यह एक सस्ता यंत्र है।
* इससे समय की बचत होती है।
* इसमें डॉक्यूमेंट रखने के लिए बहुत जगह होती है।
* इसे बहुत आसानी से समझकर इस पर कार्य किया जा सकता है।
 
=== हानि ===
 
== बाहरी कड़ियाँ ==
*[https://www.informativeankitsscwill.in/2020/0504/becomeclassification-of-computer-expert-in-few-minuteshindi.html कंप्यूटर का वर्गीकरण]
*[httpshttp://www.informativeankittiiciiitm.incom/2020profanurag/05epustak/become-computer-expert-in-few-minutesepustak/places/cp.htmlphp कम्प्यूटर परिचय] (अटल विहारी वाजपेयी सूचना प्रौद्योगिकी संस्थान, ग्वालियर)
* [httpshttp://www.informativeankitmgahv.in/2020Pdf/05Gen/become-computer-expert-in-few-minutesIntro_to_computer_24_04_15.htmlPdf कम्प्यूटर से संबंधित सामान्य ज्ञान] (महात्मा गांधी अन्तरराष्ट्रीय हिन्दी विश्वविद्यालय)
* [https://wwwhi.informativeankitwikibooks.inorg/2020/05/become-computer-expert-in-few-minutes.htmlwiki/प्रश्नसमुच्चय-१० कम्प्यूट्र सामान्य ज्ञान प्रश्नोत्तरी]
* [httpshttp://wwwbooks.informativeankitgoogle.co.in/2020/05/become-computer-expert-in-few-minutes.htmlbooks?id=XiNQArOSB60C&printsec=frontcover#v=onepage&q&f=false कम्प्यूटर सामान्य ज्ञान एवं यूसर गाइड] (गूगल पुस्तक ; लेखक - राम बंसल विज्ञानाचार्य)
* [http://books.google.co.in/books?id=USyHd_nt_kIC&printsec=frontcover#v=onepage&q&f=true कम्प्यूटर कोश] (गूगल पुस्तक ; लेखक - डॉ राजेश्वर गंगवार)
* [https://hi.wiktionary.org/wiki/कम्प्यूटर_शब्दावली_(अंग्रेजी-हिन्दी) कम्प्यूटर शब्दावली (अंग्रेजी-हिन्दी)]
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