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== प्रारंभिक जीवन एवं शिक्षा==
राहत का जन्म 1 जनवरी 19511950 को [[इंदौर]] में रफ्तुल्लाह कुरैशी और मकबूल उन निशा बेगम के यहाँ हुआ था। इनके पिता वस्त्र कारख़ाने के कर्मचारी थे। ये अपने माता पिता की चौथे संतान थे। राहत जी की दो बड़ी बहनें थी, जिनके नाम तहज़ीब और तक़रीब थे। उनके एक बड़े भाई अकील और एक छोटे भाई आदिल हैं। परिवार की आर्थिक स्थिति बुरी होने के कारण उन्हें कई समस्याओं का सामना करना पड़ा। 10 साल की उम्र में ही उन्होंने साइन चित्रकारी का कार्य आरंभ किया।<ref>{{cite web |title=राहत इंदौरी का जीवन परिचय और रचनाएं Rahat Indori Biography and Poetry in Hindi |url=https://www.bharatdarshan.co.nz/author-profile-amp/212/rahat-indori-biography-n-poetry.html |website=www.bharatdarshan.co.nz}}</ref> उनकी प्रारंभिक शिक्षा नूतन स्कूल इंदौर में हुई। उन्होंने इस्लामिया करीमिया कॉलेज इंदौर से 1973 में अपनी स्नातक की पढ़ाई पूरी की<ref>{{Cite web |url=http://www.ikcollegeindore.org/aboutus.html |title=संग्रहीत प्रति |access-date=27 मार्च 2014 |archive-url=https://web.archive.org/web/20101012080445/http://www.ikcollegeindore.org/aboutus.html |archive-date=12 अक्टूबर 2010 |url-status=dead |language=en}}</ref> और 1975 में [[बरकतउल्लाह विश्वविद्यालय]], [[भोपाल]] से [[उर्दू साहित्य]] में एमए किया।<ref>{{Cite web|url=https://economictimes.indiatimes.com/news/politics-and-nation/urdu-doyen-rahat-indori-passes-away-due-to-coronavirus-leaves-behind-fiery-verse/early-life/slideshow/77503008.cms|title=Urdu doyen Rahat Indori passes away due to coronavirus, leaves behind fiery verse - Rest in peace|trans-title=उर्दू डीन राहत इन्दौरी कोरोना वायरस से चल बसे, अपने उग्र वचन छोड़ गये - शान्ति मिले |website=द इकोनोमिक टाइम्स |access-date=2020-08-13|language=en}}</ref> इसके बाद उन्होंने [[बरकतुल्ला विश्वविद्यालय]] से [[उर्दू साहित्य]] में स्नातकोत्तर की पढ़ाई की और उन्होंने 1985 में मध्य प्रदेश के भोज विश्वविद्यालय से [[उर्दू साहित्य]] में [[पीएचडी]] की शिक्षा पूरी की। ''उर्दू मुख्य मुशायरा'' नामक उनकी थीसिस के लिए उन्हें सम्मानित भी किया गया था।<ref>{{Cite web|url=http://www.gabdig.com/14-exceptional-shayris-by-rahat-indori/|title=14 Exceptional Shayris By Rahat Indori That Are Full Of Wisdom|date=30 July 2016|language=en-US|access-date=31 July 2016}}</ref>
 
==प्रगति==