"हूण लोग" के अवतरणों में अंतर

172 बैट्स् नीकाले गए ,  7 माह पहले
SM7 (वार्ता) के अवतरण 4666806पर वापस ले जाया गया : Best version (ट्विंकल)
(Removal of non factual statements used for caste bostering.)
टैग: मोबाइल संपादन मोबाइल वेब सम्पादन References removed Reverted
(SM7 (वार्ता) के अवतरण 4666806पर वापस ले जाया गया : Best version (ट्विंकल))
टैग: किए हुए कार्य को पूर्ववत करना
{{में विलय|हूण राजवंश|discuss=वार्ता:हूण लोग#हूण राजवंश के साथ प्रस्तावित विलय|date=जुलाई 2019}}
{{स्रोतहीन|date=अक्टूबर 2018}}
'''हूण''' एक विजेतालुटेरी एवम खुखारजंगली जाति थी जिनका मूल स्थान [[कश्मीर हिमालयवोल्गा]] के पूर्व में था। वे ३७० ई में [[यूरोप]] में पहुँचे और वहाँ विशाल हूण साम्राज्य खड़ा किया। हूण वास्तव में भारतचीन मैंके पास रहने वाली एक जाति थी। इन्हें चीनी लोग "ह्यून यू" अथवा "हून यू" कहते थे। कालान्तर में इसकी दो शाखाएँ बन गईँ जिसमें से एक वोल्गा नदी के पास बस गई तथा दूसरी शाखा ने ईरान पर आक्रमण किया और वहाँ के सासानी वंश के शासक फिरोज़ को मार कर राज्य स्थापित कर लिया। सन् 483 ईसवीं में फारस के बादशाह फीरोज़ ने हूणों के बादशाह खुशनेवाज़सिहँखुशनेवाज़ के हाथ से गहरी हार खाई और उसी लड़ाई में वह मारा भी गया। हूणो ने फीरोज़ के उत्तराधिकारी कुबाद से दो वर्ष तक कर वसूल किया। बदलते समय के साथ-साथ कालान्तर में इसी शाखा ने भारत पर आक्रमण किया इसकी पश्चिमी शाखा ने यूरोप के महान [[रोमन साम्राज्य]] का पतन कर दिया।
 
विश्व को जीतने के बाद हूण साम्राज्य अपने देश की और आए यूरोप पर आक्रमण करने वाले हूणों का नेता अट्टिला (Attila) था। भारत मेंपर जोआक्रमण लोगकरने वापस आ गएवाले हूणों को श्वेत हूण तथा यूरोप पर आक्रमण करने वाले हूणों को अश्वेत हूण कहा गया हूणों के नेता [[मिहिरकुल]] तथा भारत केपर अनेकआक्रमण राजाओंकरने नेवाले मिलकर मिहिरकुल हूणहूणों के साथनेता भयंकरक्रमशः युद्धतोरमाण हुआ जिसमें [[मिहिरकुल]] हूण विजय हुआथे [[तोरमाण |तोरमाण और]]ने स्कन्दगुप्त केको बीचशासन काल में युद्घभारत हुआपर आक्रमण किया था।
<ref>प्राचीन भारत का इतिहास by K.C.srivastav</ref>
<ref>भारत के इतिहास में हूण / रामचन्द्र शुक्ल</ref>