"राजपुताना": अवतरणों में अंतर

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== इतिहास ==
'''यहां प्राचीन काल से ही [[मीणा]] जनजाति का शासन रहा जैसे सिरोही जालोर, आमेर, बूंदी, अजमेर मेरवाड़ा, बांदीकुई, खैराड इत्यादि । कई जगह भील राज्य भी थे जैसे कोटा, बांसवाड़ा, मेवाड़ इत्यादि। बाद में राजपूतों ने बाहर से आकर यहां अपने राज्य स्थापित किए।'''
 
'''भारत में मुसलमानों का राज्य''' स्थापित होने के पूर्व [[राजस्थान]] में कई शक्तिशाली क्षत्रिय (राजपूत) जातियों के वंश शासन कर रहे थे और उनमें सबसे प्राचीन चालुक्य थे। इसके उपरान्त [[कन्नौज]] के राठौरों , [[अजमेर]] के चौहान राजपूत, अन्हिलवाड़ के सोलंकियों, [[मेवाड़]] के गहलोतों या सिसोदियों और जयपुर के कछवाहों ने इस प्रदेश के भिन्न-भिन्न भागों में अपने राज्य स्थापित कर लिये। क्षत्रिय जातियों में फूट और परस्पर युद्धों के फलस्वरूप वे शक्तहीन हो गए। यद्यपि इनमें से अधिकांश ने बारहवीं शताब्दी के अन्तिम चरण में मुसलमान आक्रमणकारियों का वीरतापूर्वक सामना किया,
==== राणा साँगा ====
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