"विधिसंहिता का इतिहास" के अवतरणों में अंतर

(नया पृष्ठ: संहिता का शाब्दिक अर्थ है संग्रह। अत: विधिनियमों का लिपिबद्ध रूप ...)
 
संहिता शब्द से उसमें संगृहीत विधिनियमों के स्रोत का कोई आभास नहीं मिलता। भारत में विधिनियमों के ऐसे संग्रह को संहिता के अतिरिक्त "स्मृति" के नाम से संबोधित किया जाता है। इस "स्मृति" शब्द से विधिनियमों के स्रोत का भी स्पष्टीकरण हो जाता है। भारतीय शास्त्रकारों के मत से अन्य सभी प्रकार के ज्ञान की भाँति मनुष्य के कर्तव्याकर्तव्य के विधान का भी स्रोत चूँकि श्रुति ही हैं अत: विधिसंहिताओं का आधार उन संहिताकारों की स्मरणशक्ति ही है। इसी आधार पर मनुसंहिता का नाम [[मनुस्मृति]], याज्ञवल्क्यसंहिता का नाम याज्ञवल्क्य स्मृति, आदि है।
 
==इन्हें भी देखें==
*[[विधिशास्त्र]] (Jurisprudence)
 
[[श्रेणी:विधि]]