"कोयला गैस" के अवतरणों में अंतर

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मार्जक में हलके तेल से धोने से कार्बनिक गंधक यौगिक निकल जाते हैं। गैस में अल्प मात्रा में नैफ्थेलीन रहने से कोई हानि नहीं, पर अधिक मात्रा से कठिनाई उत्पन्न हो सकती है। इसे निकालने के लिये पेट्रोलियम का कम श्यानवाला अंश इस्तेमाल होता है। इससे गोंद बननेवाले पदार्थ भी कुछ निकल जाते हैं, पर "कोरोना" विसर्जन से ओर फिर मार्जक में पारित करने से गोंद बननेवाले पदार्थ प्राय: समस्त निकल जाते हैं। अब गैस को कुछ सुखाने की आवश्यकता पड़ती है। गैस न बिलकुल सूखी रहनी चाहिए और न बहुत भीगी। गैस का अनावश्यक जल आर्द्रताग्राही विलयन, या प्रशीतन, या संपीडन द्वारा निकालकर बड़ी-बड़ी गैस-टंकियों में संग्रह करते अथवा सिलिंडरों में दबाव से भरकर उपभोक्ताओं के पास भेजते हैं। टंकियों में गैस नापने के लिये गैसमीटर भी लगे होते हैं।
 
==इन्हें भी देखें==
*[[गैस निर्माण]]
 
[[श्रेणी:गैस]]
[[श्रेणी:ईंधन]]
[[श्रेणी:कोयला]]
 
[[ar:غاز الاستصباح]]
[[cs:Koksárenský plyn]]
[[da:Bygas]]
[[de:Stadtgas]]
[[en:Coal gas]]
[[es:Gas de alumbrado]]
[[eo:Koaksigeja gaso]]
[[fr:Gaz de houille]]
[[it:Gas illuminante]]
[[nl:Lichtgas]]
[[ja:都市ガス]]
[[no:Gassverk]]
[[pl:Gaz koksowniczy]]
[[pt:Gás de cidade]]
[[sv:Stadsgas]]
[[tr:Havagazı]]
[[uk:Коксовий газ]]