शिलांग पीक या शिलांग शिखर मेघालय की राजधानी शिलांग का सबसे ऊंचा पर्वत शिखर है। इसकी ऊंचाई सागर सतह से 1,961 मी॰ (6,434 फीट) है। यहां से शिलांग शहर का विहंगम अवलोकन किया जा सकता है। इसी कारण से यह एक प्रसिद्ध पर्यटन स्थल है और आंकडों के अनुसार यहां सर्वाधिक पर्यटक आते हैं। बहुत से इतिहासकारों की मान्यता अनुसार इसी पर्वत के कारण इस शहर का नाम शिलांग पड़ा। यहां के स्थानी जनजातीय खासी लोगों की मान्यता है कि उनके देवता लीशिलांग इस पर्वत पर रहते हैं और वे पूरे शहर पर नजर रखते हैं और लोगों को हर तरह की मुसीबतों से बचाते हैं।[1]

शिलाँग पीक
शिलांग शिखर
Shillong peak lanscape.jpg
शिलांग शिखर से शिलांग शहर का दृश्य
उच्चतम बिंदु
ऊँचाई1,961 मी॰ (6,434 फीट)
निर्देशांक25°32′51″N 91°52′30″E / 25.54750°N 91.87500°E / 25.54750; 91.87500
नामकरण
मूल नामलाइटकोर पीक
भूगोल
शिलाँग पीक की मेघालय के मानचित्र पर अवस्थिति
शिलाँग पीक
शिलाँग पीक
शिलांग पीक की मेघालय में स्थिति
शिलाँग पीक की भारत के मानचित्र पर अवस्थिति
शिलाँग पीक
शिलाँग पीक
शिलाँग पीक (भारत)
स्थानभारत शिलांग, मेघालय, भारत
मातृ श्रेणीखासी पहाड़ियाँ
आरोहण
सरलतम मार्गसड़क मार्ग

शिलांग पीक पर पर्यटकों के लिये के व्यूप्वाइंट भी बना है। इसके अलावा यहां भारतीय वायु सेना का रडार भी स्थापित है और यह शिलांग छावनी क्षेत्र के परिसर में ही स्थित है।

चित्र दीर्घासंपादित करें

सन्दर्भसंपादित करें

  1. "शिलांग पीक, शिलांग". नेटिव प्लानेट्क़ाम. मूल से 7 जुलाई 2018 को पुरालेखित.

बाहरी कड़ियाँसंपादित करें