संपीडन सामर्थ्य या संपीडन पुष्टि (Compressive strength) किसी पदार्थ की उसके अक्ष की दिशा में लगे संपीडक बल (pushing forces) को सहने की क्षमता को इंगित करता है। जब किसी पदार्थ की संपीडन पुष्टि से भी अधिक प्रतिबल देने की कोशिश की जाती है, पदार्थ चकनाचूर (crushed) हो जाते हैं। कोई पदार्थ, बिना चकनाचूर (fracture) हुए, जो अधिकतम संपीडक प्रतिबल सह सकता है, उस मान को उस पदार्थ की संदलन सामर्थ्य (Crushing Strength) कहते हैं।

चित्र:Barelling.jpg
संपीडित करने पर नमूने का फूल जाना (Barrelling)

तनन सामर्थ्य तथा संपीडन सामर्थ्य की तुलनासंपादित करें

यह ध्यान देने योग्य तथ्य है कि पदार्थों की सामर्थ्य तनन एवं संपीडन के लिये समान नहीं होती (अलग-अलग होती है)। अधिकांश पदार्थों की संपीडन पुष्टि उनके तनाव पुष्टि से अधिक होती है। ऐसी कंक्रीट बनायी जा सकती है जिसकी संपीडन पुष्टि बहुत अधिक हो; उदाहरण के लिये बहुत से कंक्रीट की संरचनाओं की संपीडन पुष्टि 50 MPa से भी अधिक होती है। इसके विपरीत कम्पोजिट पदार्थों की तनन शक्ति उनकी संपीडन शक्ति से अधिक होती है। ग्लास फाइबर इपॉक्सी मट्रिक्स वाली कम्पोजिट ऐसे पदार्थ का उदाहरण है।

 
संपीडन से खराब हुआ कंक्रीट का बेलन

इन्हें भी देखेंसंपादित करें