हम्पी

प्राचीन और मध्यकालीन स्मारकों में से एक, यूनेस्को विश्व धरोहर स्थल, कर्नाटक, भारत

हम्पी मध्यकालीन हिंदू राज्य विजयनगर साम्राज्य की राजधानी थी। तुंगभद्रा नदी के तट पर स्थित यह नगर अब हम्पी (पम्पा से निकला हुआ) नाम से जाना जाता है और अब केवल खंडहरों के रूप में ही अवशेष है। इन्हें देखने से प्रतीत होता है कि किसी समय में यहाँ एक समृद्धशाली सभ्यता निवास करती होगी। भारत के कर्नाटक राज्य में स्थित यह नगर यूनेस्को के विश्व के विरासत स्थलों में शामिल किया गया है।[1] हर साल यहाँ हज़ारों की संख्या में पर्यटक और तीर्थयात्री आते हैं। हम्पी का विशाल फैलाव गोल चट्टानों के टीलों में विस्तृत है। घाटियों और टीलों के बीच पाँच सौ से भी अधिक स्मारक चिह्न हैं। इनमें मंदिर, महल, तहख़ाने, जल-खंडहर, पुराने बाज़ार, शाही मंडप, गढ़, चबूतरे, राजकोष.... आदि असंख्य इमारतें हैं।

हम्पी
ಹಂಪೆ
हम्पे
शहर
उपनाम: Kanishk
250px
देशभारत
राज्यकर्नाटक
जिलाबेल्लारी
संस्थापकहरिहर एवं बुक्का
ऊँचाई467 मी (1,532 फीट)
भाषाएं
 • आधिकारिककन्नड भाषा
समय मण्डलभारतीय मानक समय (यूटीसी+५:३०)
नजदीकी शहरहस्पेट
युनेस्को विश्व धरोहर स्थल
हम्पी स्मारक समूह
विश्व धरोहर सूची में अंकित नाम
हम्पी
देश Flag of India.svg भारत
प्रकार सांस्कृतिक
मानदंड (i)(iii)(iv)
सन्दर्भ २४१
युनेस्को क्षेत्र एशिया-प्रशांत
शिलालेखित इतिहास
शिलालेख 1986 (१०वां, १५वां सत्र)

हम्पी में विठाला मंदिर परिसर निःसंदेह सबसे शानदार स्मारकों में से एक है। इसके मुख्य हॉल में लगे ५६ स्तंभों को थपथपाने पर उनमें से संगीत लहरियाँ निकलती हैं। हॉल के पूर्वी हिस्से में प्रसिद्ध शिला-रथ है जो वास्तव में पत्थर के पहियों से चलता था। हम्पी में ऐसे अनेक आश्चर्य हैं, जैसे यहाँ के राजाओं को अनाज, सोने और रुपयों से तौला जाता था और उसे गरीब लोगों में बाँट दिया जाता था। रानियों के लिए बने स्नानागार मेहराबदार गलियारों, झरोखेदार छज्जों और कमल के आकार के फव्वारों से सुसज्जित होते थे। इसके अलावा कमल महल और जनानखाना भी ऐसे आश्चयों में शामिल हैं। एक सुंदर दो-मंजिला स्थान जिसके मार्ग ज्यामितीय ढँग से बने हैं और धूप और हवा लेने के लिए किसी फूल की पत्तियों की तरह बने हैं। यहाँ हाथी-खाने के प्रवेश-द्वार और गुंबद मेहराबदार बने हुए हैं और शहर के शाही प्रवेश-द्वार पर हजारा राम मंदिर बना है।[2]

स्थितिसंपादित करें

हम्पी आंध्र प्रदेश राज्य की सीमा के पास मध्य कर्नाटक के पूर्वी हिस्से में तुंगभद्रा नदी के तट पर स्थित है। यह बैंगलोर से ३७६ किलोमीटर (२३४ मील), हैदराबाद से ३८५ किलोमीटर (२३९ मील) और बेलगाम से २६६ किलोमीटर (१६५ मील) दूर स्थित है।[3] यहाँ का निकटतम रेलवे स्टेशन होसापेट (होस्पेट) में है, जो लगभग १३ किलोमीटर (८.१ मील) दूर है। सर्दियों के दौरान, बसें और रेलें हम्पी को गोवा, सिकंदराबाद और बैंगलोर से जोड़ती हैं। यह बादामी और ऐहोल पुरातात्विक स्थलों से १४० किलोमीटर (८७ मील) दूर दक्षिण-पूर्व में है।[3][4]


दृश्यसंपादित करें

३६०° पानोरमा चित्र हम्पी के मातंगा पहाड से

चित्र वीथीसंपादित करें

कैसे पहुंचा जायेसंपादित करें

वायु द्वारा - कर्नाटक में हुबली हवाई अड्डा हम्पी के लिए निकटतम हवाई अड्डा है, जो यहाँ से 166 किमी दूर है। हुबली के लिए नियमित उड़ानें बेंगलुरु से आती हैं। यहां आप कैब या बस ले सकते हैं।

  रेल मार्ग - हम्पी का निकटतम रेलवे स्टेशन होसपेट जंक्शन है जो हम्पी से सिर्फ 13 किलोमीटर दूर है। होस्पेट रेल द्वारा देश के प्रमुख शहरों से जुड़ा हुआ है और बैंगलोर, हैदराबाद और गोवा से कई नियमित ट्रेनें यहाँ आती हैं। यहां से आप वाहन लेकर पहुंच सकते हैं।

  सड़क मार्ग से - हम्पी बस सेवा कर्नाटक के सभी प्रमुख शहरों से जुड़ी हुई है। कर्नाटक राज्य सड़क परिवहन निगम की बसों के अलावा, कई निजी और पर्यटक बसें नजदीकी शहरों से हम्पी तक जाती हैं।

इन्हें भी देखेंसंपादित करें

बाह्यसूत्रसंपादित करें

  1. "ग्रुप ऑफ़ मॉन्यूमेंट्स हम्पी". यूनेस्को. मूल से 13 मई 2015 को पुरालेखित. अभिगमन तिथि १ जनवरी २००८. |access-date= में तिथि प्राचल का मान जाँचें (मदद)
  2. "हम्पी यात्रा मार्गदर्शिका" (एचटीएमएल). भारतीय रेल. मूल से 24 नवंबर 2006 को पुरालेखित. अभिगमन तिथि १ जनवरी २००८. |access-date= में तिथि प्राचल का मान जाँचें (मदद)
  3. Fritz & Michell 2016, पृ॰प॰ 154–155.
  4. Anila Verghese 2002, पृ॰प॰ 85–87.