हेलमेट एक सुरक्षात्मक सामग्री का एक रूप है जो चोटों से सिर की रक्षा के लिए पहना जाता है। अधिक विशेष रूप से, एक हेलमेट मानव मस्तिष्क की रक्षा करने में खोपड़ी की सहायता करता है। सुरक्षात्मक कार्य के अलावा प्रतीकात्मक हेलमेट कभी-कभी उपयोग होते हैं।

इंडोनेशिया में हेलमेट पहनने वाले एक मोटरसाइकिल पर पांच लोग।
  हेलमेट का सबसे पुराना ज्ञात प्रयोग सुमेर सभ्यता में २५०० ईसा पूर्व में दिखाई देता हैं। तब मोटी चमड़े या ऊन की टोपी पर ताम्र पत्र जोड कर हेलमेट पहनते थे और युद्ध में तलवार से वार और तीर के हमले से बचाव करते थे। भारत में १६०० ईसा पूर्व के वेदों में भी हेलमेट का उल्लेख है जहा उन्हे शिप्र कहा गया हैं।[1] अब हेलमेट अक्सर हल्के प्लास्टिक सामग्री से बने होते हैं।

सन्दर्भसंपादित करें

  1. रिचर्ड ए गेब्रियल (२००७). The Ancient World [प्राचीन विश्व] (अंग्रेज़ी में). ग्रीनवुड पब्लिशिंग ग्रुप. पपृ॰ ८०. आई॰ऍस॰बी॰ऍन॰ 9780313333484. अभिगमन तिथि १९ जुलाई २०१७.

बाहरी कड़ियाँसंपादित करें