माल (Goods) वस्तुएँ होती हैं जिन्हें ग्राहकों के प्रयोगों के लिए बनाया जाता है, जैसे कि नमक, सेब या वाहनसेवाएँ (Services) क्रियाएँ होती हैं जिन्हें ग्राहकों के लिए अन्य व्यक्ति करते हैं, जैसे कि चिकित्सा, बाल काटना या खाना बनाना। माल और सेवाओं का उत्पादन, वितरण और उपभोग सभी आर्थिक प्रक्रियाओं और व्यापार का मूल है। आर्थिक सिद्धांत में माल व सेवाओं के उपभोग से उपभोक्ताओं को उपयोगिता (तृप्ति) मिलती है।[1][2][3]

पेन (कलम) जैसे माल और बाल काटने जैसी सेवाएँ आर्थिक प्रक्रियाओं का आधार हैं

इन्हें भी देखेंसंपादित करें

सन्दर्भसंपादित करें

  1. Hendrickson, C.T.; Lave, L.B.; Matthews, H.S. (2010). Environmental Life Cycle Assessment of Goods and Services: An Input-Output Approach. Taylor & Francis. आई॰ऍस॰बी॰ऍन॰ 978-1-136-52549-0.
  2. Murley, L.; Wilson, A. (2011). The Distribution of Goods and Services. Dollars and sense: a guide to financial literacy. Rosen Central. आई॰ऍस॰बी॰ऍन॰ 978-1-4488-4710-5.
  3. Smith, Adam. The Wealth of Nations at Project Gutenberg