मीना (जिसे तंबुओं का शहर भी कहा जाता है) पश्चिमी सऊदी अरब के मक्का के पड़ोस में स्थित है। यह पवित्र शहर मक्का से पांच किलोमीटर पूर्व में स्थित है। मीना, मक्का शहर के मध्य से अराफ़ात की पहाड़ियों पर जाने वाले मार्ग के किनारे बसा है। यह लगभग 20 किमी² के क्षेत्र में फैला हुआ है।

मीना
पड़ोस
मीना में शिविर
मीना में शिविर
देशFlag of Saudi Arabia.svg सउदी अरब
प्रांतमक्का प्रांत
शहरमक्का
समय मण्डलEAT (यूटीसी+3)
 • ग्रीष्मकालीन (दि॰ब॰स॰)EAT (यूटीसी+3)

विवरणसंपादित करें

मीना को हज यात्रा के दौरान आने वाले पड़ाव के लिये जाना जाता है। यहाँ 100,000 से ज्यादा वातानुकुलित शिविर यात्रियों को अस्थाई निवास स्थान उपलब्ध कराते हैं। मीना की घाटी में जमारात पुल स्थित है। इस स्थान पर हज यात्रा का एक महत्वपूर्ण रिवाज़ शैतान को पत्थर मारने की रस्म पूरी की जाती है। हाजियों को यह रस्म हजयात्रा के अंतिम दिन सूर्योदय और सूर्यास्त के बीच पूरी करनी होती है। मीना में ही हाजयात्री शैतान पर पत्थर मारने की , मान्यता है कि पैगंबर इब्राहिम ने अल्लाह के आदेश और उनके बीच आने वाले शैतान को यहीं पर पत्थर मारे थे। अधिकतर हजयात्री काबा के ७ चक्कर लगाने के बाद ज़मज़म का कुआँ को देखने जाते हैं। सामान्यता: वो अपनी पहली रात मीना की घाटी में बिताते हैं। मीना में पुरुषों व स्त्रियों का साथ-साथ सोना वर्जित है।

2015 भगदड़संपादित करें

24 सितम्बर 2015 को मक्का मदीना में होने वाली हज यात्रा के अंतिम पड़ाव के लिये जमारात पुल के पास इकट्ठी हुई भारी भीड़ में हुई भगदड़ में विभिन्न देशों से आये ११०० से ज्यादा लोग दम घुटने से मारे गये व ९३४ से ज्यादा घायल हो गये। यह घटना गली संख्या २०४ व २२३ के मिलन की जगह जो जमारात पुल की तरफ़ जाती है, के पास हुई। १९९० की दुखद घटना जिसमें १४२६ यात्री मारे गये थे के बाद हजयात्रा के दौरान हुई यह सबसे वीभत्स घटना थी। यह २१वीं शताब्दी की सबसे वीभत्स भगदड़ भी थी।

चित्रमालासंपादित करें

बाहरी कड़ियाँसंपादित करें

निर्देशांक: 21°24′48″N 39°53′36″E / 21.41333°N 39.89333°E / 21.41333; 39.89333