डॉ अरुण बाला एक शिक्षाविद एवं दार्शनिक हैं। विज्ञान दर्शन एवं विज्ञान का इतिहास उनके विचारों के केन्द्रबिन्दु हैं। वैज्ञानिक क्रांति के विचार को वे अस्वीकार करते हैं।

अरुण बाला ने सिंगापुर के राष्ट्रीय विश्वविद्यालय में कई वर्षों तक दर्शनशास्त्र का शिक्षण किया। सम्प्रति वे कनाडा के टोरन्टो विश्वविद्यालय में अभ्यागत आचार्य (visiting professor) हैं। उन्होने कई अन्तरराष्ट्रीय संस्थानों में काम किया है।

अपनी पुस्तक आधुनिक विज्ञान के जन्म में सभ्यताओं का संवाद (The Dialogue of Civilizations in the Birth of Modern Science) में इतिहास के यूरोकेन्द्रित संकल्पनाओं को चुनौती देते हैं और यह दर्शाते हैं कि दर्शन, गणित, ब्रह्माण्डशास्त्र, तथा भौतिकी के क्षेत्र में चीनी, भारतीय, अरबी और प्राचीन इजिप्ट आदि देशों में उपजे विचारों ने आधुनिक विज्ञान को जन्म दिया।

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