क्लोरोफ्लोरोकार्बन (सीएफसी)

CFC's से क्‍लोरीन किस तरह दक्षिणी ध्रुव में पहुँचकर बनाती है, इसकी क्रिया-विधि स्‍पष्‍ट करने के लिए (R S Mario Molina ,Paul Crutzen,F.Sherwood Rawland)को सन्‌ 1995 में रासायन विज्ञान में नोबेल पुरस्‍कार मिला।

क्लोरोफ्लोरोकार्बन (सीएफसी) एक कार्बनिक यौगिक है जो केवल कार्बन, क्लोरीन, हाइड्रोजन और फ्लोरीन परमाणुओं से बनता है। सीएफसी का इस्तेमाल रेफ्रिजरेंट, प्रणोदक (एयरोसोल अनुप्रयोगों में) और विलायक के तौर पर व्यापक रूप से होता है।ओजोन निःशेषण में इसका योगदान देखते हुए, सीएफसी जैसे यौगिकों का निर्माण मॉन्ट्रियल प्रोटोकॉल के तहत चरणबद्ध तरीके से बंद कर दिया गया है। सिएफसी को प्रिऑन गैस भी कहते हैैं । सीएफसी के द्वारा ओजोन परत को नुकसान होता हैंं, इसलिए वर्तमान में इसकी जगह एचएफसी (हाड्रोक्लोरोफ्लोरो) का उपयोग करते हैं ।