जयविलास महल, ग्वालियर में सिन्धिया राजपरिवार का वर्तमान निवास स्थल ही नहीं एक भव्य संग्रहालय भी है। इस महल के 35 कमरों को संग्रहालय बना दिया गया है। इस महल का ज्यादातर हिस्सा इटेलियन स्थापत्य से प्रभावित है। इस महल का प्रसिध्द दरबार हॉल इस महल के भव्य अतीत का गवाह है, यहां लगा हुए दो फानूसों का भार दो-दो टन का है, कहते हैं इन्हें तब टांगा गया जब दस हाथियों को छत पर चढा कर छत की मजबूती मापी गई। इस संग्रहालय की एक और प्रसिध्द चीज है, चांदी की रेल जिसकी पटरियां डाइनिंग टेबल पर लगी हैं और विशिष्ट दावतों में यह रेल पेय परोसती चलती है। इटली, फ्रांस, चीन तथा अन्य कई देशों की दुर्लभ कलाकृतियां यहाँ मौजूद हैं।

जयविलास महल
Jai Vilas Palace ( Scindia Palace).jpg
जयविलास महल, ग्वालियर
जयविलास महल, ग्वालियर is located in भारत
जयविलास महल, ग्वालियर
भारत में अवस्थिति
सामान्य विवरण
वास्तुकला शैली इतालवी, कोरिंथियान और टस्कन शैलियाँ
शहर ग्वालियर
राष्ट्र भारत
निर्देशांक 26°12′17″N 78°10′07″E / 26.2047°N 78.1686°E / 26.2047; 78.1686निर्देशांक: 26°12′17″N 78°10′07″E / 26.2047°N 78.1686°E / 26.2047; 78.1686
निर्माण सम्पन्न 1874
लागत ₹1 करोड़ (1874 में); अब लगभग ₹4000 करोड़
ग्राहक जयाजीराव सिंधिया
स्वामित्व ज्योतिरादित्य सिंधिया
प्राविधिक विवरण
आकार 1,240,771 वर्ग फ़ीट
योजना एवं निर्माण
वास्तुकार सर माइकल फ़िलोज़
वेबसाइट
Jai Vilas Palace
जयाजीराव सिंधिया ग्वालियर रियासत के महाराजा थे, जिन्होंने  जयविलास महल बनवाया।