जोधपुर जिला

राजस्थान का जिला

जोधपुर जिला भारत के राजस्थान राज्य का एक ज़िला है। इसका मुख्यालय जोधपुर नगर में है जो कि राजस्थान का दूसरा सबसे बड़ा नगर है। जोधपुर सूर्य नगरी के नाम से भी जाना जाता है। यह अपनी महान सांस्कृतिक विरासत और ऐतिहासिक धरोहर के लिये पूरे संसार में मशहूर है। अपने महलों और किलों के कारण यह पर्यटकों के आकर्षण का केंद्र बन चुका है।

जोधपुर ज़िला
जोधपुर जिला
Jodhpur in Rajasthan (India).svg

राजस्थान में जोधपुर ज़िले की अवस्थिति
27°37′N 72°55′E / 27.62°N 72.92°E / 27.62; 72.92 - 26°00′N 73°52′E / 26.00°N 73.87°E / 26.00; 73.87
राज्य राजस्थान
 भारत
प्रभाग जोधपुर संभाग
मुख्यालय जोधपुर
क्षेत्रफल 22,850 कि॰मी2 (8,820 वर्ग मील)
जनसंख्या 3687165 (2011)
जनघनत्व 161/किमी2 (420/मील2)
शहरी जनसंख्या 34.30 percent
साक्षरता 65.94
लिंगानुपात 916
लोकसभा निर्वाचन क्षेत्र जोधपुर लोक सभा निर्वाचन क्षेत्र
विधानसभा सीटें जोधपुर विधानसभा क्षेत्र
आधिकारिक जालस्थल

जोधपुर शहर पश्चिमी राजस्थान का सबसे बड़ा शहर है, इसकी स्थापना राव जोधा ने सन १४५९ में की थी।

भौगोलिक स्थितिसंपादित करें

26॰-27॰37'उत्तरी अंक्षाश 72॰55'-73॰52'पूर्वी देशान्तर

प्रशासनसंपादित करें

प्रशासन की दृष्टि से जोधपुर ज़िले को निम्न तहसीलों में बाँटा गया है:[1]

जोधपुर जिले की तहसीलेंसंपादित करें

          * बाप तहसील
          * घंटियाली तहसील
       * बावड़ी तहसील 
       * तिंवरी तहसील
       * बालेसर तहसील*( नगरपालिका)
       * सेखाला तहसील
     *झंवर तहसील
      *पीपाड़ सिटी तहसील
    *देचू तहसील
    *बापिनी तहसील
    *सेतरावा तहसील
    *आऊ तहसील 
  • ((कुड़ी भगतासनी तहसील) शहरी क्षेत्र

प्रमुख दर्शनीय स्थलसंपादित करें

इतिहाससंपादित करें

जोधपुर का इतिहास १४५९ में राव जोधा [2] ने की थी वे राठौड़ कुल के राजपूत थे उनके पिता रणदेव की हत्या मेवाड़ में हो गई थी इसलिए उन्हें वो [3] इलाका छोड़ना पड़ा शुरू में मंडोर जोधा की राजधानी थी किंतु बाद में जोधपुर उनका केन्द्र बना जोधपुर का किला मेहरानगढ़ दुर्ग कहलाता है जो चिड़ीयानाथ की टूंक पहाड़ी पे बना है ये गुजरात से [4]दिल्ली के व्यापर मार्ग पे बसा था अतः व्यापार से जोधा को बहुत लाभ होता था।

शिक्षासंपादित करें

सन्दर्भसंपादित करें

  1. "संग्रहीत प्रति". मूल से 18 अगस्त 2016 को पुरालेखित. अभिगमन तिथि 13 जुलाई 2016.
  2. "संग्रहीत प्रति". मूल से 25 नवंबर 2015 को पुरालेखित. अभिगमन तिथि 18 नवंबर 2015.
  3. "संग्रहीत प्रति". मूल से 19 नवंबर 2015 को पुरालेखित. अभिगमन तिथि 18 नवंबर 2015.
  4. "संग्रहीत प्रति". मूल से 30 नवंबर 2015 को पुरालेखित. अभिगमन तिथि 18 नवंबर 2015.