लव या लौह[1] अर्थात कण या लोहा, तमिल: இலவன், मलय: तिलावी, इंडोनेशियाई: लाव, ख्मेरी: जुपलक्स, लाओ: फ्रा लाओ, थाई: फ्रा लोप, तेलुगु: లవుడు) अपने जुड़वां भ्राता कुश के साथ हिन्दू भगवान राम एवं उनकी भार्या सीता के पुत्र थे। ऐतिहासिक तथ्यों के अनुसार ये लवपुरी के संस्थापक थे,[2] जो वर्तमान में पाकिस्तान स्थित शहर लाहौर है।[3][4] लाहौर के किले में इनका एक मंदिर भि बना हुआ है। दक्शःइण-पूर्व एशियाई देश लाओस[5] एवं थाइ नगर लोबपुरी, दोनों ही उनके नाम पर रखे गए स्थान हैं।

हिन्दू भगवान राम, अपने पुत्र लव एवं कुश से युद्ध करते हुए।

लाहौर की स्थापना एवं बाद का इतिहाससंपादित करें

 
लाहौर के किले में स्थित लव (या लोह) का मंदिर (ऊपर से लिया गया चित्र)

ये दोनों जुड़वां भाई लौह (या लव) और कुश अपने पिता राम के समान ही यशस्वी हुए और इन्होंने क्रमशः लाहौर (पुरातन काल में लौहपुरी या लवपुरी कहा जाता था) एवं कसुर (पुरातन काल में कुशपुरी कहा जाता था) नगरों की स्थापना की थी।[6]

पाकिस्तान में पंजाब के लाहौर के शाही किले के भितर लव का एक मंदिर भी स्थित है। यह मन्दिर आलमगीरी दरवाजे के निकट स्थित है, जहां लाहौर किले का पुराना कारागार हुआ करता था।[7]

सन्दर्भसंपादित करें

  1. लोहाना समुदाय Archived 2013-10-04 at the Wayback Machine, यूनाइटेड किंगडम
  2. बॉम्बे हिस्टॉरिकल सोसाइटी (1946). Annual bibliography of Indian history and Indology, Volume 4. पृ॰ 257. मूल से 14 नवंबर 2013 को पुरालेखित. अभिगमन तिथि 2009-05-29.
  3. Baqir, Muhammad (1985). Lahore, past and present. B.R. Pub. Corp. पपृ॰ 19–20. मूल से 14 नवंबर 2013 को पुरालेखित. अभिगमन तिथि 2009-05-29.
  4. Masudul Hasan (1978). Guide to Lahore. Ferozsons.
  5. Mishra, P.K. (1999). Studies In Hindu And Buddhist Art. Abhinav Publications. पृ॰ 356. मूल से 12 अक्तूबर 2013 को पुरालेखित. अभिगमन तिथि 12 सितंबर 2013.
  6. नदीम, इहसान एन (2005). पंजाब: लैण्ड, हिस्ट्री, पीपल. Alअल-फ़ैसल नशरान. पृ॰ 111. मूल से 14 नवंबर 2013 को पुरालेखित. अभिगमन तिथि 2009-05-29.
  7. अहमद, शोएब। "Lahore Fort dungeons to re-open after more than a century." डेली टाइम्स। नवंबर ३, २००४

बाहरी कड़ियाँसंपादित करें