"कुशीनगर" के अवतरणों में अंतर

1,280 बैट्स् नीकाले गए ,  7 माह पहले
→‎धार्मिक व ऐतिहासिक परिचय: कृपया विश्वसनीय स्रोत के साथ जोड़ें (ट्विंकल)
टैग: मोबाइल संपादन मोबाइल वेब सम्पादन
(→‎धार्मिक व ऐतिहासिक परिचय: कृपया विश्वसनीय स्रोत के साथ जोड़ें (ट्विंकल))
टैग: मोबाइल संपादन मोबाइल वेब सम्पादन उन्नत मोबाइल सम्पादन
 
११वीं-१२वीं शताब्दी में [[कलचुरि राजवंश|कलचुरी]] तथा [[पाल राजवंश|पाल नरेशों]] ने इस नगर की उन्नति के लिए पुनः प्रयास किया था, यह माथाबाबा की खुदाई में प्राप्त काले रंग के पत्थर की मूर्ति पर उत्कीर्ण लेख से ध्वनित होता है।
 
१२०० ई के आसपास मुसलमान सेनाओं से हार कर भागे हुए हिन्दूू सेनाओं ने क़ुशीनगर में खूब लूट पाट किया, जिस से भयभीत भिक्षु अपने जीवनरक्षा के लिए कुशीनगर छोड़कर भाग गए। इसके बाद पूरे मुसलमानी शासन में यह स्थान कम देख भाल के साथ रहा। <ref>Richard H. Robinson; Sandra Ann Wawrytko; Ṭhānissaro Bhikkhu (1996). [https://books.google.com/books?id=LhUSAQAAIAAJ The Buddhist Religion: A Historical Introduction] {{Webarchive|url=https://web.archive.org/web/20191214062136/https://books.google.com/books?id=LhUSAQAAIAAJ|date=14 दिसंबर 2019}}. Thomson. p. 50. ISBN 978-0-534-20718-2.</ref><ref>Mark Juergensmeyer; Wade Clark Roof (2011). [https://books.google.com/books?id=WwJzAwAAQBAJ Encyclopedia of Global Religion] {{Webarchive|url=https://web.archive.org/web/20190331224443/https://books.google.com/books?id=WwJzAwAAQBAJ|date=31 मार्च 2019}}. SAGE Publications. p. 148. ISBN 978-1-4522-6656-5.</ref>
 
१९वीं शताब्दी के अन्तिम दिनों में ब्रितानी पुरातत्त्वविद [[अलेक्ज़ैंडर कन्निघम]] ने पुनः कुशीनगर की खोज की। उनके साथी सी एल कार्लाइल ने धरती के अन्दर से १५०० वर्ष पुरानी बुद्ध का चित्र खोद निकाला। <ref>Robert Stoddard (2010). [http://digitalcommons.unl.edu/geographyfacpub/27 "The Geography of Buddhist Pilgrimage in Asia"] {{Webarchive|url=https://web.archive.org/web/20200402141717/http://digitalcommons.unl.edu/geographyfacpub/27 |date=2 अप्रैल 2020 }}. Pilgrimage and Buddhist Art. Yale University Press. 178: 3–4.</ref><ref>Asher, Frederick (2009). "From place to sight: locations of the Buddha´s life". Artibus Asiae. 69 (2): 244.</ref><ref>Himanshu Prabha Ray (2014). [https://books.google.com/books?id=l3s9BAAAQBAJ&pg=PA74 The Return of the Buddha: Ancient Symbols for a New Nation] {{Webarchive|url=https://web.archive.org/web/20191215131743/https://books.google.com/books?id=l3s9BAAAQBAJ&pg=PA74|date=15 दिसंबर 2019}}. Routledge. pp. 74–75, 86. ISBN 978-1-317-56006-7.</ref> उसके बाद से यह स्थान एक प्रमुख बौद्ध तीर्थ बन गया है। ईसापूर्व तीसरी शताब्दी के पुरातात्विक साक्ष्य बताते हैं कि यह स्थान (कुशीनगर) एक प्राचीन तीर्थस्थल था।
580

सम्पादन