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निर्देशांक: 16°05′00″N 78°52′00″E / 16.0833°N 78.8667°E / 16.0833; 78.8667 यह लेख श्रीशैल नगर के विषय में है; श्री शैलम देवस्थानम के विषय में यहाँ देखें।

श्रीशैलम् आन्ध्र प्रदेश के कुर्नूल जिले में स्थित एक नगर है। यह श्रीशैलम मंडल का मुख्यालय है।[1] ये हिन्दुओं के लिये एक पवित्र धार्मिक नगर है और मंडल भी है। यह नल्लमाला पर्वत, आंध्र प्रदेश पर बसा हुआ है। यह हैदराबाद से 232 कि.मि. दक्षिण में कृष्णा नदी के किनारे स्थित है। यहां भगवान मल्लिकार्जुन स्वामी और भ्रमराम्ब को समर्पित मंदिर है। यह भगवान शिव के बारह ज्योतिर्लिंगों में से एक है। यहां कृष्णा नदी पर एक बहुउद्देशीय बांध भी बना है, जो कि राज्य की सिंचाई जल और विद्युत आपूर्ति में सहयोग देता है। यह बांध हैदराबाद से 245 कि.मि. और नांद्याल से 132 कि.मि. दूर है। श्री शैलम की स्थिति 16.0833° उत्तर अक्षांश तथा 78.8667° पूर्व देशांतर पर है।[2] पर है। इसकी समुद्र तल से ऊंचाई 409 मीटर (1345 फ़ीट). है।

श्री शैलम्
—  नगर  —
समय मंडल: आईएसटी (यूटीसी+५:३०)
देश Flag of India.svg भारत
राज्य आंध्र प्रदेश
ज़िला कुरनूल
क्षेत्रफल
ऊँचाई (AMSL)

• 409 मीटर (1,342 फी॰)

इस मंदिर का मूल उद्गम अज्ञात है। स्कंद पुराण में श्री शैल काण्ड नाम का अध्याय है। इसमें उपरोक्त मंदिर का वर्णन है। इससे इस मंदिर की प्राचीनता का पता चलता है। तमिल संतों ने भी प्राचीन काल से ही इसकी स्तुति गायी है। कहा जाता है कि आदि शंकराचार्य ने जब इस मंदिर की यात्रा की, तब उन्होंने शिवानन्दलहरी की रचना की थी। श्री शैलम का प्राचीन हिन्दू पुराणों और ग्रंथ महाभारत में भी सन्दर्भ आता है।

सन्दर्भसंपादित करें

  1. "Srisailam Mandal map" (PDF). Census of India. पृ॰ 319. अभिगमन तिथि 14 April 2017.
  2. Falling Rain Genomics.Srisailam

इन्हें भी देखेंसंपादित करें

बाहरी कड़ियाँसंपादित करें