बिष्टविष्ट संस्कृत के विशिष्ट नामक शब्द का अपभ्रंश है। इसे हजारों वर्ष पूर्व, हिमालयी क्षेत्र के कुछ खण्डों नेपाल, कुर्मान्चल (कुमांऊॅं), केदारखण्ड (गढ़वाल), जालन्धर (हिमाचल प्रदेश), और सुरम्य कश्मीर में उपनाम के रूप प्रयोग किया जाता है। इस उपनाम की उत्पत्ति का आधार अभी तक अज्ञात ही है। यह उपनाम रूपी शब्द नाम के पश्चात ही लगाया जाता है, जाे आज भी इन्हीं क्षेत्रों में प्रयाेग किया जाता है। यह बिष्ट नामक उपनाम अधिकॉशत: ठाकुर, क्षत्रिय यानि हिन्दू राजपूत लोग ही अपने नाम के साथ लगाते हैं।[2]

बिष्ट

Thakur Dan Singh Bist- 1947.jpg


दानसिंह बिष्ट (1906-10 सितम्बर, 1964) उद्योगपति तथा समाजसेवी
कुल जनसंख्या

१ लाख [1]

ख़ास आवास क्षेत्र
Flag of India.svg भारत Flag of Nepal.svg नेपाल
भाषाएँ
कुमाऊँनी, नेपाली, गढ़वालीहिमाचल प्रदेश
धर्म
हिन्दु धर्म
अन्य सम्बंधित समूह
हीत, थापा, कनौणियॉं, बस्नेत


नेपाल के बिष्टसंपादित करें

 
दीपक विष्ट, नेपालके सर्वाधिक पुरस्कृत ताईक्वान्डो खिलाड़ी

बिष्टविष्ट नेपाली क्षत्रिय समुह क्षेत्री जाति के एक पारिवारिक नाम है। ये ऐतिहासिक पाँच काजी परिवारोंमे से एक है। अन्य चार परिवार थापा, बस्नेत, कुँवर और पाण्डे है। राजा पृथ्वीनारायण शाहके समयमें दो विष्ट बन्धु; गजबल विष्ट और अतिबल विष्ट ने युद्धमें साहयता कि थी। तबसे उनको काजी पदसे सम्मानित किया गया और दरबारके घरानियाँ क्षत्रिय समुह में प्रवेश मिल गया। [3] नेपालको काजीको रुपमा विभिन्न स्पाथानहरुमा कर उठाउनी ब्यक्तिको रुपमा समेत विष्टलाई नै खटाईन्थ्यो ।नेपालमा ब्रामहण, क्षेत्री तथा मगर र भोटे विष्टहरु बसोबास गर्दछन । क्षेत्री विष्टहरु लडाईको लागि निपुर्ण मानिन्छन भने ब्राहमणहरु राजनितिमा लागेको पाईन्छ । विष्ट लोगोमें निम्न कुल वा घराना हैः

  • खबतरी विष्ट
  • खुलाल विष्ट
  • ऐड़ी विष्ट
  • पुँवर विष्ट
  • कृष्णात्रय/कृञ्णाजनी विष्ट
  • घिमिरे विष्ट

कुमांऊॅं के बिष्टसंपादित करें

प्राचीन काल में अधिकांशत: कुमांऊॅं क्षेत्र के राजपूत वंशावलियों के ठाकुर यानि क्षत्रिय लोग अपने नाम के साथ बिष्ट नामक उपनाम का प्रयोग करते थे। शनै-शनै कालान्तर के साथ विभिन्न राजपूत समुदायों ने भी बिष्ट नामक उपनाम को अपने नाम के साथ उपनाम के रूप में जोड़ना शुरू कर दिया था। जो वर्तमान में भी जारी है। अब कुमांऊॅं, गढ़वाल तथा हिमाचल प्रदेश में कई प्रकार के बिष्ट पाये जाते हैं।

  • हीत बिष्ट
  • स्यौंतरी बिष्ट
  • कनौंणियॉं बिष्ट
  • बौरा बिष्ट
  • महर, माहरा तथा मेहरा बिष्ट (चौहान मैनपुरी से कुमांऊँ आये हैं )
  • जलाल बिष्ट (परमार) हो सकते है, जिनके पूर्वज शायद चितौड़गढ़ से कुमांऊॅं आये।
  • जीना बिष्ट
  • मालानी बिष्ट
  • धुधलिया बिष्ट
  • Keda bisht

गढ़वाल के बिष्टसंपादित करें

गढ़वाल में भी बिष्ट एक उपनाम के रूप में प्रयोग किया जाता है। जिसे प्राय: राजपूत लोग अपने नाम के बाद लगाते हैं।

  • रमौला बिष्ट
  • भुलांणी बिष्ट
  • Keda bisht

हिमान्चल में बिष्टसंपादित करें

हिमान्चल प्रदेश में भी बिष्ट नामक उपनाम के लोग पाये जाते है। जिसे अधिकॉशत: ठाकुर, क्षत्रिय यानि राजपूत लोग अपने नाम के साथ प्रयोग करते हैं।

इन्हें भी देखेंसंपादित करें

स्रोतसंपादित करें

  1. "संग्रहीत प्रति". मूल से 22 मार्च 2017 को पुरालेखित. अभिगमन तिथि 13 मार्च 2017.
  2. "Bisht/Bist is a title used in communities living in the Central Himalayas, Indian state of Uttarakhand". विश्व लाइब्रेरी, संस्था. मूल से 6 फ़रवरी 2018 को पुरालेखित. अभिगमन तिथि 06 फरवरी, 2018. |accessdate= में तिथि प्राचल का मान जाँचें (मदद)
  3. "संग्रहीत प्रति". मूल से 13 मार्च 2017 को पुरालेखित. अभिगमन तिथि 12 मार्च 2017.