पुरालेख 53 पुरालेख 54 पुरालेख 55

कोलकाता विकिसम्मेलन, जनवरी 2019

नमस्कार सर्वेभ्यः🙏

सभी गणमान्य सदस्यों को सूचित करना चाहूँगा की पश्चिम बंगाल और पूर्वी/पूर्वोत्तर भारत में निवास कर रहे कुछ प्रमुख विकिसदस्यों के साथ हुई बातचीत के पश्चात, अगले वर्ष, यानी जनवरी 2019 में, हम अगला हिंदी विकिसम्मेलन कोलकाता में आयोजित करने का प्रस्ताव रखते हैं। इस आयोजन के लिए मैं और @अजीत कुमार तिवारी: जी प्राथमिक ज़िम्मेदारी लेने हेतु तैयार हैं। सभी सदस्यों से इस प्रस्ताव पर अपनी मूल्यवान राय/सलाह/टिप्पणी देने का आग्रह किया जाता है।

धन्यवाद!🙏

   निरपराधवत् मृदुरोमकः    वार्ता  19:51, 18 अगस्त 2018 (UTC)

प्रथम दृष्टया यह प्रस्ताव अच्छा लग रहा है। मेरी आप दोनों को शुभकामनाएं! साथ ही अनुरोध है कि आप दोनों सदस्य इसकी योजना जल्द से जल्द पेश करें।-- गॉड्रिक की कोठरीमुझसे बातचीत करें 10:11, 19 अगस्त 2018 (UTC)
यह एक बहुत अच्छी योजना है। --मुज़म्मिल (वार्ता) 19:20, 19 अगस्त 2018 (UTC)
हे राम ! फिर एक सम्मलेन ? --SM7--बातचीत-- 19:57, 19 अगस्त 2018 (UTC)
नमस्कार @SM7: जी, इसी मनोकामना के साथ करवाने का सोच रहे हैं कि अगली बार अगर कोई सम्मेलन हो तो "हे राम!" कहने का मौका न मिले किसी को भी।😁😇   निरपराधवत् मृदुरोमकः    वार्ता  18:15, 21 अगस्त 2018 (UTC)
बहुत अच्छा विचार है। --Sushma_Sharma (वार्ता)
विचार अत्योत्तम है, इस बारे में आपने फोन पर भी बताया था। किन्तु इस सम्मेलन हेतु कुछ मुद्दे/बिन्दु भी तय कर लें, जिनके साथ अन्य मुद्दे भी देखे जा सकते हैं, किन्तु कुछ बिन्दु तो इस सम्मेलन विशेष के लिये भी होने चाहिये। शेष पूर्ण सम्मति - आपको पहले ही पता है।आशीष भटनागरवार्ता 04:46, 23 अगस्त 2018 (UTC)

प्राथमिक सर्वेक्षण प्रपत्र

नमस्कार सर्वभ्यः

सभी गणमान्य सदस्यों से निवेदन है कि कोलकाता सम्मेलन हेतु इस प्राथमिक कम्युनिटी इंगेजमेंट सर्वे के प्रपत्र को अवश्य भरें।

प्रपत्र भरने हेतु यहाँ क्लिक करें।

प्रपत्र के तीन खंड हैं, पहले खण्ड में ८ प्रश्न हैं, दूसरे खण्ड में ३ प्रश्न हैं तथा तीसरे खण्ड में ४ प्रश्न हैं। पहला खण्ड में सम्मेलन हेतु सामान्य मानक प्रश्न हैं, दूसरा खण्ड हिंदी विकिस्रोत पर केंद्रित एक सर्वे है, तथा तीसरा खण्ड, सम्मेलन में चर्चा होने वाले विषयों के लिए है। यदि आप सम्मेलन में कोई विषय या कार्यक्रम जोड़ना चाहते हैं, तो इस प्रपत्र के माध्यम से निर्धारित स्थान पर बता दें। प्रत्येक एंट्री की समीक्षा के बाद फाइनल कार्यक्रम को सम्मेलन से पूर्व एक और सर्वे के ज़रिए निर्धारित किया जाएगा।

प्रपत्र को भरने का समय 29 अगस्त सुबह 7:30 से शुरू होकर, अंतिम समय 31 अगस्त 2018 को रात 11:59 मिनट तक है, अतः जल्दी भरें!

धन्यवाद!

   निरपराधवत् मृदुरोमकः    वार्ता  02:03, 29 अगस्त 2018 (UTC)

बगड़ और बागड़

हमारे यहाँ बगड़ और बागड़ दो लेख हैं जो लगता है कि एक ही हैं। अन्य सदस्य इस पर प्रकाश डाल सकते हैं। --मुज़म्मिल (वार्ता) 19:22, 19 अगस्त 2018 (UTC)

दोनों अलग हैं, जैसा कि इनमें लिखा भी है: पहला यानी बगड़, एक क़स्बा है। बागड़ एक इलाका है, मैंने इसे अंग्रेजी के लेख से जोड़ दिया है। यहाँ की भाषा अथवा बोली बागड़ी है। --SM7--बातचीत-- 19:51, 19 अगस्त 2018 (UTC)
धन्यवाद! --मुज़म्मिल (वार्ता) 20:00, 19 अगस्त 2018 (UTC)

अभिजीत तिवारी

कृपया ध्यान दें कि अभिजीत तिवारी को हटाए जाने के लिए नामांकित किया गया था, पर सदस्य साँचा हटा रहे हैं। प्रबंधगण लेख के सम्बंध में कोई निर्णय लें। धन्यवाद! --मुज़म्मिल (वार्ता) 20:08, 19 अगस्त 2018 (UTC)

सर जी, प्रबंधकों से ध्यान की अपेक्षा है तो चौपाल पे क्यों लिख रहे हैं? सूचनापट पे लिखें। --SM7--बातचीत-- 20:17, 19 अगस्त 2018 (UTC)
@Hindustanilanguage: लेख हटाया गया। वैसे ये परीक्षण पृष्ठ था, और सीधे ही शीह किया जाना चाहिए था। -- सायबॉर्ग (वार्ता) 01:47, 20 अगस्त 2018 (UTC)
@ArmouredCyborg: जी, हमारे यहाँ सदस्यनाम के आगे "जी" लिखने की प्रथा है। यदि आप भी इसका पालन करें तो वातावरण सौहार्दपूर्ण रहेगा। --मुज़म्मिल (वार्ता) 04:06, 20 अगस्त 2018 (UTC)
@Hindustanilanguage: जी, सबसे पहले तो मैं उसके लिए माफी मांगता हूं। वैसे आप मेरे इससे पहले के चैट कहीं देखेंगे तो पाएंगे कि मैं "जी" शब्द का इस्तेमाल करता ही हूँ। यहां भी इसे छोड़ने का मेरा कोई विचार नहीं था। हुआ यूं कि मैंने पहले मैसेज लिख दिया, और उसे पोस्ट करते करते याद आया कि मैंने आपको पिंग तो किया ही नहीं है। तो मैंने आपका सदस्य नाम लिखा, और फिर जल्दीबाजी में पोस्ट भी कर दिया, जिस कारण इस तरफ ध्यान नहीं गया। -- सायबॉर्ग (वार्ता) 04:25, 20 अगस्त 2018 (UTC)
कोई बात नहींं।--मुज़म्मिल (वार्ता) 04:33, 20 अगस्त 2018 (UTC)
@Hindustanilanguage: जी, आप से अनुरोध है कि यदि आप किसी विषय में प्रबंधकों का ध्यान आकर्षित करना चाहते हैं तो कृपा करके प्रबंधक सूचनापट पे लिखें और प्रबंधकों को टैग भी कर दें। यदि आप सदस्यों का ध्यान आकर्षित करना चाहते हैं तो चौपाल पर लिखें। बाकी आप समझदार हैं। धन्यवाद।--आर्यावर्त (वार्ता) 13:00, 20 अगस्त 2018 (UTC)
@आर्यावर्त: जी, जब मैं क्रोमबुक या कम्प्यूटर से सम्पादन करता हूँ तो मेरे पास टंकन के काफ़ी अवसर होते हैं। किन्तु सेल फ़ोन पर सीमित विकल्प होते हैं। चौपाल पर पहुँचना सरल था क्योंकि स्क्रीन के बाएँ हाथ पर एक सीधी कड़ी मौजूद थी। अन्यथा मैं प्रबंधक सूचनापट ही पर जाता। नोट के लिए धन्यवाद। --मुज़म्मिल (वार्ता) 13:52, 20 अगस्त 2018 (UTC)
@Hindustanilanguage: जी, मुझे लगा कि अनुरोध के बाद आप अवश्य इसका पालन करेंगे और चर्चा यहीं समाप्त हो जाएगी परंतु आपने कारण प्रस्तुत किया है तो उत्तर दे रहा हूँ। आपको बता दूं कि मैं भी मोबाइल से ही लिख रहा हूँ और सभी संपादन, प्रबंधक कार्य भी मोबाइल से ही करता हूँ। अभी भी मोबाइल से ही लिख रहा हूँ। मोबाइल से मेरे सभी कार्य होते हैं। केवल एक समस्या होती है कि बड़े लेख नहीं लिख पाता। बहुत समय लगता है। रही बात चौपाल और प्रबंधक सूचनापट की तो प्रबंधकीय कार्यो हेतु सूचित करने के लिए ही सूचनापट का अस्तित्व है। सामुदायिक चर्चाओं का लिए चौपाल है। यहाँ जिस कार्य हेतु आपने सूचना लिखी थी इसके लिए प्रबंधकों को सूचित करना होता है। आप मोबाइल में प्रबंधक सूचनापट की कड़ीं संजोयें हुए वेबसाइट की सूची में रख सकते हैं जो विकल्प सभी ब्राउज़र में होता है। आप खोज सन्दूक में ढूंढ सकते हैं और अपने सदस्यपृष्ठ पर भी सूचनापट की कड़ीं रख सकते हैं। हाँ सूचनापट पर आपके संदेश को उतने सदस्य नहीं देखेंगे जितने चौपाल पर देखते हैं। परंतु जिनको देखने की आवश्यकता है वे प्रबंधकगण अवश्य देख लेंगे। कार्य भी तेजी से होगा और सदस्यों का पढ़ने का समय भी बच जाएगा। धन्यवाद।--आर्यावर्त (वार्ता) 15:18, 20 अगस्त 2018 (UTC)
@आर्यावर्त: जी, आपके सुझाव अच्छे हैं और मैं उनका स्वागत करता हूँ। अभी मैं लीबिया के एचआईवी मुकदमे पर लेख पूरा करने में busy हूँ। मेरे विचार से हमारी चर्चा यहीं समाप्त हो गई है। यदि कुछ और कहना हो तो कृपया मेरे वार्ता पृष्ठ पर कहिए। मैं शायद कल रात ही में उत्तर दे पाऊँगा। धन्यवाद।--मुज़म्मिल (वार्ता) 15:35, 20 अगस्त 2018 (UTC)

┌──────────────────────────┘
@Hindustanilanguage: जी चौपाल के ही बैनर में जो स्क्रौल लगा है उसमें प्रबंधक सूचनापट की कड़ी है, वहाँ तक पहुँचने का सबसे छोटा रास्ता, बस आपको एक टैप और अधिक करना होता। और आर्यावर्त जी के लंबे संदेश को अन्यथा न लें इन्होंने ने एक बार बाहरी (समूह) चर्चा में एक बार बताया था; शायद आपको इनकी प्रतिभा का पता न हो, ये प्रातः काल शौचालय में भी जाते हैं तो पुनरीक्षण करते हैं।--SM7--बातचीत-- 16:04, 20 अगस्त 2018 (UTC)

और @SM7: जी, मैं शौचालय से बाहर आने के बाद थोड़ा बहुत पुनरीक्षण कार्य करने का प्रयास करता हूँ। --मुज़म्मिल (वार्ता) 16:16, 20 अगस्त 2018 (UTC)


"हाल ही में निधन" अनुभाग को मुख्य पृष्ठ पर जगह देने हेतु


महिला कल्याण के लिए विकी महिलाएं (Wiki Women for Women Wellbeing)

जैसा कि हमने हमेशा अपने व्यक्तिगत जीवन में देखा है कि महिलाएं अपनी जरूरतों और स्वास्थ्य संबंधी चिंताओं को अनदेखा कर देती है और हमेशा परिवार के लिए है जीती है। ऐसी सभी अद्भुत महिलाओं के प्रति हमने उनके लिए कुछ करने का सोचा है। अक्टूबर 2018 में हमने एक आयोजन आयोजित करने की योजना बनाई है "महिला कल्याण के लिए विकी महिलाएं (Wiki Women for Women Wellbeing)" जहां विभिन्न भाषा समुदायों की महिलाएं एक साथ शामिल हो के महिलाओं की स्वास्थ्य चिंताओं से संबंधित लेख बनाने और इसके बारे में जागरूकता बढ़ाने के लिए कार्य करेगी। इसके अलावा, योजना के दौरान प्रयास किया जायगा की कुछ महिलाओं को भविष्य नेतृत्व की भूमिका के लिए प्रशिक्षण करे। कुछ सदस्यों ने मेटा पेज पर हस्ताक्षर करके अपना समर्थन दिखाया है, हम प्रतीक्षा करेगे, आप हमारे साथ हाथ मिलाकर और सभी अविश्वसनीय महिलाओं के प्रति अपना समर्थन दे। "https://meta.wikimedia.org/wiki/Wiki_Science_Month_India_2018"

धन्यवाद!🙏 ------ Sushma_Sharma (talk) 10:22 21 अगस्त 2018

कश्मीरी विकिपीडिया की फ़ॉर्मेटिंग

नमस्कार

https://ks.wikipedia.org/wiki/

नागरी के इस्तिमाल करने वाले कश्मीरियों (मुख्य तौर पर कश्मीरी पंडितों) के लिये कश्मीरी विकिपीडिया की फ़ोर्मेटिंग बेहद खराब है। हाल में लेख लिखने में बहुत तकलीफ आ रही है। इस समस्या को हल करने के लिये क्या राय है? हमें क्या करना चाहिये? अरबी लिपि के साथ साथ देवनागरी भी कश्मीरी भाषा की कंटेम्पररी लिपि है, कम से कम https://gom.wikipedia.org/wiki/ कोंकणी विकिपीडिया की तरह दोनों लिपियों का ही इस्तिमाल होना चाहिये और बराबरी का दर्जा मिलना चाहिये। "Language select" फीचर भी कश्मीरी विकिपीडिया पर उपलब्ध होना चाहिये। कश्मीरी देवनागरी कीबोर्ड भी नहीं मिल रहा हूँ इसलिये हिन्दी कीबोर्ड का इस्तिमाल करना पड़ रहा हूँ।

इन सब को कश्मीरी विकिपीडिया पर लागू करने के लिये हमें क्या करना है?

--ज़िन्द भुवनेश्वरी (वार्ता) 08:46, 23 अगस्त 2018 (UTC)

@ज़िन्द भुवनेश्वरी: जी, आपका स्वागत है। मेरे हिसाब से देवनागरी में लिखने के लिए हिंदी, संस्कृत, मराठी या कोई भी भाषा हो लिखने के लिए कीबोर्ड एक ही है। अतः आप कश्मीरी में भी इसका उपयोग कर सकते हैं। एक साथ दो लिपि में लिखने की आवश्यकता हो ऐसा शायद आपका ही स्थानियभाषी विकिपीडिया है। आपने देखा होगा कि मेटा और कॉमन्स पर एक ही पृष्ठ अनेक भाषा में उपयोग में है। स्थानीय भाषा चुनने का विकल्प भी होता है। ठीक इसी प्रकार आपके विकि में ये ट्रांसलेट साधन से समाधान हो सकता है। कश्मीरी विकि देवनागरी और अरबी दोनों में उपलब्ध हो इसके लिए भी सेटिंग में आवश्यक बदलाव किए जा सकते हैं। इस कार्य हेतु प्रथान तो आपको स्थानिक विकि में चर्चा आरम्भ करके आमसहमति बनानी होगी और उसके बाद फैब्रिकेटर पर ले जाकर इसका समाधान हो सकता है। धन्यवाद।--आर्यावर्त (वार्ता) 10:30, 23 अगस्त 2018 (UTC)

आर्यावर्त जी

मदद के लिये आपको कोटि कोटि धन्यवाद ! सालों से अब तक कश्मीरी विकिपीडिया पर कोई सक्रिय संपादकगण नहीं रहे हैं। तो प्रश्न ये है कि कहाँ से आमसहमति बनाऊँ?

कश्मीरी वर्णमाला के कुछ खास अक्षर है जो हिन्दी, मराठी या संस्कृत भाषाओं में नहीं मिलती, जैसे कि अॅ ऑ ॶ ॷ ऎ ऒ । और ये सारे स्वर है जिसकी मात्राएँ भी होती है कॅ कॉ कॖ कॗ कॆ कॊ । मैं इन्हें कैसे टाइप कर सकता हूँ?

--ज़िन्द भुवनेश्वरी (वार्ता) 16:39, 23 अगस्त 2018 (UTC)

@ज़िन्द भुवनेश्वरी: देर से जवाब देने के लिये क्षमा, जहाँ तक मुझे जानकारी है आप फैब्रिकेटर पर कोई सक्रिय सम्पादक न होने का हवाला देकर यह सुविधा प्राप्त कर सकते हैं। लेकिन हाँ एक बार एक बार चौपाल पर यह प्रस्ताव अवश्य डालियेगा। इसके अतिरिक्त आप प्रबन्धक अधिकार प्राप्त करने के लिये मेटा विकी पर [यहाँ] किसी प्रबंधक के सक्रिय न होने की दशा में अधिकार देने का अनुरोध कर सकते हैं। शेष बात रही विशेष अक्षरों की तो आप इसे संपादन बार की वर्तनी सुविधाएँ विकल्प में देवनागरी पर जाये आप को सभी विशेष अक्षर अॅ ऑ ॶ ॷ ऎ ऒ लिखने की सुविधा मिलेगी। एक बीच हम भी इन अक्षरों को अपनी विकी पर प्रचलन में लाना चाहते थे मगर आम सहमति न बनने के कारण यह ख्याल छोड़ना पड़ा। धन्यवाद!-- गॉड्रिक की कोठरीमुझसे बातचीत करें 13:28, 25 अगस्त 2018 (UTC)
@ज़िन्द भुवनेश्वरी: जी, व्यस्तता के कारण आपका संदेश देख नहीं पाया था अतः आपको प्रतीक्षा करनी पड़ी हो तो क्षमाप्रार्थी हूँ। वैसे साथी प्रबंधक महोदय ने आपको उत्तर प्रदान किया है अतः उनका भी धन्यवाद अदा करना चाहूंगा। विकि में आम सहमति के लिए सक्रिय सदस्य न हो तो भी आप चर्चा का हवाला लेकर फैब्रिकेटर पे जा सकते हैं। काश्मीरी विकि में प्रबंधक का अधिकार लेना भी आपके लिए लाभप्रद रहेगा। इसके लिए भी आपकी विकि जे चौपाल में नामांकन करने से ७ दिन बाद आपको चौपाल की चर्चा की कड़ीं के साथ मेटा पर प्रस्ताव रखना होगा। रही बात टंकण की तो कोई मुक्त फॉन्ट उपलब्ध हो तो उसे स्थापित करवाया जा सकता है अन्यथा गोड़रिक की कोठरी महोदय ने आपको जो सूचना दी है उसका अनुसरण करें। और किसी भी सहायता चाहिए तो आपका सदैव स्वागत रहेगा। धन्यवाद।--आर्यावर्त (वार्ता) 15:02, 25 अगस्त 2018 (UTC)

हिंदी विकि भारतीय स्वतंत्रता दिवस लेख प्रतियोगिता २०१८

भारतीय स्वतंत्रता दिवस, 15 अगस्त के अवसर पर हिंदी विकिपीडिया समुदाय लेख संपादन प्रतियोगिता एवं सम्पादनोत्सव का आयोजन किया गया था जो 10 अगस्त से 20 अगस्त तक चला था। जिसके लिए विश्विक रूप से CIS से प्रतियोगिता के पुरस्कार विजेताओं के लिए पुरस्कार राशि हेतु प्रस्ताव किया गया है। यहां देंखें। -जे. अंसारी वार्ता 15:21, 23 अगस्त 2018 (UTC)

दक्षिण एशियाई क्षेत्रीय सहयोग संगठन

--मुज़म्मिल (वार्ता) 19:02, 26 अगस्त 2018 (UTC)

Editing of sitewide CSS/JS is only possible for interface administrators from now

(कृपया अपनी भाषा में अनुवाद करने में सहायता करें)

Hi all,

as announced previously, permission handling for CSS/JS pages has changed: only members of the interface-admin (अन्तरफलक प्रबंधक) group, and a few highly privileged global groups such as stewards, can edit CSS/JS pages that they do not own (that is, any page ending with .css or .js that is either in the MediaWiki: namespace or is another user's user subpage). This is done to improve the security of readers and editors of Wikimedia projects. More information is available at Creation of separate user group for editing sitewide CSS/JS. If you encounter any unexpected problems, please contact me or file a bug.

Thanks!
Tgr (talk) 12:39, 27 अगस्त 2018 (UTC) (via global message delivery)

बड़ा कटरा

--मुज़म्मिल (वार्ता) 16:33, 1 सितंबर 2018 (UTC)


राजपूत गुर्जर से बचाएँ

नमः सर्वेभ्यः, बहुत दिन से पृथ्वीराज चौहान लेख में एसे सम्पादन हो रहे हैं और मानो सम्पादन युद्धवत् स्थिति हो जाती है। सुरक्षा भी आशीषजी द्वारा की गई है। परन्तु कोई परिणाम नहीं। कृपया किञ्चित् सहायता करें। अस्तु। ॐNehalDaveND 01:02, 2 सितंबर 2018 (UTC)

CommonsDelinker द्वारा चित् पृष्ठ की कड़ियाँ बनाना

नमस्कार, मैंने अभी पाया है कि सदस्य:CommonsDelinker उपकरण चित्रों को हटाते समय यदि उनकी शुरुआत में File की जगह चित्र लिखा है तो चित् पृष्ठ की कड़ी छोड़ रहा है। इस सम्बन्ध में मैंने बैग रिपोर्ट कर दी है। सदस्यों से अनुरोध है कि जब तक इसका समाधान न हो, CommonsDelinker के योगदानों पर थोड़ा ध्यान रखा जाए व वर्तमान में निर्मित हो चुकी लाल कड़ियों को ठीक किया जाए। धन्यवाद--सिद्धार्थ घई (वार्ता) 10:36, 2 सितंबर 2018 (UTC)

नोट:ट्विंकल के कड़ीतोड़ मॉड्यूल से भी ये कड़ियाँ ठीक से नहीं हटेंगी, उदाहरण।--सिद्धार्थ घई (वार्ता) 10:50, 2 सितंबर 2018 (UTC)

क्या कोई सदस्य इस समस्या को बॉट द्वारा ठीक कर सकता है? @संजीव कुमार: क्या आप यह कार्य कर पायेंगे?--सिद्धार्थ घई (वार्ता) 10:55, 2 सितंबर 2018 (UTC)

सिद्धार्थ घई जी, सदस्य:स जी ने अपने बॉट से मुख्य नामस्थान वाली कड़ियों को हटाया है। बाकी भी शायद बाद में हटाने वाले हैं। यदि कुछ जगह बचता है तो मैं AWB से सेमी-ऑटोमेटिक तरीके से हटा दूँगा। --SM7--बातचीत-- 15:54, 2 सितंबर 2018 (UTC)
@SM7 और :: धन्यवाद--सिद्धार्थ घई (वार्ता) 16:00, 2 सितंबर 2018 (UTC)
सिद्धार्थ घई जी, यह कड़ी हटाने का कार्य पूर्ण हुआ। हालाँकि, अगर CommonsDelinker ने कोई ऐसे चित्र के हटने के बाद कड़ी तोड़ने की कोशिस की होगी जो चित्र हमारे यहाँ <gallery></gallery> के अंदर रहा होगा तो वहाँ भी "चित्|कैप्शन" जैसे छूटा होगा, इसके अलावा कुछ और पन्ने भी है यह या यहाँ देखें। इन्हें खोजना मुश्किल है। पर प्रयास करूंगा। --SM7--बातचीत-- 19:47, 2 सितंबर 2018 (UTC)
@SM7: प्रतीत होता है कि समस्या काफ़ी पुरानी है तथा जल्दी से सुधार के आसार नहीं नज़र आ रहे। बंगाली विकिपीडिया से किसी ने इस सम्बन्ध में मई 2017 में बग रिपोर्ट की थी, जिसका समाधान अभी तक नहीं हुआ है। अतः कम-से-कम मई 2017 के योगदानों की जाँच करनी होगी तथा भविष्य के योगदानों पर भी नज़र रखनी होगी।--सिद्धार्थ घई (वार्ता) 04:48, 3 सितंबर 2018 (UTC)
@SM7: यह बग 20-01-2015 से है व इस सम्बन्ध में उपकरण के निर्माता को अंग्रेज़ी विकिपीडिया पर सूचित कर दिया है। अतः अब 20-01-2015 से योगदानों की जाँच कर उन्हें ठीक करना होगा।--सिद्धार्थ घई (वार्ता) 05:35, 3 सितंबर 2018 (UTC)
सिद्धार्थ घई जी, अब क्या कहूँ, यही मैं भी खोज रहा था और यह समस्या मुझे ज्ञात भी थी तथा पुनरीक्षण के दौरान इसे साफ़ भी करता था (इसे देखें)। हाँ, बग इत्यादि फिल करने की जानकारी उस समय नहीं थी और बाद में पुनरीक्षण कार्य भी छूट गया। --SM7--बातचीत-- 05:41, 3 सितंबर 2018 (UTC)

┌──────────────────────────┘
@Siddhartha Ghai, संजीव कुमार, और : मैंने बॉट द्वारा "चित्|कैप्शन" जैसे प्रारूप में छूटी कड़ियाँ भी साफ़ कर दिया है। हालाँकि, इस दौरान मुझे एक ऐसा पृष्ठ मिला जिसके इतिहास में तीन तरह की त्रुटियाँ दिखीं जो इससे संबंधित हैं - [1] चित् शब्द की कड़ी छूटना, 2 चित् शब्द और कुछ अन्य पाठ छूटना पर कड़ी न बनना। और 3 फ़ाइल का नाम हट जाना परन्तु कैप्शन बचा रहना। इसमें से पहली त्रुटि सदस्य:स जी ने अपने बॉट (Sficbot) से ठीक किया दूसरी वाली मैंने। पर तीसरी तरह की त्रुटि को, चूँकि दिख गयी मैंने मैनुअली हटा दिया। यह तीसरी प्रकार वाली गड़बड़ गैलरी में है और File या Image से शुरू होने वाली चित्र कड़ियों के साथ भी ऐसा हुआ होगा; इसे खोजने का कोई तरीका मुझे समझ में नहीं आया। और शायद यह त्रुटि भी रिपोर्ट करनी होगी।--SM7--बातचीत-- 16:28, 6 सितंबर 2018 (UTC)

@संजीव कुमार, , और SM7:: बॉट द्वारा कार्य के लिए धन्यवाद। तीसरी समस्या हिन्दी या देवनागरी विशेष नहीं है, परन्तु सभी भाषाओं के लिए सामान है। यह पहले ही इशू 13 के रूप में रिपोर्ट हो चूका है।--सिद्धार्थ घई (वार्ता) 13:15, 7 सितंबर 2018 (UTC)

साँचे में चित्र का चयन


कोलकाता सम्मेलन, २०१९ की चर्चाएँ

सभी सदस्यों को सूचित किया जाता है कि चूँकि कोलकाता विकिस्म्मेलन की पुरानी चर्चाएँ नियमानुसार विकिपीडिया:चौपाल/पुरालेख 54 में डाल दी गयी हैं इसलिये भविष्य की चर्चाओं के लिये एक नया इवेंट पेज विकिपीडिया:सम्मेलन/कोलकाता हिन्दी विकिसम्मेलन २०१९ बनाया गया है। कृपया किसी भी सुझाव या चर्चा हेतु विकिपीडिया वार्ता:सम्मेलन/कोलकाता हिन्दी विकिसम्मेलन २०१९ पर अपनी टिप्पणीयाँ लिखें।-- गॉड्रिक की कोठरीमुझसे बातचीत करें 09:14, 3 सितंबर 2018 (UTC)

कड़ी

सभी गणमान्य सदस्यों से निवेदन है कि कोलकाता सम्मेलन हेतु इस प्राथमिक कम्युनिटी इंगेजमेंट सर्वे के प्रपत्र को अवश्य भरें। जानकारी [[ यहाँ पुरालेख में देखें

प्रपत्र भरने हेतु यहाँ क्लिक करें।

पहले निर्धारित अंतिम तिथि 31 अगस्त को बढ़ाया जा चुका है और प्रपत्र अभी भी भरने के लिए खुला है। धन्यवाद। --SM7--बातचीत-- 09:23, 3 सितंबर 2018 (UTC)

नवीन पृष्ठ को दुरुस्त करने में सहायता करें

कंटीले परवल, कँटीले परवल पृष्ठ के निर्माण में जो खामियां रह गई उन्हें सम्पादक गण सही करने में सहायता करें खासतौर से वैज्ञानिक विवरण वाला सन्दूख लगाने में। Krishna Kumar Mishra (वार्ता) 09:36, 3 सितंबर 2018 (UTC)


कृपया मेरे प्रत्येक सम्पादन में रद्दी सामग्री की छननी की व्यवस्था करने वाले लोग ध्यान दे



कालिंजर दुर्ग

कालिंजर दुर्ग ६ अप्रैल २०१८ से निर्वाचन हेतु प्रस्तुत है, और जितनी समीक्षाएं आयीं हैं, सभी का समाधान हो चुका है। ऐसे में यदि आगे की समीक्षा कोई आती हो तो आज से १५ दिन के भीतर अनिवार्य रूप से की जाये, अन्यथा:

या तो कोई अन्य प्रबन्धक इसे निर्वाचित घोषित कर दे (्क्योंकि मेरा स्वयं का प्रस्तावित और निर्मित लेख है और मैं स्वयं नहीं करूंगा)।
या १६ दिवस उपरान्त प्रस्ताव को वापस ले लेता हूं। ये विकिहित में विनम्र निवेदन है, कृपया अन्यथा न लें।
साभार: आशीष भटनागरवार्ता 15:14, 4 सितंबर 2018 (UTC)
मैं आपके पृष्ठ की जिम्मेदारी लेता हूँ। आप कृपया वापस न ले पृष्ठ को बस इतनी विनती है।-- गॉड्रिक की कोठरीमुझसे बातचीत करें 15:19, 4 सितंबर 2018 (UTC)
मुझे यह उमीद नहीं थी कि इतना वरिष्ठ विकिपीडियन अपना लेख निर्वाचित कराने के लिए धमकी देने पे उतर आये। बहरहाल महोदय कम से कम जिन पञ्चमाक्षरों के लिए पता नहीं क्या-क्या करने के लिए उतारू रहते, कालिंजर को कालिञ्जर चाहते, वे कालिन्जर और कालन्जर जैसे शब्द लेख से हटा लें। मुझे पूरी उमीद है कि सोलवें दिन यह निर्वाचित घोषित हो जाएगा। --SM7--बातचीत-- 18:32, 4 सितंबर 2018 (UTC)
सर्वप्रथम सदस्य:गॉड्रिक की कोठरी जी का धन्यवाद।
तदोपरान्त यह कहना चाहूंगा कि यदि किसी को विनम्र निवेदन और धमकी में अन्तर न दिखता हो, तो उसे हिन्दी भाषा पर मेहनत करनी चाहिये। पंचमाक्षरों के लिये मैंने कभी पता नहीं क्या क्या तो नहीं किया, किन्तु उनका विरोध भी नहीं किया। सदा से यही कहा है कि जो चाहे वो लिखे, जो न चाहे न सही, बस दूसरे कि लिखे हटाये नहीं। एक वरिष्ठ ्सदस्य को इस प्रकार से झूठा प्रचार नहीं करना चाहिये।
तृतीय लेख में लिखा है कि इसको कालन्जर भि कहा जाता है, तथा पौराणिक सन्दर्भ में श्लोकों को जैसे का तैसा लिखा जाता है - किसी रूठे फ़ूफ़ाजी सदस्य की निजी इच्छा के लिये श्लोक का मूल रूप बदला नहीं जाता है। पाठक इसे समझ सकते हैं कि कभी इसे (विशेषकर संस्कृत धार्मिक पाठ में) कालन्जर ही कहा जाता था, और ये ्वर्तमान कालिन्जर के लिये ही प्रयुक्त हुआ है।
हां यदि किसी सदस्य को निजी आपत्ति है तो वह मेरी वार्त्ता पृष्ठ पर बेधड़क लिखे - स्वागत है, एवं यथासम्भव समाधान भी होगा।
इससे अधिक यदि लेख के बारे में चर्चा हो तो उसके वार्ता पृष्ठ पर दें, मेरे से सम्बन्धित हो तो मेरे वार्ता पृष्ठ पर दें, निर्वाचन से सम्बन्धित हो तो निर्वाचन नामांकन पृष्ठ पर दें। मैंने यह सन्देश मात्र इसलिये लिखा था कि हिन्दी विकि पर निर्वाचित लेखों का अभाव है, और यदि इस प्रकार लेख निर्वाचन की प्रतीक्षा में बैठे रहेंगे तो यह अभाव बना ही रहेगा। अतः प्रक्रिया में तेजी लायी जाए।एक समय सीमा तय हो जिसके अन्दर कार्य ससमय पूर्ण हो पाये। शेष पढने वाले के विवेक पर निर्भर करता है कि उसकी समझ की कितनी सामर्थ्य है। आशीष भटनागरवार्ता 01:56, 5 सितंबर 2018 (UTC)
अहा! क्या बात है! आशीष जी, हिन्दी विकिपीडिया में आपकी उपस्थिति मात्र से हिन्दी और हिन्दी विकि को बढ़ावा मिल रहा है। कुछ लोग तो चाहते हैं कि हिन्दी से पञ्चमाक्षर और देवनागरी अंको को अदृश्य कर दें; आपके कारण उनका ये स्वप्न चूर चूर हो गया है। इसी कारण न चाहते हुए भी भड़ास निकल जाती है। जो हिन्दी विकि में हिन्दी का ही विरोध करते हो ऐसे सदस्य और उनकी टिप्पणियों का कोई मूल्य नहीं। आप आगे बढ़ें। लेख के प्रति ध्यान आकर्षित करने हेतु आपका बहुत बहुत धन्यवाद। मैं भी आपको आश्वासन देता हूँ कि यथाशीघ्र कार्यवाही की जाएगी।--आर्यावर्त (वार्ता) 04:55, 5 सितंबर 2018 (UTC)
बाप पूत बजनिया, माई धिया नचनिया। विशेषकर संस्कृत धार्मिक पाठ में कालन्जर के रूप में तथाकथित वैज्ञानिक पंचमाक्षर नियम का उल्लंघन हो सकता है, किन्तु इक्कीसवीं सदी की विकिपीडिया पर स्वघोषित विशेषग्य लोग इसे हिंदी विरोध घोषित करेंगे। कोई विडम्बक भी शरमा जाए हिंदी विकिपीडिया के हिंदी हितैषियों को देख के। --SM7--बातचीत-- 05:52, 5 सितंबर 2018 (UTC)

┌─────────────────────────────────┘
जिनका हिन्दी विकि पर नाममात्र का ही योगदान है और ना ही सदस्य के रूप में (लेख) और ना ही दस तरह के पेच करके प्राप्त प्रबंधक टूल से कोई ढंग का काम है वो अपने को हिन्दी का हितैषी घोषित करें समझ में नहीं आता।--हिंदुस्थान वासी वार्ता 06:19, 5 सितंबर 2018 (UTC)

चौपाल के हेडर में परिवर्तन हेतु प्रस्ताव की सूचना

नमस्ते, सभी सदस्यों से अनुरोध है कि विकिपीडिया वार्ता:चौपाल पर प्रस्ताव में हिस्सा लें ताकि चौपाल के हेडर में उचित सुधार किया जा सके। धन्यवाद। --SM7--बातचीत-- 21:46, 4 सितंबर 2018 (UTC)


कुछ स्पष्टीकरण


विदेश मंत्रालय (भारत) द्वारा प्रकाशित पुस्तक में हिन्दी विकिपीडिया को स्थान

प्रिय मित्रो, भारत की माननीय विदेश मंत्री श्रीमती सुषमा जी स्वराज की अध्यक्षता में, १०वें विश्व हिंदी सम्मेलन की अनुशंसाओं की अनुपालना हेतु एक समिति का गठन किया गया था उक्त समिति को दसवें विश्व हिंदी सम्मेलन के अंतर्गत १२ विषयों की पर प्राप्त अनुशंसाओं के अनुपालन हेतु दायित्व दिया गया था। विज्ञान के क्षेत्र में हिंदी विषय की अनुशंसाओं के अनुपालन हेतु डॉक्टर हर्षवर्धन, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मंत्री भारत सरकार तथा डॉक्टर मोहनलाल छीपा पूर्व कुलपति अटल बिहारी वाजपेई हिंदी विश्वविद्यालय भोपाल को यह दायित्व प्रदान किया गया था।जिसमें यह अपेक्षा की गई थी कि यदि किसी विभाग/ संस्था/ विश्वविद्यालय/ व्यक्ति या व्यक्तिगत स्तर पर इस संबंध में कोई अनुपालना की गई हो तो उसकी जानकारी दें जिससे कि विज्ञान के क्षेत्र में हिंदी विषयक प्रतिवेदन में शामिल कर १८ से २० अगस्त २०१८ मॉरीशस में होने वाले ग्यारहवें विश्व हिंदी सम्मेलन में उसकी जानकारी दी जा सके।

इस हेतु २३ मई २०१८ को समिति के सदस्य डॉ मोहनलाल छीपा जी का ई-मेल मुझे प्राप्त हुआ जिसके उत्तर में मैंने हिन्दी विकिपीडिया एवं विकिमीडिया फाउंडेशन के अन्य प्रकल्पों / परियोजनाओं /प्रतियोगिताओं की जानकारी तथा अनुपालना के विषय सविस्तार ई-मेल के माध्यम से ६ जून २०१८ को समिति को जानकारी प्रदान की। मुझे यह बताते हुए हर्ष हो रहा है की ११वे विश्व हिन्दी हिंदी सम्मेलन, मॉरीशस में भारत सरकार के विदेश मंत्रालय द्वारा प्रकशित पुस्तक ‘भोपाल से मॉरीशस’ में हिन्दी विकिपीडिया के कार्यो की न केवल सराहना प्रकाशित हुई बल्कि अन्य हिन्दी परियोजनाओं/कार्यक्रमों का कई बार इस पुस्तक में प्रमुखता से उल्लेख हुआ इस प्रकार विकिपीडिया के कार्यो की न केवल भारत बल्कि सम्पूर्ण विश्व में जानकारी और मान बढ़ा है, इस हेतु विकिमीडिया फाउंडेशन, सम्पूर्ण हिंदी विकिपीडिया एवं अन्य हिन्दी प्रकल्पों के सदस्यों को हार्दिक बधाई। --सुयश द्विवेदी (वार्ता) 11:23, 5 सितंबर 2018 (UTC)
@Suyash.dwivedi: जी, यह जानकारी साझा करने के लिये आपका धन्यवाद! यह निश्चित रूप से हमारी मेहनत का परिणाम है। क्या आप यह बता सकते हैं कि इसकी रिपोर्ट कब तक प्रकाशित होगी?-- गॉड्रिक की कोठरीमुझसे बातचीत करें 12:12, 13 सितंबर 2018 (UTC)
रिपोर्ट तैयार हो रह ीअपने समय की व्यस्तता के अनुसार कुछ समय और लगेगा -- सुयश द्विवेदी (वार्ता) 15:27, 14 सितंबर 2018 (UTC)

हाल के निधन पर नियमावली

सभी सदस्यों से अनुरोध किया जाता है कि {{साँचा:मुखपृष्ठ समाचार}} में हाल के निधन खण्ड के लिये नियमावली पर चर्चा प्रारम्भ हुई है। कृपया अपना मत देने को विकिपीडिया वार्ता:समाचार पर जाएँ।-- गॉड्रिक की कोठरीमुझसे बातचीत करें 12:57, 5 सितंबर 2018 (UTC)

कोलकाता विकिसम्मेलन

 
"ख़ुशी का शहर" आपका स्वागत करता है!

परियोजना पृष्ठ

कोलकाता विकिसम्मेलन की परियोजना पृष्ठ निर्मित हो चुकी है, सम्मलेन के बारे में जानकारी प्राप्त करने हेतु, प्रश्न पूछने हेतु, अथवा किसी भी प्रकार की चर्चा हेतु आप यहां जा सकते हैं। कृपया निम्न लिंक पर जाएँ:

विकिपीडिया:सम्मेलन/कोलकाता हिन्दी विकिसम्मेलन २०१९

कोलकाता विकिसम्मेलन के आवेदन पत्र का समर्थन करें

नमस्कार,

सभी गणमान्य सदस्यों को सूचित किया जाता है की जनवरी २०१९ को प्रस्तावित कोलकाता विकिसम्मेलन का आवेदन पत्र तैयार है। अतः सभी सक्रीय सदस्यों से निवेदन है की अधिक से अधिक संख्या में जुट कर मेटा के इस लिंक पर जा कर आवेदन पात्र का समर्थन(endorse) करें।

समर्थन करने हेतु निम्न लिंक पर जाएँ और यह कोड # {{support}} -- ~~~~ कॉपी-पेस्ट कर दें:
Grants:Conference/Innocentbunny/Wikisammelan_Kolkata_2019#Endorsements

सभी सदस्यों से समर्थन की अत्यंत अपेक्षा है।

धन्यवाद!

   निरपराधवत् मृदुरोमकः    वार्ता  19:06, 5 सितंबर 2018 (UTC)

हिन्दी विकिपीडिया के सभी मित्रों को नमस्कार

चोरगलिया माइकल गंज कठना नदी आदि नवीन पृष्ठों जोकि मेरे द्वारा निर्मित व सम्पादित किए गए हैं, कृपया अवलोकन करें व आवश्यक सुधार भी, वरिष्ठ सम्पादकों, प्रबंधकों से विनम्र अनुरोध है कि विकिपीडिया की हिंदी सेवा से जुड़ते वक़्त शुरुवाती दौर में तमाम पृष्ठ बनाएं जिनमे ओपनबिल्ड स्टार्क पृष्ठ का भी अवलोकन कर मेरे कार्य का मूल्यांकन करें। सादर अभिवादन सहित धन्यवाद Krishna Kumar Mishra (वार्ता) 06:55, 6 सितंबर 2018 (UTC)

Read-only mode for up to an hour on 12 September and 10 October

13:33, 6 सितंबर 2018 (UTC)

हैटनोट साँचों का अद्यतन

पुराने पड़ चुके सभी हैटनोट साँचों (जिनके द्वारा लेख के मूल पाठ के ऊपर तिरछे अक्षरों में भ्रम निवारण इत्यादि हेतु संदेश लिखा जाता है) का अद्यतन किया (लुआ वर्शन पर आधारित बनाने का) जा रहा है; इस दौरान हो सकता है कि अल्प समय के लिए किसी ऐसे साँचे से जुड़े पन्नों में मामूली त्रुटि दिखाई पड़ें। यदि कोई बड़ी त्रुटि किसी सदस्य की नज़र में आती है तो कृपया मेरे वार्ता पृष्ठ पर सूचित करें। प्रबंधक ऐसे त्रुटि वाले हैटनोट साँचों में तत्काल मेरे अद्यतन पूर्ववत भी कर सकते हैं। हालाँकि, प्रयास यही है कि ऐसा न हो। धन्यवाद। --SM7--बातचीत-- 17:06, 6 सितंबर 2018 (UTC)

पुरालेख साँचे में बदलाव और कई सदस्यों के वार्ता पृष्ठ पुरालेख का स्थानांतरण

नमस्ते, आवश्यक सूचना पुरालेख साँचे साँचा:Archives को लेकर है; पहले इसके द्वारा स्वचालित रूप से "कखग/Archive 1" के प्रारूप में ही कड़ियाँ पढ़ी जा पाती थीं जिसके कारण कई वार्ता पन्नों के पुरालेख अंगरेजी शब्द के समावेश के साथ बने हुए थे। कई सदस्यों ने अपने वार्ता पृष्ठ भी इसी प्रकार पुरालेखित किये थे। उक्त साँचे में बदलाव करते हुए इसे हिंदी में कर दिया गया है और अब यह "कखग/ पुरालेख 1", "कखग/ पुरालेख 2" के प्रारूप में पुरालेख पृष्ठ पढ़ सकता है और उनकी कड़ी स्वचालित रूप से दर्शा सकता है।

इस क्रम में कई सदस्यों के वार्ता पन्नों के पुरालेख का, पुनर्निर्देश छोड़ते हुए, हिंदी नाम पर स्थानांतरण कर दिया गया है। चूँकि अंगरेजी से पुनर्निर्देश छोड़ा गया है, ताकि पहले यदि किसी वार्ता में इस नाम से हवाला दिया गया हो तो वह कड़ी न टूटे, सदस्यों के इससे कोई परेशानी नही होनी चाहिए। यदि कोई समस्या हो तो वार्ता पन्ने पर सूचित करें। धन्यवाद। --SM7--बातचीत-- 06:17, 7 सितंबर 2018 (UTC)


बनाने योग्य लेखों की सूची का निर्माण

नमस्ते सर्वेभ्यः
हिन्दी दिवस लेख प्रतियोगिता का १४ सितंबर से आरम्भ हो रहा है। निलेश जी ने सुझाव दिया था कि एक बनाने योग्य लेखों की सूची बनाई जाए जिससे सदस्यों को विषय की पसंदगी में सरलता रहेगी। वैसे प्रतियोगिता में किसी भी उल्लेखनीय विषय पर लेख बनाया जा सकता है परंतु ऐसी सूची बनेगी तो न केवल इस प्रतियोगिता, आगे भी सदस्यों को लेख बनाने में काम आएगी। सभी सदस्यों से अनुरोध है कि इस विषय में अपने सुझाव दें, सूची में विषय, लेख जोड़कर जो हिन्दी विकि में अभी तक बने न हो ऐसे लेखों की सूची बनाने में मदद करें।

सूची विकिपीडिया:हिन्दी दिवस/लेख सूची पे बनाएँ।

धन्यवाद।--आर्यावर्त (वार्ता) 03:53, 11 सितंबर 2018 (UTC)

आर्यावर्त जी, सिर्फ नये लेखों की सूची बनानी है अथवा विस्तार हेतु लेखो को भी इसमें जोडना है? निलेश शुक्ला (वार्ता) 06:13, 11 सितंबर 2018 (UTC)nilesh shukla
@Nilesh shukla: जी, केवल नये लेख जोड़ने हैं। @आर्यावर्त: जी, जब नये लेख ही जोड़ने ही है तब सूची क्या बनाना? जिसके मन में जब कोई लेख बनाने का विचार आयेगा वह बनाएगा।-- गॉड्रिक की कोठरीमुझसे बातचीत करें 11:37, 11 सितंबर 2018 (UTC)
@Godric ki Kothri: जी, आपकी बात तो सही है लेकिन ऐसी सूची बने तो आगे भी योगदानकर्ताओं के लिए उपयोगी हो सकती है। वैसे ये सूची अनंत हो सकती है लेकिन मुख्य मुख्य विषयो को जोड़ सकते हैं।--आर्यावर्त (वार्ता) 13:14, 11 सितंबर 2018 (UTC)
मेरे विचार से इस सूची के सबसे ऊपर ही विशेष:वांछित_पृष्ठ की कड़ी दी जा सकती है। लेखक चाहें तो उसमें से लेख बना सकते हैं, जो कि किसी अन्य लेख/पृष्ठ की किसी लाल कड़ी को नीला भी कर देंगे। यह वैकल्पिक है।आशीष भटनागरवार्ता 02:26, 12 सितंबर 2018 (UTC)

कडी सुधार

प्रबंधक कृपया साँचा:देश आँकड़े ट्रान्सनिस्ट्रिया में ट्रांसनिस्त्रिया की कडी जोडे। Dharmadhyaksha (वार्ता) 10:37, 12 सितंबर 2018 (UTC)

 Y पूर्ण हुआ-- गॉड्रिक की कोठरीमुझसे बातचीत करें 15:11, 12 सितंबर 2018 (UTC)

14 सितंबर, हिंदी दिवस के अवसर पर संगोष्ठी

हिंदी दिवस के अवसर पर स्मार्ट सिटी भोपाल के इंक्यूबेशन सेंटर में "तकनिकी में हिंदी" इस विषय को लेकर एक संगोष्ठी आयोजित की गई है -- सुयश द्विवेदी (वार्ता) 18:10, 13 सितंबर 2018 (UTC)

हिंदी दिवस पर संगोष्टियों का आयोजन तो रात में तारे उगने के समान है। दिल्ली विश्वविद्यालय के लगभग सभी महाविद्यालयों में और दिल्ली के बहुत से कार्यालयों में भी ऐसा हो रहा है। चौपाल पर सूचना देने का मतलब विकिपीडिया वालों के लिए निमंत्रण तो नहीं है? स्पष्ट रूप से लिखिए ताकि भोपाल के हिंदी विकिपीडियन कुछ लुत्फ उठा सकें? अनिरुद्ध! (वार्ता) 05:16, 14 सितंबर 2018 (UTC)
यह संगोष्ठी सभी लोगो के लिए थी, चौपाल में सूचना देने का उद्देश्य यह था की यदि कोई भी भोपाल में (विकिपीडियन हो या ना हो) इस संगोष्ठी में भाग लेना चाहे तो उनका स्वागत है-- सुयश द्विवेदी (वार्ता) 15:39, 14 सितंबर 2018 (UTC)
how to take part in this hindi lekh pratiyogita

— इस अहस्ताक्षरित संदेश के लेखक हैं -Kashyap om (वार्तायोगदान)

सूचना

यहाँ एक पुनरीक्षक मित्र को इस दायित्व से मुक्त करने हेतु प्रस्ताव किया गया है। सदस्य अपनी राय रखें। धन्यवाद। --SM7--बातचीत-- 17:12, 17 सितंबर 2018 (UTC)

हिन्दी दिवस प्रतियोगिता हेतु महत्वपूर्ण सूचना

विकिपीडिया में प्रतियोगिता का आयोजन करने का मुख्य उद्देश्य नूतन लेखों को बढ़ावा देना था और पुरस्कार का हेतु प्रोत्साहित करना था। ग्रांट का प्रस्ताव प्रतियोगिता के लिए था, ग्रांट लेने हेतु प्रतियोगिता का आयोजन नहीं किया गया था। चौपाल पर हुई चर्चा से स्पष्ट होता है कि समुदाय में ग्रान्ट लेने हेतु स्पष्ट सम्मति नहीं है और विरोध भी है। इस विषय में हम आयोजकों ने चर्चा करके तय किया है कि ग्रांट का प्रस्ताव वापिस ले लिया जाए। हम क्षमाप्रार्थी है कि सदस्यों को इस बार पुरस्कार नहीं दे पाएँगे। विजेता सदस्यों की घोषणा होगी और बार्नस्टार दिया जाएगा। अगले साल भी सदस्यों का सहयोग रहा तो ही प्रतियोगिता का आयोजन करेंगे और कभी भी कोई ग्रांट नहीं लेंगे। बार्नस्टार दिया जाएगा। मुझे विश्वास है कि सदस्य ज्यादा से ज्यादा लेख बनाकर विकि को सहयोग करेंगे।--आर्यावर्त (वार्ता) 10:59, 18 सितंबर 2018 (UTC)

@आर्यावर्त: जी, हिन्दी विकी पर कोई प्रतियोगिता करना मतलब बुराई लेना है। जिस लिए मेरा सुझाव है कि कोई भी प्रतियोगिता आयोजित ना कराए जाये और वैसे भी पिछली स्वतंत्रता दिवस लेख प्रतियोगिता का भी निपटारा नही हुआ है। -जे. अंसारी वार्ता 11:46, 18 सितंबर 2018 (UTC)
@आर्यावर्त और J ansari: मेरे विरोध का मूल कारण एक आदमी द्वारा सबकुछ तय करके मेटा पर पहुँच जाना है। यही काम आप चर्चा करके उचित तरीके से करेंगे तो कोई आपत्ति नहीं जिसमें समूह निर्णायक इत्यादि को आपसी सम्मति से चुनें और यह चर्चा विकिपीडिया पर हो वाट्स एप पर नहीं। बाकी आप ग्रांट लें या न लें कोई ख़ास अंतर नहीं। --SM7--बातचीत-- 16:10, 19 सितंबर 2018 (UTC)
@SM7: जी, जिस प्रस्ताव में आपने विरोध किया था वो प्रतियोगिता में दिए जाने वालें पुरस्कारों की ग्रान्ट के लिए ही था। प्रतियोगिता के विषय में आपको कोई प्रश्न या आपत्ति हो तो प्रतियोगिता का वार्तापृष्ठ है ही। हिन्दी दिवस लेख प्रतियोगिता का आयोजन इस बार ही नहीं हो रहा, पिछले साल भी हुआ था। ऑफलाइन कार्यक्रमों में जितना खर्च होता है उसकी तुलना में ये पुरस्कारों का खर्च बहुत ही छोटा है और परिणाम बहुत अच्छा है। पिछले साल २०० से अधिक नये लेख बने थे और सभी लेख अच्छे स्तर के थे। सायबोर्ग जी, धर्माध्यक्ष जी जैसे सक्रिय सदस्य हमें इसी प्रतियोगिता से मिले थे। पिछले साल जब हमने समुदाय समक्ष इस प्रतियोगिता का प्रस्ताव रखा तब सदस्यों के साथ सभी प्रकार की चर्चा हुई थी। फिर क्या हुआ आपको पता है? किसीने कहाँ की प्रतियोगिता की ग्रान्ट के साथ सालभर के उपयोग हेतु टि शर्ट का एक सेट भी छपवाया जाए। जब कि दोनों आयोजको की राय थी कि पुरस्कार के लिए जितनी चाहिए उतनी ही ग्रांट लेंगे। अब उन टि शर्ट का क्या हुआ हमें नहीं पता लेकिन लोग हमें ही पूछ रहे हैं। पिछले साल ५००० की राशि बची थी। जब हमने ग्रांट लेने वाले सदस्य को भारतीय स्वतंत्रता दिवस लेख प्रतियोगिता में इस रकम में से पुरस्कार देने हेतु प्रस्ताव रखा तब उत्तर मिला कि नहीं दे सकते। इसलिए इस बार ग्रांट हम ही ले रहे थे। निर्णयक के लिए भी पिछले साल सभी के लिए खुला आह्वान किया गया था परंतु कोई आगे नहीं आया था। पिछली बार भी हमने निर्णय किया था। गुण के लिए स्पष्ट पद्धति है और कौनसे लेख को कितने गुण मिले इसकी जानकारी के साथ परिणाम घोषित किया जाता है। कोई भी सदस्य इसकी जाँच कर सकता है। इन सभी कार्यो के लिए हमें बहुत समय भी देना पड़ता है। प्रतियोगिता की नियमावली में स्पष्ट लिखा ही है कि आयोजको का निर्णय अंतिम रहेगा। इसमें सब कुछ आयोजक ही तय करते हैं इसमें कोई शंका नहीं है। आयोजन निजी होते हुए भी समुदाय के लिए है। जितने भी लेख बनेंगे विकि को ही लाभ होगा। जो भी पुरस्कार दिए जाने वाले थे वो भी सदस्यों को ही मिलने थे। आयोजक इसमें लेख तो बना सकते हैं परंतु पुरस्कार नहीं ले सकते। अब ग्रांट नहीं है तो पुरस्कार नहीं मिलेंगे वो भी सदस्यों को नहीं मिलेंगे। आयोजक केवल प्रतियोगिता के माध्यम से सदस्यों को लेख बनाने हेतु प्रेरित कर रहे हैं। अपना समय देते हैं।--आर्यावर्त (वार्ता) 03:36, 21 सितंबर 2018 (UTC)
महोदय ग्रांट के प्रस्ताव में ही मैंने विरोध किया क्योंकि उसी से मुझे पता चला कि ऐसी कोई प्रतियोगिता भी हो रही। मेटा पर ग्रांट का आवेदन देख कर ही पता चला कि सदस्य:स जी इसके जज हैं और आप आयोजक। तो विरोध कहाँ करता ? कोई और पूर्व-सूचना भी दी थी क्या आपने?
यह श्रेय लेना कि सायबोर्ग जी और धर्माध्यक्ष जी जैसे संपादक पिछली प्रतियोगिता के कारण मिले, कुछ ज्यादा ही हो गया है।
आयोजको का निर्णय ही अंतिम हो इस में कोई समस्या नहीं, आयोजक कौन हो इसका निर्णय कैसे हुआ इस पर आपत्ति है।
और यह भी जानता हूँ कि अभी आप बहुत ड्रामा करेंगे कि SM के विरोध के कारण पुरस्कार नहीं दिया जा सका और हिंदी विकिपीडिया का बहुत नुक्सान हुआ। --SM7--बातचीत-- 05:15, 21 सितंबर 2018 (UTC)

Feedback wanted on mobile web contribution prototype

CKoerner (WMF) (talk) 15:34, 18 सितंबर 2018 (UTC)

आवश्यक चर्चा

हमारे हिसाब से बुंदेलखंडी भाषा में भी विकिपीडिया चलना चाहिए।जैसे विकिपीडिया हिंदी गुजराती मराठी आदि में संचालित है वैसे ही बुंदेलखंडी में भी विकिपीडिया संचालित हो जाए तो हम उस पर संपादन करेंगे।आप इस पर विचार प्रकट करें।शीघ्र बताइए।तारण (वार्ता) 03:02, 24 सितंबर 2018 (UTC)

कुछ आधार टैग हटाने के लिए चर्चा

कुछ आधार टैग, जिनका प्रयोग नगण्य है अथवा बहुत कम लेखो में हुआ है उन्हें हटाने के लिए चर्चा हेतु विकिपीडिया:पृष्ठ हटाने हेतु चर्चा/साँचे/आप-राजनीतिज्ञ-आधार पर प्रस्तावित किया गया है। चूंकि यह साँचे अलग-अलग व्यक्तियों द्वारा निर्मित हैं यहाँ एक सामूहिक सूचना दी जा रही। कृपया इन आधार टैगों का प्रयोग सुनिश्चित करें अथवा यथोचित विचार चर्चा में व्यक्त करें। धन्यवाद। SM7--बातचीत-- 16:00, 19 सितंबर 2018 (UTC)

The GFDL license on Commons

18:11, 20 सितंबर 2018 (UTC)

Some fake accounts are disturbing the content

Dear Weki Team,

lot of people are distorting the content of "सैंथवार" on wekipedia page , please allow me to correct it. current available change is not enough or incomplete.

Thanks — इस अहस्ताक्षरित संदेश के लेखक हैं -Abhay Singh Baghuli (वार्तायोगदान)

@Abhay Singh Baghuli: इस पृष्ठ में बार-बार रद्दी व अज्ञानकोशीय सामग्री डाले जाने के कारण इसे तीन माह के लिये सुरक्षित किया गया है। अगर आप इसमें कोई सामग्री डलवाना चाह रहे हैं तो कृपया वार्ता:सैंथवार पर विश्वसनीय स्रोतों के साथ लिखें। इसे सत्यापित करने के पश्चात पृष्ठ पर सामग्री डाली जाएगी।-- गॉड्रिक की कोठरीमुझसे बातचीत करें 07:11, 22 सितंबर 2018 (UTC)

रूस सेंट पेटर्सबर्ग विस्फोट

--मुज़म्मिल (वार्ता) 09:06, 23 सितंबर 2018 (UTC)

Buddha Was Born in Nepal

--मुज़म्मिल (वार्ता) 11:23, 23 सितंबर 2018 (UTC)

पुरालेख साँचों का विलय

काफी समय से यहाँ {{पुरालेख}} और {{Archives}} साँचे एक ही कार्य के लिए थे। अब इन्हें एकरूप करके एक साँचा {{Archives}} मुख्य रखा गया है और {{पुरालेख}} को इसपर अनुप्रेषित किया गया है। विलय की इस प्रक्रिया के दौरान कई सदस्यों के वार्ता पन्नों पर बदलाव करने पड़े और कुछ के पन्नों का स्थानांतरण भी।

लाभ यह कि यह डुप्लीकेसी ख़त्म हो गई। दूसरे अबसे पहले केवल "सदस्य वार्ता:कखग/Archives 1" के प्रारूप में पुरालेख बनाने पर ही यह संभव था आप अपने वार्ता पन्ने पर केवल {{Archives}} लिख दें और यह आपके सभी पुरालेखों को स्वतः खोजकर उनकी लिस्टिंग कर दे। इस प्रारूप का अनुवाद कर दिया गया है अबसे पुरालेख बनाने हेतु "सदस्य वार्ता:कखग/पुरालेख 1" अथवा "सदस्य वार्ता:कखग/पुरालेख १" दोनों प्रारूपो का इस्तेमाल किया जा सकता है। --SM7--बातचीत-- 22:23, 23 सितंबर 2018 (UTC)

मेरे कुछ प्रश्न

नमस्कार सभी को मैने जो कुछ सम्पादन किये है क्या वो सही है क्रपया मुझे बताये,और मैने कोइ गल्ती किया हो तो मुझे माफ़ करे| Thanks Buddy (वार्ता) 15:51, 24 सितंबर 2018 (UTC)


साइडबार में बदलाव हेतु चर्चा

विकिपीडिया के साइडबार, हर पन्ने पर बाएँ दिखने वाली पट्टी, में कुछ बदलाव सुझावित हैं। कृपया अपनी राय देने के लिए वार्ता:Sidebar पर जाएँ। धन्यवाद। --SM7--बातचीत-- 13:52, 25 सितंबर 2018 (UTC)


पुरुष हॉकी विश्व कप २०१८ प्रतियोगिता में हिंदी समुदाय की भागेदारी

नमस्ते, भारत में हॉकी विश्व कप का आगमन नवंबर महीने में उड़ीसा राज्य में होने वाला है। कई समुदाय हॉकी के लेखों के सम्पादन के कार्य में लगे है। उद्धरण में यहाँ देखें। दिल्ली राज्य में भी हम (मैं और @Raju Jangid: जी) एक कार्यशाला करवाना चाहते है। हमने तय किया है कि हम जरा भी धन राशि का उपयोग नहीं करेंगे। एक भी पैसा नहीं। लेकिम हम सेंटर फॉर इंटरनेट एंड सोसाइटी के दिल्ली कार्यालय का उपयोग करना चाहते है, जहां पर हम उनके इंटरनेट, प्रोजेक्टर, मेज़ कुर्सी इत्यादि का उपयोग करेंगे। अगर कोई दूसरी भारतीय भाषा का संपादक भी आना चाहता है तो हम उसे भी आमंत्रित करेंगे। कोई सवाल हो तो बिलकुल पूछे। समर्थन के बाद हम सेंटर फॉर इंटरनेट एंड सोसाइटी से कार्यालय का उपयोग करने के लिए विनती करेंगे। --Abhinav619 (वार्ता) 14:43, 26 सितंबर 2018 (UTC)

समर्थन

  •   समर्थन अच्छी बात है कि इस प्रस्तावित कार्यक्रम में धन-राशि का कोई विवाद या उससे जुड़ी चर्चा नहीं है। एक पूर्व घोषित कार्यक्रम के संसाधनों का अतिरिक्त उपयोग हो रहा है - इसे 2-in-1 कहिए या फिर सीमित संसाधनों का सर्वोत्कृष्ट प्रयोग होना कहिए है - यह अति उत्तम है। इसके अतिरिक्त कार्यक्रम से राजू जी भी जुड़ रहे हैं, तो कार्यक्रम की सकारात्मक दिशा तय है - मुझे @Raju Jangid: जी पर पूर्ण विश्वास है। --मुज़म्मिल (वार्ता) 18:17, 26 सितंबर 2018 (UTC)
  •   समर्थन बहुत अच्छा कार्यक्रम। ज्यादा से ज्यादा सदस्यों इसमें भाग लेना चाहिए। -जे. अंसारी वार्ता 03:46, 27 सितंबर 2018 (UTC)
  •   समर्थन-- जब बातचीत हो तो यह भी बात करें कि क्या इन संसाधनों का प्रयोग मासिक प्रशिक्षण कार्यक्रम चलाने के लिए किया जा सकता है? हर महीने एक नियत समय (उदाहरण के लिए प्रथम सप्ताहांत), एक प्रशिक्षण कार्यशाला रखी जाए, कभी प्रारंभिक संपादन के लिए, कभी एडवांस्ड कार्यों के लिए..आदि। --अनामदास 04:33, 27 सितंबर 2018 (UTC)
  •   समर्थन कम से कम दिल्ली में रहने वाले विकिपीडियन्स को जरूर भाग लेना चाहिये।-- गॉड्रिक की कोठरीमुझसे बातचीत करें 05:43, 27 सितंबर 2018 (UTC)
  •   समर्थन-- दिल्ली और आस पास के सम्पादकों के लिए यह एक अच्छा अवसर है.--Shypoetess (वार्ता) 15:21, 4 अक्टूबर 2018 (UTC)

टिप्पणी

माझी जाति

--मुज़म्मिल (वार्ता) 16:16, 26 सितंबर 2018 (UTC)

लाला लाजपत राय

--मुज़म्मिल (वार्ता) 09:04, 29 सितंबर 2018 (UTC)

नीलम जी के लिए स्वतः परीक्षित अधिकार हेतु निवेदन

नीलम जी के उत्तम योगदान को देखते हुए उनका स्वतः परीक्षित अधिकार के लिए नामांकन किया गया है। सदस्यों से अपनी राय यहाँ देने की अपील है। --मुज़म्मिल (वार्ता) 13:49, 29 सितंबर 2018 (UTC)

सहस्राब्दी विकास लक्ष्य

--मुज़म्मिल (वार्ता) 19:50, 29 सितंबर 2018 (UTC)

संजीव कुमार द्वारा निर्णय, कितना उचित?

यह वार्ता अभी हाल में चली चर्चा NehalDaveND पुनरीक्षण दायित्व जारी रखा जाय अथवा नहीं? के सम्बन्ध में है। इसमें स:संजीव कुमार जी ने निर्णय दिया है जो बहुत सीमा तक अस्पष्ट है। स्थिति : 'स्वीकृत' --> का क्या अर्थ निकाला जाय?

मेरा दूसरा प्रश्न उनके द्वारा निर्णय देने के नैतिक औचित्य को लेकर है। सबको पता है कि पञ्चमाक्षर को लेकर नेहल के साथ चर्चा में वे भी जुड़े थे। जहाँ तक मुझे याद है उन्होने ही 'वाङ्मय' को 'वांमय' कर दिया था जिसे बाद में सुधारा गया। प्रश्न यह उठता है कि क्या कोई न्यायधीश उस मुकदमें में निर्णय सुना सकता है जिसमें वह स्वयं एक पार्टी हो? -- अनुनाद सिंह (वार्ता) 04:53, 30 सितंबर 2018 (UTC)

अनुनाद सिंह गुरु जी, यह तो हमेशा से होता आया हैं। पहले दो प्रबंधक को हटवाकर बोल दिया कि यह गलत आगे से फला फला नियम हैं यह करने के बाद ही आगे से प्रबंधक को हटाया जाएगा। अब जहाँ सदस्य ने स्वयं मतदान में भाग लिया हैं उन्ही ने निर्णय भी लिया हैं। अगर यही कार्य आर्यावर्त जी ने किया होता तो यहाँ नियम सुनने वालों की लाइन लग जाती।--जयप्रकाश >>> वार्ता 05:50, 30 सितंबर 2018 (UTC)
अगर मत संजीव जी न भी देते तब भी मत 6-6 बराबर होते और 50% नियम के अनुसार वे पुनरीक्षक पद से हट जाते।-- गॉड्रिक की कोठरीमुझसे बातचीत करें 06:16, 30 सितंबर 2018 (UTC)
गॉड्रिक की कोठरी जी, ये 50% नियम क्या है और कहाँ लिखा है? --अनुनाद सिंह (वार्ता) 06:27, 30 सितंबर 2018 (UTC)
@अनुनाद सिंह: जी, जब 3 प्रबंधकों (संजीव जी को हटाकर) और 3 पुनरिक्षकों ने उनके खिलाफ मत दिया है और विरोध में महज 6 मत पड़े हैं जिसमे 2 प्रबंधक और 2 पुनरीक्षक शामिल हैं, एक मत देने वाले सदस्य तो केवल ग्रांट मांगने के लिये ही सम्पादन करते हैं। हो सकता है संजीव जी ने यही चीज़े ध्यान में रखकर निर्णय लिया हो। वैसे ये उत्तर वही दें तो ज्यादा सही है। मैंने अपना विरोध मत देने के कारण साफ लिखा है कि मैंने अंक और पञ्चमाक्षर के कारण नहीं, बल्कि नेहल जी द्वारा शिष्टाचार नीतियों का उल्लंघन और उनकी धमकियों और तंजों से आजिज आकर दिया है। @Jayprakash12345: जी, वो नियमावली का प्रस्ताव मैंने ही रखा था मुझे निजी तौर पर वह व्यवस्था सही नहीं लगी थी और समुदाय के निर्णय के विपरीत जाकर आर्यावत जी ने केवल प्रबंधकों के मेटा के प्रस्ताव ले जाने वाली बात (जिसमे केवल उन्हीं का विरोध था) को लागू नहीं किया। मैंने उनके वार्ता पृष्ठ पर ये लिखा मगर उनका कोई जवाब नहीं आया। शायद वे यही चाहते हैं कि आगे भी वे बिना लॉगिन किये आईपी से अनिरुद्ध जी जैसे काबिल प्रबंधक को हटवा सकें और इसी कारण अपनी निजी राय वाला फ़ैसला समुदाय पर थोप दिया।-- गॉड्रिक की कोठरीमुझसे बातचीत करें 07:07, 30 सितंबर 2018 (UTC)
@Godric ki Kothri: जी, यदि मेरा प्रश्न आपको समझ में न आया हो तो लिखिए। यदि समझ आया हो तो उत्तर दीजिए कि ५०% नियम कहाँ लिखा है? ६ तक की गिनती और उसको आधा करना मुझे भी आता है, वह सब मत समझाइये।--अनुनाद सिंह (वार्ता) 07:17, 30 सितंबर 2018 (UTC)
@अनुनाद जी: अच्छा होता कि मेरे वर्ता पृष्ठ पर प्रश्न पूछते। हाँ, आप मेरे निर्णय पर मतदान करवाना चाहते हैं तो मुझे कोई आपत्ति नहीं है। स्वीकृत: वहाँ पर {{sr-request}} साँचा लगा है, उसमें हम जो भी लिखते हैं वो {{status}} में जाता है। इसमें पहले ३ विकल्प हुआ करते थे, पहला done (अर्थात् कार्य पूर्ण हुआ), not done (कार्य पूर्ण नहीं हुआ) और उसके अतिरिक्त उसमें खाली रखने का विकल्प था (अर्थात् मतदान चल रहा है)। उसके बाद मैंने कुछ वर्ष पहले इसमें दो और विकल्प जोड़े थे: on hold (विचाराधीन) और withdrawn (वापस लिया)। इनमें वहाँ के नामांकन के अनुरूप मुझे जो सर्वोत्तम लगा, मैंने उसका चयन किया। आपके अनुसार वहाँ कोई और साँचा लगाना चाहिए था तो उचित तर्क के साथ अब बता दें, मैं बदलाव कर दूँगा। दूसरी बात नैतिक औचित्य की है तो मैंने मतदान वाले उपानुभाग में स्थिति को स्पष्ट करने के लिए लिखा था। आपको उससे आपत्ति है तो अपनी आपत्ति को अच्छे से लिखें। मैं न्यायाधीश नहीं हूँ और पिछले विकि-कार्यशाला, भोपाल में मैंने सबके सामने यह स्पष्ट किया था कि मैं हिन्दी विकिपीडिया का न्यायाधीश नहीं हूँ। मैंने वहाँ पर जयप्रकाश जी, आर्यावर्त जी और नेहल जी के किसी भी प्रश्न को अनुत्तरित नहीं रखा था और सभी प्रश्नों के उत्तर देते समय उनकी सभी आशंकाओं का निवारण किया था। केवल एक निर्णय था कि आखिर फैसले क्यों नहीं होते तो मेरा उत्तर था कि मैं न्यायाधीश नहीं हूँ। मैं भी अन्य प्रबन्धकों (आप पूरी सूची यहाँ देख सकते हैं) में एक हूँ जो उन फैसलों पर निर्णय लेता हूँ जिनपर मैं काम करता हूँ। यथा पिछले कुछ दिनों से पुनः पुनरीक्षण कार्य आरम्भ किया था तो पुनरीक्षण सम्बंधी निर्णय ले रहा हूँ। @जयप्रकाश जी: वैसे तो यहाँ विकिपीडिया पर अनुनाद जी किसी के गुरु जी नहीं हैं, वो भी हमारे साथी हैं और बहुत पुराने सदस्यों में से एक हैं अतः आपका सम्बोधन मुझे समझ में नहीं आया लेकिन जो भी है, यह भोपाल कार्यशाला में चर्चा के दौरान निकले परिणामों के विपरित परम्परा है। प्रबन्धक के बारे में नियमावली में जो परिवर्तन किया गया है उसपर आप क्या विचार रखते हैं उसके लिए शायद यह उचित अनुभाग नहीं है, उसके लिए आपको अलग अनुभाग में चर्चा करनी चाहिए। @Godric ki Kothri: आपका उत्तर मुझे समझ नहीं आया।☆★संजीव कुमार (✉✉) 13:16, 30 सितंबर 2018 (UTC)
@संजीव कुमार: जी, इस चर्चा का विषय द्विपक्षीय नहीं बल्कि बहुपक्षीय है, इसलिए मैने इसे चौपाल पर रखना उचित समझा। संजीव कुमार जी आप उच्च कोटि के वैज्ञानिक हैं और आपके विवेक की मैं मन ही मन प्रशंसा करता हूँ। आप ने माना है कि 'स्वीकृत' इस मामले में अर्थहीन है। परिणाम को और स्पष्टता से लिखा जा सकता था। इसके लिए यह आवश्यक नहीं है कि कोई साँचा ही उपयोग में लाया जाय। मेरी आपत्ति यह है कि इस मामले में आप भी शामिल थे अतः आपको इसमें 'निर्णय करने' का नैतिक अधिकार नहीं है। आपने सदा विवेक का परिचय दिया है। जयप्रकाश जी के प्रबन्धक के लिए चयन में मुझे लगता है कि आप किसी दबाव में आ गये थे और उस पर जो शंकाएँ उठी थीं उनका तर्कसंगत उत्तर नहीं दे पाए थे। इस बार भी ऐसी ही स्थिति बन रही है। ऐसे होने लगेगा तो कोई कहेगा कि आपने 'वाङ्मय' के स्थान पर 'वांमय' किया था जो एक 'उत्पात' है। इस कारण आपको प्रबन्धक पद से हटाया जाना चाहिए। आप क्या कहेंगे?

--अनुनाद सिंह (वार्ता) 05:44, 1 अक्टूबर 2018 (UTC)

@अनुनाद सिंह: मैं प्रबन्धन अधिकारों के लोभ में कभी नहीं रहा। मामला आपको बहुपक्षीय लगता है तो ठीक है, आप यहाँ चौपाल पर रखें। मुझे आपके प्रश्नों से बहुपक्षीय नहीं लगा था अतः मैंने उपरोक्त टिप्पणी की। मेरे वास्तविक जीवन में क्या हूँ उसका तब तक यहाँ कोई महत्त्व नहीं है जब तक यहाँ मैं उसको किसी पर जाहिर नहीं करता। अतः मैं नहीं चाहता कि मेरे वास्तविक जीवन के कार्यों से यहाँ कोई प्रभावित हो। बात स्वीकृत की है तो आप अपना सुझाव क्यों नहीं लिखते जो स्वीकृत के स्थान पर लिखना चाहिये था। नामांकन के अनुसार स्थिति स्पष्ट नहीं थी लेकिन चूँकि नामांकन पुनरीक्षण अधिकार देने के लिए नहीं हुआ था अतः अधिकार हटाने के रूप में लिखा। साँचा इसलिए काम में लिया क्योंकि वो पुरानी परम्परा का हिस्सा है। मैं मामले में शामिल नहीं था। यहाँ मैंने परिणाम घोषणा के साथ ही उपर टिप्पणी की है और नीचे परिणाम में भी यह लिखा है कि उपर अधिकार हटाये जाने का कारण लिखा है। जयप्रकाश जी के प्रबन्धक चयन में मैंने उनसे व्यक्तिगत तौर पर भी बात की थी और स्थिति को स्पष्ट किया था, मैं किसी दवाब में नहीं था। इसबार भी ऐसा कुछ नहीं है कि स्थिति अस्पष्ट हो। यदि आपको वाङ्मय पर चर्चा करनी है तो आप नये अनुभाग में जा सकते हैं क्योंकि इससे जुड़े हुये लोगों में से कोई भी इसको स्पष्ट करने की स्थिति में आज भी नहीं है। कृपया पहले यह स्पष्ट कर लें कि यह वाङ्गमय, वाङ्मय अथवा वाङ्गय में से कौनसा है? चूँकि वाङ्मय लिखेंगे तो पञ्चामक्षरों वालों के नियम धोखा देंगे। यदि यह स्थिति स्पष्ट होती तो मैं बहुत पहले बॉट से इसे ठीक कर चुका होता क्योंकि मुझे गलतियाँ सुधारने में दिक्कत नहीं होती। लेकिन केवल विवाद पैदा करने के लिए कोई बिना जाने ही कुछ भी करने लगे तो मैं कुछ नहीं कह सकता। अतः कृपया विवाद खड़ा करने से पहले पूरी तैयारी करें और उससे जुड़े सभी मुद्दों का अध्ययन कर लें। यदि सही फैसले लेना प्रबन्धन अधिकारों के दुरुपयोग की श्रेणी में आता है तो आप इसपर मतदान करवा लें, मैं भी या तो विकिपीडिया को छोड़ देंगे या फिर उसी नियमावली के अनुरूप चलूँगा जो यहाँ पर विद्यमान होगी।☆★संजीव कुमार (✉✉) 07:36, 1 अक्टूबर 2018 (UTC)
@संजीव कुमार: जी, विकिपीडिया:पुनरीक्षक पद हेतु निवेदन पर लिखा है -
निवृत्ति
विकि नीतियों का चेतावनी मिलने के वाबजूद निरंतर उल्लंघन
आपने कितनी बार उनको साफ-साफ चेतावनी दी है? कृपया दिखाइये। कौन सी विकी नीतियाँ है? कहाँ लिखा है कि पञ्चमाक्षरों का हिन्दी विकि पर प्रयोग वर्जित है? क्यों सदस्य को पञ्चमाक्षरों का प्रयोग नहीं करने दिया जा रहा? अब 'वाङ्मय' पर। जब आपको यही पता नहीं है कि 'वाङ्मय' सही है या कुछ और तो आपने उसे बदला क्यों? बदलने से पहले चर्चा करनी चाहिए थी या नहीं। मुझे याद है कि मैने लिखा था कि वाङ्मय सही है उसका किसी ने खण्डन नहीं किया था। उनके साथ विवाद पञ्चमाक्षरों के विवाद में आप बिलकुल सम्मिलित थे। इसे अस्वीकार कैसे कर सकते हैं? --अनुनाद सिंह (वार्ता) 08:27, 1 अक्टूबर 2018 (UTC)
चेतावनी आप इतिहास के पन्ने देखकर पता कर सकते हैं। वाङ्मय पर मैं कैसे मान लूँ कि आपका लिखा हुआ सही है? पञ्चमाक्षरों को बदलने के लिए मजबूत स्रोतों का सहारा लिया था। इसके अतिरिक्त रही बात मेरे विवादों की, तो मैं केवल सुशील मिश्रा जी के साथ जरूर विवादों में रहा हूँ जिसमें भी उन्होंने शायद स्वयं ही विवाद बनाया था। इसके अतिरिक्त मैं हमेशा हेमन्त जी की कही एक बात को याद करता हूँ कि क्या फर्क पड़ जायेगा यदि कोई किसी जगह कुछ बदलाव कर देगा? करने दो, अगले को भी खुश होने दो। हम तो आनन्द के लिए विकिपीडिया पर हैं। २०१३-१५ में हेमन्त जी की बात समझ में नहीं आती थी। जून २०१४ में तो उनसे फोन पर भी २ घण्टे बात की थी लेकिन उनका यह कथन समझ नहीं आया था लेकिन बाद में धीरे-धीरे समझ में आने लगा। बॉट खाता बनाने के बाद समझ में आ गया कि यह तो बहुत आसान काम है। यदि समुदाय चाहता है कि वांगय/वांमय/वाङ्गमय इत्यादि को वाङ्मय करना है तो शायद कुछ मिनटों में यह बदलाव कर दिया जायेगा। लेकिन इसके लिए आपको अलग अनुभाग में चर्चा आरम्भ करनी होगी।☆★संजीव कुमार (✉✉) 17:51, 1 अक्टूबर 2018 (UTC)
@संजीव कुमार: जी, अब मैं इस विषय में कुछ नहीं लिखूँगा। पर चलते चलते इतना कहूँगा कि आपके इस निर्णय को लोग 'प्रबन्धक की मनमानी और पक्षपातपूर्ण निर्णय' के उदाहरण के रूप में पेश करेंगे।अनुनाद सिंह (वार्ता) 06:09, 2 अक्टूबर 2018 (UTC)
हर निर्णय किसी न किसी को तो पक्षपातपूर्ण लगता ही है।☆★संजीव कुमार (✉✉) 10:17, 2 अक्टूबर 2018 (UTC)
@संजीव कुमार: जी, ये ऐसा-वैसा पक्षपात का मामला नहीं है। ये २+२=४००० जैसी बात है, २+२=४.००००१ जैसा नहीं। आप इस बात का जबाब नहीं दे पाए हैं कि आपने कितनी बार उनको साफ-साफ चेतावनी दी है? इसका भी आपके पास कोई जबाब नहीं है कि 'वाङ्मय' को पूरे हिन्दी विकी में वांमय करना उत्पात क्यों नहीं है। दूसरा शुद्ध करे तो 'उत्पात' है, और आप सरासर अशुद्ध करें तो 'प्रबन्धकीय कार्य'। --अनुनाद सिंह (वार्ता) 10:33, 2 अक्टूबर 2018 (UTC)
@संजीव कुमार: जी, जब आप निर्णय दे रहे थे तो कारण में उन 'इतिहास के पन्नों' से खोजकर उन चेतावनियों का सन्दर्भ देना चाहिए था। अब भी दे दीजिए। लेकिन, वे 'औपचारिक चेतावनियाँ' होनीं चाहिए, जिसमें कोई प्रबन्धक के रूप में साफ-साफ चेतावनी दे रहा हो। --अनुनाद सिंह (वार्ता) 10:40, 2 अक्टूबर 2018 (UTC)

┌──────────────────────────┘
वाङ्मय को वांमय करना प्रबन्धकीय कार्य नहीं था और न ही उत्पात। चूँकि मैं इस शब्द के बारे में नहीं जानता था और आज भी इस शब्द का ज्ञान नहीं रखता। मेरी जानकारी में यह भूल से लिखा हुआ शब्द था अतः मेरे अनुसार सुधार किया था लेकिन यदि समुदाय इसको गलत मानता है और वास्तविकता में मेरे द्वारा किया गया कार्य गलत है तो मैं भूलवश हुई गलती को सुधारने को तैयार हूँ। लेकिन कोई स्पष्ट सामुदायिक मत नहीं मिला। इसके अतिरिक्त दशमलव पद्धति में मैंने २+२=४००० भी नहीं पढ़ा। हाँ सी-प्रोग्रमन भाषा में जरूर कई बार २+२ को वास्तविक संख्याओं के रूप में जोड़ने पर ४.०००१ आ जाता है जिसका कारण यहाँ बताना जरूरी नहीं है। यदि समुदाय चाहेगा तो इस मुद्दे पर लम्बी बहस भी कर सकते हो लेकिन मैंने अपना कारण साफ एवं स्पष्ट रूप में लिखने के बाद ही अधिकार हटाया है।☆★संजीव कुमार (✉✉) 10:50, 2 अक्टूबर 2018 (UTC)

@संजीव कुमार: जी, 'अगर समुदाय चाहेगा' का क्या अर्थ है? क्या प्रबन्धक द्वारा दी गयी चेतावनियों का सन्दर्भ देने के लिए आपको समुदाय से अनुमति लेनी पड़ेगी? ये बताइये कि पूरी हिन्दी विकी में 'वांङ्मय' को 'वांमय' करना उत्पाद नहीं है तो एक-दो लेखों के नाम में पञ्चमाक्षरों का प्रयोग करके उसे अधिक शुद्ध बनाना 'उत्पाद' कैसे हो गया? फिर भी आप कहते हैम कि २+२=४००० नहीं देखा है!! --अनुनाद सिंह (वार्ता) 11:03, 2 अक्टूबर 2018 (UTC)
पञ्चमाक्षर का प्रयोग शुद्धता की पहचान नहीं। आप एकबार उनके नामांकन को देखें। वहाँ भी मैंने लिखा था कि यहाँ कुछ सीखें लेकिन इसके पश्चात् सम्बंधित सदस्य ने पुनरीक्षण में कोई योगदान नहीं दिया। इसके अतिरिक्त मैं आपके द्वारा इच्छित प्रारूप में उत्तर क्यों दूँ? कृपया इसका कारण बतायें।☆★संजीव कुमार (✉✉) 11:12, 2 अक्टूबर 2018 (UTC)
@संजीव कुमार: जी, मैं अपने किसी प्रारूप में उत्तर नहीं मांग रहा। मैं तो यह चाह रहा हूँ कि आप साफ-साफ दिखाएँ कि आपने निर्णय नीतियों का पालन करते हुए लिखा है। निवृत्ति की नीति कहती है कि विकि नीतियों का चेतावनी मिलने के वाबजूद निरंतर उल्लंघन पाए जाने पर निवृत्त किया जा सकता है। इसलिए जानना चाहता हूँ कि वे 'चेतावनियाँ' कहाँ हैं और उनका निरन्तर उल्लंघन कहाँ है? कृपया ध्यान दीजिए कि यदि कोई 'पुनरीक्षण में कोई योगदान' न दे तो इस आधार पर उसे पुनरीक्षण अधिकार वापस लेने की नीति नहीं है। पञ्चमाक्षर का प्रयोग शुद्धता की पहचान नहीं, तो अशुद्ध भी तो नहीं है। उसे किस आधार पर 'उत्पात' मान रहे हैं और 'वाङ्मय' के स्थान पर 'वांमय' करने को नहीं। क्या ' समरथ को नहिं दोष गोसाईं ' यहाँ भी लागू होता है? --अनुनाद सिंह (वार्ता) 11:40, 2 अक्टूबर 2018 (UTC)
@संजीव कुमार: जी, वैसे तो कहने सुनने को कुछ बचा नहीं हैं। लेकिन आपके इस निर्णय को अब विकि पर कुछ गलत कार्य करने के लिए आधार ज़रूर बनाया जाएगा। जिस प्रकार केवल साधारण संदेश की चर्चा को चेतावनी के रूप में दिखाने चाहते हैं। ऐसी चेतावनी में हिंदुस्तानीवासी और मेरे मामले में 5 से अधिक दिखा दूँगा। और आप इसे सही मानते हैं तो फिर मैं बस यही कहूँगा कि आपको और आपके उन नीतिरक्षक साथी को अनामदास से इसे बारे में सिखना चाहिए। "मेरा मत है कि प्रबंधक मंडल की ओर से उनके वार्ता पृष्ठ पर औपचारिक चेतावनी दी जानी चाहिए।" (विकिपीडिया:प्रबन्धक_सूचनापट/पुरालेख_३#हिन्दुस्थानवासी_बनाम_जयप्रकाश) हम तो शायद इसी को प्रबंधकीय चेतावनी मानते हैं। मैं अभी 100% निश्चित मानता हूँ कि आप कभी अपनी गलती नहीं मानेगे। क्यूँकि आप इससे अपने को छोटा मानते हैं।--जयप्रकाश >>> वार्ता 12:50, 2 अक्टूबर 2018 (UTC)
आप दोनों लोग यदि कोई व्यक्तिगत कारणों से इस तरह के बहके हुये वाक्य लिख रहे हो तो मैं कुछ कहना पसन्द नहीं करूँगा लेकिन हाँ इतना जरूर कहूँगा कि टोपियों के संग्रह से बाहर निकलो तो मामला समझ में आयेगा लेकिन आप लोग (शायद) व्यक्तिगत स्वार्थ के लिए टोपियों के संग्रह का भाग बने हुये हो अतः आपको मैं तार्किक आधार पर नहीं समझा पाऊँगा। यदि आपको मैं गलतियों के पिटारे के रूप में प्रेक्षित हो रहा हूँ तो आप मेरी निवृत्ति के लिए आवेदन करें। आप जहाँ चाहें, जब चाहें आवेदन करें। मैं उस आवेदन में किसी के पूछे बिना टिप्पणी तक नहीं करूँगा। यदि आप वाङ्मय को आधार बनाना चाहते हैं तो पहले इस शब्द के शुद्ध रूप पर चर्चा कर लें उसके बाद गलतियाँ मैं सबकी दिखा दूँगा और इस हद तक कि शायद कोई सदस्य (शायद मैं भी नहीं) यहाँ ऐसा है ही नहीं जो अपने आप को एकदम दुध का धुला हुआ कहे। हाँ, आप दोनों लोगों की बातों से यह जरूर प्रतीत हो रहा है कि पिछले माह में मेरे द्वारा किया गया ताबड़तोड़ पुनरीक्षण कार्य आपको रास नहीं आया अतः आपने पुनरीक्षण कार्य को रोकने के लिए यह चर्चा चालु रखी है अन्यथा मेरे उत्तरों को समझने का प्रयास जरूर किया होता। सोते हुये को जगाया जा सकता है लेकिन जागते हुये को कौन जगाये!☆★संजीव कुमार (✉✉) 18:17, 2 अक्टूबर 2018 (UTC)
ऐसे ही उत्तर की आशा की थी। क्यूकिं आपके पास प्रबंधकीय चेतावनी को कोई हैं ही नहीं।--जयप्रकाश >>> वार्ता 23:25, 2 अक्टूबर 2018 (UTC)
मैं अब भी निराश नहीं हूँ और मुझे पूरी आशा है कि संजीव कुमार जी या तो चेतावनियों को खोजकर उद्धृत करेंगे या अपना निर्णय उलट देंगे। अलेक्जेन्डर पोप ने कितनी सुन्दर बात कही है- "गलती स्वीकार कर लेने में लज्जा की कोई बात नहीं है। इससे, दूसरे शब्दों में, यही सिद्ध होता है कि कल की अपेक्षा आज आप अधिक बुद्धिमान हैं।" इसलिए दो-तीन दिन उन्हें समय दीजिए और प्रतीक्षा कीजिए।--अनुनाद सिंह (वार्ता) 07:54, 3 अक्टूबर 2018 (UTC)
सदस्य नेहल जी के पिछले योगदान काफ़ी समय से और अच्छी मात्रा में हैं। इन्हें हटाने हेतु जो कारण दिया गया है, यदि उस कारण पर इन्हें चेतावनी दी गई है, तो अधिकार हटाना सही है - इसमें कोई सन्देह नहीं।
इसमें भी कोई सन्देह नहीं कि उक्त सदस्य को अन्य प्रकरणों में समझाया भि गया है, हालांकि कई बार उनसे कहीं अधिक दूसरे की गलती होने पर भि दूसरे को एक शब्द भी नहीं कहा गया। ऐसी घटनाएं सदस्य के मन में नकारात्मकता तो उत्पन्न ही कर सकती हैं।
५०% का कोई नियम बना हो - ज्ञात नहीं, हो तो अवश्य दिखायें। हाँ ८०% का नियम बनाने की बात एक बार सम्मेलन में अवश्य हुई थी।
हिन्दी विकिपीडिया एक विकासशील अवस्था में है, जहाँ वैसे ही सक्रिय सदस्यों, की बहुत कमी है। अतः प्रयास होना चाहिये कि ऐसे अधिकार हटाने के मामले न्यूनतम और अत्यावश्यक होने पर ही हों।
@संजीव कुमार: जी से निवेदन है कि वे अपने निर्णय पर एक बार पुनर्विचार अवश्य कर लें, और ्सम्भव हो तो बदलाव की संभावना खोजें।
इसके साथ-साथ ही ये भी आवश्यक है कि नेहल जी इस बात का वादा करें कि निकट भविष्य में कोई ऐसा विवाद हो तो कम से कम उनका नाम उसमें न जुड़ा हो। भोपाल के सुझावों पर भी ध्यान दें।
ये संजीव जी से निवेदन मात्र है, निर्णय बनाये रखना या बदलाव करना पूर्णतः उनके विवेक पर निर्भर है। साभार:आशीष भटनागरवार्ता 13:33, 3 अक्टूबर 2018 (UTC)
मुझे यह भी नहीं समझ आ रहा कि आप लोग संस्कृत विकिपीडिया के एकमात्र सक्रिय प्रबन्धक को यहाँ लाकर उस प्रकल्प को क्यों रुलाना चाहते हैं?☆★संजीव कुमार (✉✉) 17:58, 3 अक्टूबर 2018 (UTC)
काफी समय बाद इधर से गुज़रा तो थोड़ा झाँक लिया। और जो देखने को मिला उससे बहुत तकलीफ हुई। पुराना राग अलापने का मन हो उठा। Assume Good Faith... सद्भाव रखें। नुक्ते वाले का अपना जिंदगी भर का अनुभव है, पँचमाक्षर वाले का अपना। दोनों ठीक हैं, दोनों को स्वतंत्रता मिलनी चाहिये। दोनों को एक दूसरे को स्वीकार करना चाहिए। वाङमय की गलती जैसे अनुनाद जी ने बताई और जैसे संजीव जी हल करने चल पड़े, नेहल जी ने इसी प्रकार सद्भावयुक्त भाषा में बताई होती तो नौबत यहाँ तक नहीं पहुँचती। नेहल जी की राय को भी प्रारंभ में ही सम्मान दिया गया होता तो वे भी कभी उग्र नहीं होते। मैं आज काफी समय के बाद यहाँ आया और हैरानी है कि ये मुद्दे उस समय से अभी तक जीवित हैं। दुनिया वाले कहीं के कहीं बढ़ गये और हम हिंदी वाले एक दूसरे को अपने अनुकूल करने पर अडिग हैं। जिन लोगों की शालीनता के उदाहरण दिए जाते थे, वे बेवकूफानंद और मूर्खवंशी तक पहुँच गये हैं। मुझे यकीन ही नहीं हो रहा कि क्या ये वही लोग हैं? क्या से क्या हो गया? सभी से हाथ जोड़कर निवेदन है कि आपसी सद्भाव कायम रखें, दूसरे के ज्ञान, अधिकार का सम्मान करें। जिस शालीनता के लिए हम लोग जाने जाते हैं, उसे कायम रखें। काम पर ध्यान दें, व्यक्तियों पर नहीं। क्या आपको अपने लक्ष्यों का स्मरण है, क्या आपको हिन्दी कि दुर्दशा का स्मरण है, क्या आपको यह स्मरन है कि यहाँ हम सब हिन्दी की सेवा के लिए हैं? सादर --अनामदास 13:28, 10 अक्टूबर 2018 (UTC)
अनामदास जी , आपने बहुत अच्छी बातें लिखी है किन्तु थोड़ा सा इस मामले में बरती गयी इमानदारी पर भी प्रकाश डालना चाहिए था। क्या आपको नहीं लग रह है कि किसी को योजनाबद्ध तरीके से हिन्दी विकि से हटाने का प्रयत्न हो रहा है? क्या आपने यह प्रस्ताव देखा? थोड़ा इनके तर्कों को पढ़ लीजिए। हटाने के कितने सशक्त तर्क दिए हैं!! --अनुनाद सिंह (वार्ता) 04:44, 11 अक्टूबर 2018 (UTC)
यह समस्या यहां के लगभग सभी प्रबुद्धजनों को है कि शोध बनाम मूल शोध, प्रचार बनाम साफ प्रचार का अर्थ किसी को स्पष्ट नहीं है। खैर, इस समस्या में समझ का फेर है, और वह सब चलता रहेगा। फिलहाल जो समस्या मैं देख रहा हूँ, वह है कि इतने समझदार लोग सब बालवत व्यवहार कर रहे हैं और जिन्हें मैं इतना परिपक्व समझता हूं, वे सभी , मुझे माफ़ कीजियेगा इस शब्द के लिए, टुच्चे व्यवहार पर उतर आए हैं। इसमें मैं दोनों पक्षों को शामिल कर रहा हूँ। एक गुट के एक सदस्य तो प्रभुप्रदत्त स्वभाव से ही बालवत हैं। लेकिन उनके साथी और दूसरा गुट जो बन गया है, वे लोग मेरी दृष्टि में बहुत परिपक्व लोग हैं। शायद उनका धैर्य जवाब दे गया है। दोनों का। और अब दोनों गुट एक दूसरे को लहू लुहान करने पर उतारू हैं। समस्या फिलहाल न किसी शब्द की है, न लेख की, न किसी अधिकार की, न किसी प्रस्ताव की और न वोटिंग की। समस्या एक दूसरे पर विश्वास की है, एक दूसरे के प्रति सद्भाव की है। ईश्वर से प्रार्थना करता हूँ कि वे सभी को सदबुद्धि दें। अपनी कमियों को स्वीकार करने की, दूसरे की कमियों को क्षमा करने की शक्ति प्रदान करें। --अनामदास 01:50, 12 अक्टूबर 2018 (UTC)

रोलबैकर अधिकार संबंधी प्रस्तावित बदलाव

नमस्ते, वर्तमान में विकिपीडिया:रोलबैक और विकिपीडिया:रोलबैकर्स अधिकार हेतु निवेदन में इस सुविधा से संबंधित चीजें और चयन की प्रक्रिया लिखी हुई है। इनमें निम्नलिखित बदलाव प्रस्तावित किये जा रहे हैं:

अधिक सुलभ बनाना

किन्हीं कारणवश रोलबैकर अधिकार को, अधिकारों के पदानुक्रम में पुनरीक्षक से ऊपर मान लिया गया सा है। वास्तव में यह अधिकार इस तरह की किसी हैरार्की में नहीं आता और यह "रोलबैक" फ़ीचर प्रबंधक अधिकारों का भाग है जो प्रबंधकों (और पुनरीक्षको) की सुविधा के लिए, उनका कार्य आसान बनाने के लिए अन्य सदस्यों को दिया जा सकता है।

अतः यह प्रस्ताव किया जाता है कि,

  1. यह अधिकार सभी पुनरीक्षकों को स्वयमेव उपलब्ध कराया जाए और पुनरीक्षकों के अलावा अन्य सदस्यों को भी उपलब्ध कराया जाए।
  2. अधिकार धारण करने की योग्यता सदस्य के कार्यों द्वारा उसे नीति की समझ होना और बर्बरता से लड़ने में उसके योगदान को देखते हुए निर्धारित की जाये।
मतदान समाप्त करना
  1. वर्त्तमान में यह अधिकार सभी सदस्यों की रायशुमारी के पश्चात दिया जाता है। इसे प्रबंधकों द्वारा समीक्षा के उपरान्त दिए जाने का तरीका अपनाया जाय। अन्य सदस्य चाहें तो प्रबंधकीय समीक्षा में सदस्य के योगदानों (सकारात्मक/नकारात्मक) की ओर ध्यान दिलाने के लिए लिख सकते हैं यदि उन्हें लगता है कि समीक्षा में उन योगदानों की उपेक्षा की गयी है।
  2. नामांकन के बाद, प्रारंभिक समीक्षा के बाद एक सप्ताह तक स्टैंडर्ड होल्ड की व्यवस्था रहे ताकि कोई प्रबंधक किसी को समीक्षा करके तुरंत यह अधिकार न दे डाले। इस दौरान अन्य प्रबंधक भी अपनी ओर से समीक्षा कर सकते हैं और यदि आवश्यक समझे तो अपनी बात दर्ज कर सकते। हिंदी विकिपीडिया पर प्रबंधकों की वर्तमान संख्या को देखते हुए, एक प्रबंधक का भी विरोध यह साबित करता है कि आम सहमति नहीं है, अतः यह प्राविधान रखा जाय कि प्रथम समीक्षा के एक सप्ताह के भीतर यदि एक भी प्रबंधक युक्तियुक्त विरोध प्रकट करता है तो नामांकन / अनुरोध विफल माना जाय।

कृपया इन प्रस्तावों पर अपना मत रखें अथवा इनमें सुधार हेतु और सुझाव बतायें। धन्यवाद। --SM7--बातचीत-- 10:02, 30 सितंबर 2018 (UTC)

सुझाव पर फिलहाल कोई आपत्ति नहीं है। लेकिन इसे सिर्फ 100 सम्पादन पर दिया जाना सही नहीं है। कई बार देखा गया कि कठपुतली खातें और स्वप्रचार करने वाले अधिकार लेने का प्रयास करते हैं और इसके जरिये विश्वसनीयता हासिल करना चाहते होते हैं। इसको बढ़ा कर कृपया 1000 या कम से कम 500 तो किया जाना चाहिए। अन्यथा इस अधिकार या टूल के लिये कई विवाद उतपन्न होने की संभावना है।--हिंदुस्थान वासी वार्ता 06:34, 2 अक्टूबर 2018 (UTC)
मेरे विचार से हज़ार लेख सम्पदनों (सदस्य वार्ता, लेख वार्ता और चौपाल चर्चाओं को छोड़कर) के पश्चात यह अधिकार दिए जाने चाहिए। --मुज़म्मिल (वार्ता) 10:18, 2 अक्टूबर 2018 (UTC)
@Hindustanilanguage और हिंदुस्थान वासी: मुझे इसमें कोई आपत्ति नहीं है कि न्यूनतम अर्हता के लिए संपादन संख्या क्या तय की जाए। जो पहले से था उसे मैंने बदलने की कोई कोशिस नहीं की। अगर यहाँ पर्याप्त लोग इसका समर्थन करते हैं तो यह संख्या बढ़ा सकते हैं। वैसे इसमें यह भी जोड़ा जाना चाहिए कि यह न्यूनतम अर्हता है, इतनी संपादन संख्या हो जाना कोई ऐसी चीज नहीं जो किसी सदस्य को इस अधिकार का दावेदार बना देती। कई सदस्य इसे ऐसे ही प्रस्तुत कर सकते हैं। कृपया बाकी बिन्दुओं पर भी यदि कोई सुझाव हो तो बतायें। --SM7--बातचीत-- 13:26, 2 अक्टूबर 2018 (UTC)
पता नहीं क्यों धीरे-धीरे हिन्दी विकिपीडिया पर से नाम या सदस्यनाम के आगे जी लगाने की प्रथा समाप्त हो रही है। मैं मानता हूँ कि हृदय की गहराइयों में कोई किसी को अपना हम-पल्ला नहीं समझता। पर व्यव्हारिक वार्ता में इन न्यूनतम मापदंडों को नज़रअन्दाज़ करना दुर्भाग्यपूर्ण है! --मुज़म्मिल (वार्ता) 19:56, 2 अक्टूबर 2018 (UTC)
मुज़म्मिल जी, पिंग साँचे का प्रयोग करने पर यह होता है क्योंकि नामों के बाद तुरंत कॉलन लग जाता अपने आप और इसके बाद जी लिखने का कोई तुक नहीं। आप अलग से प्रस्ताव रखें तो पिंग साँचे में ही जी जोड़ दिया जाए जो ऑटोमेटिक लगे। --SM7--बातचीत-- 20:02, 2 अक्टूबर 2018 (UTC)
मुझे लगता है कि न्यूनतम अर्हता के रूप में सम्पादन संख्या रखना सीधे ही गलत और सही नहीं कहा जा सकता क्योंकि हिन्दुस्तान वासी जी की आपत्ति तुरन्त अधिकार पाने वाले अथवा कठपुतली खातों के लिए है तो ध्यान रहे ऐसे खाते ३ माह पुराने भी नहीं होते। इसके अतिरिक्त SM7 जी के सुझाव के अनुसार यह सदस्य के कार्य के आधार पर उसे प्रबन्धकों द्वारा दिया जाने वाला अधिकार है। इसमें १०० सम्पादन (जैसा मुज़म्मिल जी ने लिखा: मुख्य नामस्थान पर) और तीन माह पुराना खाता की शर्त रखना सही है। चूँकि चर्चा को एक सप्ताह से अधिक बीत गया है अतः मैं @मुज़म्मिल जी और हिन्दुस्तान वासी जी: से आग्रह करूँगा कि मेरे सुझावों को शामिल करने के पश्चात् उनकी आपतियाँ लिखें जिससे नियमावली को अतिशिघ्र लागू किया जा सके।☆★संजीव कुमार (✉✉) 07:14, 11 अक्टूबर 2018 (UTC)
संजीव जी, जैसा भी आप उचित समझें। --मुज़म्मिल (वार्ता) 18:10, 11 अक्टूबर 2018 (UTC)

साँचा:विमानक्षेत्र भारत

नमस्ते, यह सांचा कुछ ठीक नहीं लग रहा| साँचा:विमानक्षेत्र भारत - Jazze7 (वार्ता) 05:37, 4 अक्टूबर 2018 (UTC)

आशीष जी, कृपया ध्यान दें। --SM7--बातचीत-- 14:30, 4 अक्टूबर 2018 (UTC)
यह साँचा विमानक्षेत्रों के लेख बनाने हेतु निर्मित किया गया था, जिसकि अब उतनी आवश्यकता नहीं रह गयी है। इससे काफ़ी सारे विमानक्षेत्र जिनके आंकड़े उपलब्ध थे, उन्हें एक के बाद त्वरित गति से बनाने हेतु प्रयोग किया गया था। अब उतनी आवश्यकता नहीं रह गयी है, किन्तु यह अभी भी प्रयोगनीय है।
इसके प्रयोगार्थ {{विमानक्षेत्र भारत|1|2|3|4|5}} लिखें 
व १-५ तक के आंकड़े भरे दें। यह विमानक्षेत्र का लेख बना देगा। कभी किसी विमानक्षेत्र का लेख बनाना हो तो उपलब्ध आंकड़ों के साथ ये एक छोटा किन्तु पर्याप्त लेख उपलब्ध करा सकता है। आशीष भटनागरवार्ता 15:04, 5 अक्टूबर 2018 (UTC)
जैसा कि सोनारी हवाई-अड्डा और बेलगाम विमानक्षेत्र पर प्रयुक्त है। क्या इस साँचे को अब हटाना उचित रहेगा?☆★संजीव कुमार (✉✉) 09:34, 6 अक्टूबर 2018 (UTC)
@संजीव कुमार: जी अब हटाया भी जा सकता है, क्योंकि अब अधिकांश (बड़ी संख्या के) विमानक्षेत्र लेख तो बन चुके हैं, और उन लेखों में यह सांचा अपने कोड छोड़कर जा चुका है, अतः हटाया भी जा सकता है। यदि कोई चाहे तो किसी अन्य देश के विमानक्षेत्र आंकड़े ले कर इस सांचे के प्रयोग से बड़ी संख्या में लेख बनाये तो बना ले, अन्यथा सांचा हटा भी लें। मुझे इसकी कोई आवश्यकता नहीं है। यह कारण तो इसे मेरा विमानक्षेत्र लेख वर्धन पूर्ण होने के बाद भी हटाये न जाने के लिये था।आशीष भटनागरवार्ता 02:09, 8 अक्टूबर 2018 (UTC)
अब उपरोक्त दोनों विमानक्षेत्रों पर भी यह प्रयुक्त नहीं है।आशीष भटनागरवार्ता 02:26, 8 अक्टूबर 2018 (UTC)
आशीष जी इसे स्वयं हटाने के लिए नामांकित कर दें तो "लेखक के अनुरोध" के रूप में शीघ्र हटाया जा सकेगा; इस जगह हुई चर्चा का हवाला देकर हटाने से तो बेहतर होगा। --SM7--बातचीत-- 13:30, 8 अक्टूबर 2018 (UTC)

अपलोड प्रश्न

मैं अपनी फोटो विकिपीडिया पर अपलोड करना चाहता हुँ, इसके लिए क्या करुँ ?

{{सुनो तो}}

नमस्कार, सभी उत्सुक सदस्य ध्यान दें, ऊपर की एक वार्ता में जैसा कि मुज़म्मिल जी ने इंगित किया था, {{सुनिये}} के प्रयोग से नाम तो आ जाता है किन्तु जी नहीं लगता है। इसके समाधान हेतु एक प्रयास/प्रयोग किया है: - वह है सांचा {{सुनो तो}}।

इस सांचे का प्रयोग वैसे ही करें; इसके अन्त में जी स्वतः ही लग जाता है।
उदाहरणार्थ
@SM7: जी
कोई त्रुटि/सुधार या सुझाव हो तो अवश्य बतायें, एवं सही लगे तो प्रयोग किया जा सकता है। साभार:आशीष भटनागरवार्ता 15:24, 5 अक्टूबर 2018 (UTC)
@आशीष भटनागर: जी कुछ लोग बड़ी बारीक़ निगाह रखते हैं। कुछ महीने पहले मैंने एक सदस्य को यह कहते भी देखा था कि उन्होंने उत्तर देते वक्त "सुनिये" साँचा इस्तेमाल किया और उन्हें जवाब देने वाले ने "सुनो"; अर्थात यह उन्हें उत्तर देने वाले की (दुर्)भावना ज़ाहिर करता है। इसलिए मेरा ख़याल है कि इसे वर्तमान नाम पर रखना भी शायद कुछ लोगों को नागवार गुजरे। इसे वर्तमान नाम के बजाय "जी!" (छोटा भी हो) पर रखना ठीक होगा और "सुनिए जी", "सुनें जी", "सुनिये जी", "सुनो2" इत्यादि से अनुप्रेषण रख सकते हैं। बाक़ी, एक काम के लिए कई साँचे बनाना आपके लिए वाम-हस्त-क्रीडा भर है यह आपने पुनः साबित कर दिया। --SM7--बातचीत-- 16:16, 5 अक्टूबर 2018 (UTC)
यह काम आप बिना नया साँचा बनाये भी कर सकते थे। शायद आपको लुआ का बिलकुल ज्ञान नहीं है अन्यथा यह काम module:सुनिये के पंक्ति संख्या 30 में outStr = outStr.." [[:सदस्य:"..args[i].."|"..(args['label'..tostring(i)] or args[i]).."]] को बदलकर outStr = outStr.." [[:सदस्य:"..args[i].."|"..(args['label'..tostring(i)] or args[i]).." जी]]" अथवा outStr = outStr.." [[:सदस्य:"..args[i].."|"..(args['label'..tostring(i)] or args[i]).."]] जी" लिखकर किया जा सकता था। अधिका साँचों का निर्माण करना समस्या का हल नहीं बल्कि इससे समस्या बढ़ती है। आप चाहो तो आपको इसके अतिरिक्त और भी विकल्प उसी साँचे से बनाये जा सकते हैं।☆★संजीव कुमार (✉✉) 02:15, 6 अक्टूबर 2018 (UTC)

┌─────────────┘
महोदय के केस में केवल लुआ का ज्ञान भी समस्या का हल नहीं है। कहने के लिए भूतपूर्व प्रशासक हैं और बचकानी हरकतों का आलम यह कि चर्चा में सदस्यों के चिढ़ाने के लिए भी नए साँचे बना लेते हैं। उदाहरण द्रष्टव्य है – साँचा:अंगूठा जो केवल एक चर्चा में एक सदस्य हेतु बनाया गया है और चिबिल्लापन का सुंदर उदाहरण है। --SM7--बातचीत-- 04:42, 6 अक्टूबर 2018 (UTC)

आपको कैसे पता कि चिढ़ाने के लिए उपरोक्त साँचा निर्मित किया था? क्योंकि मैंने इसका केवल प्रबन्धक सूचनापट पर उपयोग देखा है जो उन्होंने शायद अपनी सहमति दिखाने के लिए किया था। हालांकि इसकी आवश्यकता नहीं थी।☆★संजीव कुमार (✉✉) 09:28, 6 अक्टूबर 2018 (UTC)
{{सुनिये}} के लुआ पर स्थानान्तरण के पश्चात मैंने इसके प्रलेखन पन्ने पर "जी" लगाने का तरिका भी अद्यतन किया था यदि वो तरिका पसन्द नहीं आया हो तो आप एक प्रस्ताव रखते। यह बदलाव आसानी से सभी स्थानों पर लागू हो जाता।☆★संजीव कुमार (✉✉) 09:41, 6 अक्टूबर 2018 (UTC)
@संजीव: जी, आपके सुझाव उत्तम हैं, किन्तु एक छोटे सांचे का निर्माण करना हटाना सरल कार्य है, जबकि लुआ मॉड्यूल में बदलाव कर तो दूं, किन्तु वह पूरे पिंग फ़ंक्शन पर लागू हो जायेगा, फ़िर किसी की सहमति हो या नहींं, ये सोचकर मॉड्यूल को छोड़कर वैकल्पिक कार्य किया कि समझ में आये तो प्रयोग करें अन्यथा पहले जैसे ही चलें। दूसरे सुनो जी/ सुनिये जी, आदि उस समय नहीं सुझे बाद में ध्यान आया तो ऐसे ही बना रहने दिया। मॉड्यूल तो पहले भी अनुवाद किये हैं, किन्तु यहां सही नहीं लगा। फ़िर अभी तो बच्चे हैं, सीख ही रहे हैं, हरकतें तो करेंगे ही। आशीष भटनागरवार्ता 02:03, 8 अक्टूबर 2018 (UTC)

क्या सिद्धान्त के स्थान पर स्वचालित ढंग से 'सिद्धंत' किया गया है?

मैने अभी-अभी पाया कि भारत में विज्ञान और प्रौद्योगिकी लेख में सब जगह सिद्धंत दिख रहा है। इसमें से मैने कुछ ठीक किया क्योंकि मुझे लगा कि कुछ जगह गलती से 'सिद्धंत' लिख गया है। किन्तु बाद में पाया कि सब जगह सिद्धंत ही सिद्धंत हो गया है। यह कैसे हुआ है? क्या यह पूरी विकि में हुआ है? --अनुनाद सिंह (वार्ता) 14:04, 8 अक्टूबर 2018 (UTC)

सबका तो पता नहीं लेकिन कुछ आपके इस सम्पादन से बदल गए।--हिंदुस्थान वासी वार्ता 16:01, 8 अक्टूबर 2018 (UTC)
धन्यवाद हिन्दुस्तान वासी जी। वास्तव में एक प्रकार की गलती सुधारते समय दूसरे प्रकार की गलती हो गयी थी। सुधार कर दिया है।--अनुनाद सिंह (वार्ता) 05:48, 9 अक्टूबर 2018 (UTC)

कोच राजबोंग्शी लोग

--मुज़म्मिल (वार्ता) 17:52, 9 अक्टूबर 2018 (UTC)

वर्तनी सुधार: वाङ्मय


संजीव कुमार के द्वारा पक्षपातपूर्ण निर्णय : आगे क्या किया जाय?

संजीव कुमार जी हिन्दी विकि के प्रबन्धक हैं। उनके द्वारा अभी हाल में लिए गए निर्णय पर सदस्यों ने अपनी प्रतिक्रिया दी है। निम्नलिखित बातें उभरकर सामने आ रहीं हैं-

  • (१) नेहल दवे पर पर की गयी कार्यवाही नीतिसंगत नहीं है। संजीव कुमार अभी तक नीति को उद्धृत नहीं कर पाए हैं (नेहल को कब चेतावनी दी गयी)। यह पूरी तरह से बदले की भावना से की गयी है।
  • (२) संजीव कुमार इस विवाद में सम्मिलित थे। उन्होने शुद्ध शब्द (वाङ्मय) को अशुद्ध (वांमय) बनाकर बर्बरता की है। जबकि नेहल दवे ने पंचमाक्षरों का प्रयोग करने का जो कार्य किया था वह किसी तरह से 'बर्बरता' नहीं थी। इसलिए इस मामले में संजीव कुमार पर कार्यवाही की जानी चाहिए न कि नेहल दवे पर। लेकिन हुआ उल्टा।
क्या किया जाय?
  • (१) अब ऐसा लगने लगा है कि मामले का यहाँ हल नहीं निकल सकता। क्या मामले को ऊपर ले जाना चाहिए?
  • (२) संजीव कुमार बार-बार इस मामले पर मत लेने की बात कर रहे हैं। पता नहीं इसका क्या अर्थ है। शायद वे यह कहना चाहते हैं कि उनको प्रबन्धक पद से हटाने के लिए अभियान चलाकर मतदान आदि करा लीजिए।

कृपया सदस्यगण बताएँ कि क्या करना चाहिए, और किस क्रम में करना चाहिए।--अनुनाद सिंह (वार्ता) 04:40, 13 अक्टूबर 2018 (UTC)

बालगोपाल, तुम यह निर्णय किये जाने के बाद से ही यह साबित करने के कुत्सित प्रयास में क्यों लगे हुए हो कि नेहल को पंचमाक्षर प्रेम के कारण हटाया गया है। केवल आरोप लगाने नंगई करने के बजाय नामांकन पढ़ने का कष्ट किया ? उन्हें इतना भी नहीं समझ कि बर्बरता क्या है और रोलबैक (तीन क़िस्म के) और पूर्ववत करने में क्या अंतर है ? पुनरीक्षक बनने के लिए 70 % सदस्यों का समर्थन दरकार होता है जबकि राय लिए जाने पर आधे से ज़्यादा लोगों ने इसे जारी न रखने के लिए राय वयक्त की है। फिर यह ड्रामा क्यों फैला रहे हो कि पंचमाक्षर प्रेम के चलते या वांग्मय पर विवाद के चलते उन्हें हटाया जा रहा। राजनीति करने अड्डा तुमलोगों ने बना रखा है पंचमाक्षर और देवनागरी अंक लागू कराने के लिए और बकवास कर रहे शुरू से कि उन्हें गलत ढंग से हटाया गया है? तुम्ही साबित क्र दो कि मेरा जो संपादन उन्होंने रोलबैक किया वो बर्बरता था या मुझे वार्ता करनी चाहिए थी ? तुम खुद समझते हो बर्बरता और रोलबैक का क्या मतलब होता है या केवल संपादन संख्या और योगदान गिना लेने के दंभ से भरे हुए रहते हो? --SM7--बातचीत-- 05:19, 13 अक्टूबर 2018 (UTC)
एस एम जी, थोड़ा भाषा पर लगाम रखिए। दूसरों को लिखने का मौका दीजिए। इस मामले में निवृत्ति की नीति एक बार और पढ़ लीजिए।--अनुनाद सिंह (वार्ता) 05:44, 13 अक्टूबर 2018 (UTC)
क्यों, तुम्हारी पर लग गयी ? बेलगाम कौन हुआ था पहले यह जाँच नहीं करवाओगे ? तुम चेतावनी दिलवाना चाह रहे न नीति का हवाला देकर ? ले के चलो मामला ऊपर तक जितना ऊपर तक जा सकते हो। दूसरे जिन्हें जो लिखना है लिखें तुम तो पहले जवाब दो कि बर्बरता किसे कहते हैं ? --SM7--बातचीत-- 05:53, 13 अक्टूबर 2018 (UTC)
भाईज़ॉन, गुस्सा थूक दीजिए। आप गुरुजी हैं। नेहल को प्राइमरी मदरसे का बच्चा समझिए। आपको उसके द्वारा दी गयी श्रेणी उससे पूछकर बदलनी चाहिए थी। आपके द्वारा की गयी गलती को ठीक करने का अधिकार उसे है। गलती आपने की और भागकर जाकर एफआईआर भी दर्ज करा दिया। और जज साहब ने जो किया वह आपके सामने है। -- अनुनाद सिंह (वार्ता) 13:26, 13 अक्टूबर 2018 (UTC)
अभी भी भाईज़ॉन लिख कर आपके द्वारा जो प्रेम ज़ाहिर किया जा रहा उसकी रू में लग तो नहीं रहा गुस्सा थूक देना उचित कार्य होगा और इससे आपमें कोई सुधार आएगा। ग़लती किसने की और सुधार करने का अधिकार किसका था तथा बर्बरता किसने – इत्यादि पर तो आपने बात नहीं की बल्कि सीधे राजनीति शुरू कर दी। जज साहब जिन्हें कह रहे उनके फैसले पर आपको प्रबंधकों से समीक्षा करवा लेनी चाहिए थी, जिसे आप पता नहीं क्या सोच कर चौपाल पे ले आये और पूरी चर्चा में यही राग छेड़े रहे कि साबित कर सकें कि यह पंचमाक्षर का झगड़ा है। अभी भी आपका प्रयास शायद यही होगा। क्योंकि जज साहब के फैसले की समीक्षा तो आपको करवानी नहीं। आपको तो रोटियाँ सेंकनी हैं वो आप सेंक रहे (एकाध लोग और हैं जो नहीं आये अभी तक इस्पे मुझे अचरज है थोड़ा)। अभी भी आप खुद ही जजी कर रहे मामले का यहाँ हल नहीं निकल सकता। क्या मामले को ऊपर ले जाना चाहिए? और दूसरे नम्बर पर भी आपने जो लिखा है वो पता नहीं प्रश्न है, राय है या क़यास है; बस इतना समझ में आ रहा कि आप ऊपर जाने या कोई अभियान चलाने को उकसावा देना चाह रहे। मेरी सलाह मानें तो उक्त मुद्दों पर चौपाल पर माहौल बनाने और अन्य सदस्यों को उकसाने के बजाय आप अपने विचारों को क्रियान्वित कीजिए। लेकिन पूर्ण विश्वास है कि आप वो करेंगे नहीं, जैसे आपको और प्रबंधकों को मेरी ओर से खुली छूट है कठपुलती जाँच कराने की लेकिन आप वो नहीं करायेंगे क्योंकि तब आपके पास कोई मुद्दा नहीं बचेगा, इसलिए बस "मिया" और भाईज़ॉन लिखते रहेंगे। लिखते रहेंगे तो मुझे गुस्सा भी आएगा और ऍफ़आईआर भी दर्ज कराऊँगा। और प्रबंधकों को कई बार इस बारे में पिंग कर चुका हूँ, इसलिए गुस्सा अब उनपे भी आएगा कि वे आपके "मिया" और भाईज़ॉन पर लगाम लगा पाते कि नहीं।
PS: गुरुजी आप हैं जैसा आपके चेले संबोधित भी करते हैं। अपने आश्रम के बटुकों की हिमायत में ही इतना व्यग्र हैं आप, आप पर न्यायप्रियता का कोई दौरा नहीं चढ़ा इतना हमें भी पता है। --SM7--बातचीत-- 13:57, 13 अक्टूबर 2018 (UTC)
यस यम ज़ी, आपका ग़ुसा शान्त करने के लिए ऊर्द़ू-फारसी शब्दों का प्रयोग करता हूँ। मैं तो इन्हें सम्मानसूचक शब्द समझता था। लेकिन आपने आजतक इस बालक को 'मिया' का अर्थ नहीं बताया। क्या करूं? कई बार सोचता हूँ कि मैं भी झूठ में ही रोते हुए जाऊँ और एफ आई आर करूँ, लेकिन झूठे आँसू निकाल ही नहीं पाता। --अनुनाद सिंह (वार्ता) 14:24, 13 अक्टूबर 2018 (UTC)
कितने लोगों को इस ख़ास आदर का भाजन बनाते हो मासूम बालक ? --SM7--बातचीत-- 14:42, 13 अक्टूबर 2018 (UTC)
आगे क्या किया जाए : मेरा सुझाव है कि इस सिर फुटव्वल में शामिल सभी महानुभावों को 3 महीने की छुट्टी पर भेज दिया जाए। --अनामदास 02:46, 14 अक्टूबर 2018 (UTC)
२२ अक्टूबर २०१८ तक यदि इस मुद्दे को ऊपर ले जाने या किसी अन्य विकल्प के के पक्ष में श्री नेहल दवे सहित कम से कम तीन सदस्यों का स्पष्ट मत नहीं आया, तो मैं समझूँगा कि इस मुद्दे को यहीं छोड़ना ही सही विकल्प है। --अनुनाद सिंह (वार्ता) 09:22, 18 अक्टूबर 2018 (UTC)

मेरा Article Edit नहीं हो रहा है ।

All India ITI Students Union भारत सरकार द्वारा पंजीकृत संगठन है फिर भी मेरा Article Edit नहीं हो रहा है 12 October 2018 Oshwah (talk | contribs) blocked ALL INDIA ITI STUDENTS UNION (talk | contribs) लिखा आ रहा है मैं क्या करूं।

मुखपृष्ठ समाचार में हाल के निधन खण्ड

निलेश शुक्ला जी के प्रस्ताव हाल के निधन को मुखपृष्ठ समाचार पर लागू कर दिया गया है। सभी सदस्यों से अनुरोध है कि कृपया नये निधनों का नामांकन बेझिझक करें।-- गॉड्रिक की कोठरीमुझसे बातचीत करें 13:28, 14 अक्टूबर 2018 (UTC)

महिला स्वास्थ्यविषयक लेख संपादन अभियान २०१८

--मुज़म्मिल (वार्ता) 17:49, 14 अक्टूबर 2018 (UTC)

 Y पूर्ण हुआ मुख्य नामस्थान से साँचे पर स्थानांतरित किया गया।-- गॉड्रिक की कोठरीमुझसे बातचीत करें 17:56, 14 अक्टूबर 2018 (UTC)

चर्चा हिंगलाज भवानी शक्तिपीठ

--SM7--बातचीत-- 08:22, 16 अक्टूबर 2018 (UTC)

पोद्दार

--मुज़म्मिल (वार्ता) 18:12, 17 अक्टूबर 2018 (UTC)

चित्र वार्ता पृष्ठ

नमस्ते विकि-साथियों, मैंने पिछले दिनों पाया कि हमारे यहाँ और बहुतायत में (सैकड़ों की संख्या में) चित्र वार्ता पृष्ठ बने हुये हैं जिनमें से अधिकतर में {{वार्ता शीर्षक}} के अतिरिक्त कुछ नहीं लिखा हुआ। चूँकि मैं जिन चित्र वार्ता पृष्ठों का उल्लेख कर रहा हूँ वो चित्र हमारे पास स्थानीय रूप से नहीं हैं अतः उन चित्र वार्ता पृष्ठों का यहाँ पर कोई महत्त्व नहीं है। कुछ चित्र वार्ता पृष्ठ ऐसे हैं जिनका मूल चित्र या तो कभी अपलोड ही नहीं किया गया या फिर उसे हटा दिया गया है। इसके कुछ उदाहरण निम्न प्रकार हैं:

  1. चित्र वार्ता:Chatt Ghat.jpg ऐसे पृष्ठ का वार्ता पन्ना है जो हमारे यहाँ पर नहीं है, इसका मूल चित्र चित्र:Chatt Ghat.jpg हम कॉमन्स से लेते हैं जिसका कॉमन्स पर भी वार्ता पृष्ठ नहीं बना हुआ।
  2. चित्र वार्ता:Iitf2008 kerela inside.JPG ऐसा वार्ता पृष्ठ है जिसका मूल चित्र हटाया जा चुका है।
  3. चित्र:Central sectt 2.JPG ऐसा वार्ता पृष्ठ जिसका चित्र पहले स्थानीय था लेकिन मुक्त स्रोत होने के कारण उसे कॉमन्स पर स्थानान्तरित कर दिया गया और यहाँ से चित्र को हटा दिया गया।

इसके अतिरिक्त कुछ ऐसे चित्र भी हैं जो हिन्दी विकि पर स्थानीय रूप से और कॉमन्स दोनों जगहों से हट चुके हैं लेकिन हिन्दी विकि पर उनका वार्ता पृष्ठ बना हुआ है। मैं ऐसे सभी चित्र वार्ता पृष्ठों को हटाने के लिए समुदाय की सहमत्ति चाहता हूँ। यदि किसी का इस सम्बंध में कोई प्रश्न हो तो लिखे। अन्यथा इसे सर्वसम्मति ही माना जायेगा।☆★संजीव कुमार (✉✉) 15:59, 23 अक्टूबर 2018 (UTC)

IONIS शिक्षा समूह

--मुज़म्मिल (वार्ता) 17:34, 23 अक्टूबर 2018 (UTC)

एक जन्मजात हृदय रोग

--मुज़म्मिल (वार्ता) 17:50, 23 अक्टूबर 2018 (UTC)

मूल रचनाओं की अभिव्यक्ति के सन्दर्भ में।

सम्माननीय संचालक महोदय/महोदया, मुझे इस बात से अवगत करवाया जाय कि एक सदस्य को इस वेबसाइट पर अपनी मूल रचनाओं को डालने (अपलोड करने) का विकल्प मौज़ूद है या नही। इससे सम्बंधित कोई अन्य विकल्प/सुविधा/अवसर/मंच/स्थान यदि हो तो कृपया अवश्य जानकारी दें।

धन्यवाद।— इस अहस्ताक्षरित संदेश के लेखक हैं -KUMAR HITANSHU (वार्तायोगदान) 08:17, 24 अक्टूबर 2018‎ (UTC)

जी, इस वेबसाइट को विकिपीडिया कहते हैं और इसपर अपनी मूल रचनायें प्रकाशित नहीं की जा सकती। आपकी मूल रचनायें मूल शोध की श्रेणी में आती हैं और उन्हें यहा पर प्रकाशित नहीं किया जा सकता।☆★संजीव कुमार (✉✉) 18:58, 24 अक्टूबर 2018 (UTC)

कोयना नदी

--मुज़म्मिल (वार्ता) 17:34, 26 अक्टूबर 2018 (UTC)

ऐशेज़ प्रसाद मित्रा

--मुज़म्मिल (वार्ता) 10:29, 28 अक्टूबर 2018 (UTC)

राजेंड्र सिंह परोदा

--मुज़म्मिल (वार्ता) 12:10, 28 अक्टूबर 2018 (UTC)

एंड्रॉइड (प्रचालन तंत्र) : पृष्ठ के नाम को बदलने के लिए अनुरोध

--प्रतीक

हबीब उर रहमान

--मुज़म्मिल (वार्ता) 18:59, 29 अक्टूबर 2018 (UTC)

The Community Wishlist Survey

11:06, 30 अक्टूबर 2018 (UTC)

बोसी सेन

--मुज़म्मिल (वार्ता) 17:37, 30 अक्टूबर 2018 (UTC)

Editing News #2—2018

14:17, 2 नवम्बर 2018 (UTC)

एशियाई माह २०१८

@J ansari, Sushma Sharma, और Suyash.dwivedi: जी एशियाई माह २०१८ हिन्दी विकिपीडिया पर कई अन्य भाषाई विकिपीडियाओं की तुलना में अधिक चर्चा देखने में नहीं आ रहा है। आज मैंने जब फ़ाउन्टेन पर देखा तो पाया कि केवल एक सदस्य ने एक लेख लिखा है और उसे भी अभी तक किसी ने स्वीकृत नहीं किया है। जो भी सम्बंधित सदस्य हों, कृपया देखें कि वर्तमान का एक मात्र लेख और भविष्य के लेख तयशुदा मानकों पर खरे उतरते हैं या नहीं। यदि निर्णायक मण्डल के सदस्य यह दायित्व अन्य सदस्यों को देना चाहें कृपया उन्हें इसमें शामिल कर लें। धन्यवाद। --मुज़म्मिल (वार्ता) 18:45, 4 नवम्बर 2018 (UTC)

@Hindustanilanguage: जी, अन्य भाषाई विकिपीडियाओं की तुलना में अधिक चर्चा ना होने का मुख्य कारण था साईट नोटीस नहीं लगा होना जो अब लगा दिया गया है जिसका परिणाम आप अब देख सकते हैं और जहां तक निर्णायक मण्डल के सदस्यों की बात है मुझे लगता है शायद दो निर्णायक आयोजक सक्रिय नहीं हैं जिसके कारण लेखों के जजमेंट में समय लग गया होगा। धन्यवाद -जे. अंसारी वार्ता 15:24, 5 नवम्बर 2018 (UTC)

फिल्मों का संगीत से श्रेणीकरण

नमस्कार, मैंने और कई ने फिल्मों के श्रेणीकरण के लिये संगीतकार की श्रेणियाँ बनाई हैं। जैसे कि श्र:हिमेश रेशमिया द्वारा संगीतबद्ध फिल्में देखी जा सकती है। ऐसा आइडिया अंग्रेज़ी विकि की देखा-देखी आया है। ये यहाँ अच्छा भी लगा क्योंकि हमारी फिल्मों में संगीतकारों का बहुत योगदान होता है। लेकिन इसी से सुझाव आया कि गीतकारों का भी, खासकर पुरानी फिल्मों में बहुत योगदान होता था। अब अंग्रेज़ी फिल्मों की परम्परा अलग है तो उन्होंने इसपर काम नहीं किया (जितना मैंने देखा है)। लेकिन हमारी फिल्मों में वो बहुत महत्त्वपूर्ण होते हैं या होते थे। तो क्या इसपर भी श्रेणी बनाई जा सकती है? यदि हाँ तो कैसे फॉर्मेट में?--हिंदुस्थान वासी वार्ता 05:05, 7 नवम्बर 2018 (UTC)

हिंदुस्तान वासी जी, मैंने गीतकारों के लिए भी अंगरेजी विकिपीडिया पर खोजा और कुछ श्रेणियाँ मिलीं जिन्हें नीचे लिख रहा:
इस प्रकार मेरे विचार से यह कहना कि अंगरेजी विकिपीडिया पर इस ओर काम नहीं किया गया है ग़लत होगा। हाँ, हिंदी और हिंदुस्तानी गीतों पर लेख कम होंने के कारण यहाँ के गीतकारों श्रेणियाँ अपेक्षाकृत काफी कम हैं। अतः आप इसी शैली में यहाँ भी श्रेणी बना सकते हैं। पर इनश्रेणियों में गीत रखे जाएँ न कि फ़िल्में। और मुझे नहीं लगता कि इस तरह से श्रेणियाँ बनाने के लिए किसी चर्चा की अथवा सहमति की आवश्यकता है। --SM7--बातचीत-- 21:58, 23 नवम्बर 2018 (UTC)
@SM7: बहुत बहुत धन्यवाद। दरअसल मैं अनुमति के लिये नहीं बल्कि अपनी कंफ्यूजन दूर करने के लिये लिखा था। आपने मेरा काम आसान कर दिया। जल्द ही इसपर आपसे बात करके श्रेणियाँ निर्मित करूँगा।--हिंदुस्थान वासी वार्ता 18:01, 24 नवम्बर 2018 (UTC)

सरमेरा प्रखण्ड (नालंदा)

--मुज़म्मिल (वार्ता) 13:59, 7 नवम्बर 2018 (UTC)

ट्रेन १८

नमस्कार, ट्रेन १८ को अभी अभी अनुवादित किया गया है, कृपया निरीक्षण कर "क्या आप जानते है" अथवा आज की खबर की पात्रता का विचार करें। धन्यवाद Capankajsmilyo (वार्ता) 17:38, 7 नवम्बर 2018 (UTC)

Mobile editing

कृपया अपनी भाषा में अनुवाद करने में सहायता करें

Hello, all! The mw:Editing team at the Wikimedia Foundation wants to make it easier to edit, for people who use mobile devices. Many editors at the Hindi Wikipedia use the mobile site for editing. Would you please look at mw:Visual-based mobile editing/Ideas/October 2018 and share your thoughts? It is important to me that the team builds something that works for you। Whatamidoing (WMF) (वार्ता) 19:04, 7 नवम्बर 2018 (UTC)

भोपाल तकनीकी कार्यशाला की रिपोर्ट

मैं सभी सदस्यों का ध्यान आकर्षित करना चाहूंगा कि मई 2018 में हुई तकनीकी कार्यशाला की रिपोर्ट 6 माह बाद भी सबमिट नहीं की गयी है और मॉर्गन ज्यू जी ने मेटा पर अंतिम तिथि तक रिपोर्ट सबमिट न होने की बात कही है तथा रिपोर्ट सबमिशन की तिथि 30 नवंबर तक बढ़ा दी है। मैं पूछना चाहूंगा कि ये रिपोर्ट कब तक दी जाने वाली है? इसके अतिरिक्त विश्व हिन्दी सम्मेलन के नाम पर हुई मॉरीशस यात्रा की रिपोर्ट का भी आता पता नही है। कार्यशाला कराने वाले सदस्य नेपथ्य में पिछली दिल्ली सम्मेलन कार्यशाला रिपोर्ट के लिये का तो बहुत बेसब्री से इंतजार कर रहे थे जो कि संभवतः सम्मेलन होने के पाँचवें महीने ही आ गयी थी। कहीं ऐसा तो नहीं कि यहाँ भी कोई भ्रष्टाचार हुआ है? भले ही आयोजकों को अपनी व्यक्तिगत छवि की चिंता न हो लेकिन हिन्दी के नाम पर ऐसी ग़ैर जिम्मेदारी कब तक चलेगी?-- गॉड्रिक की कोठरीमुझसे बातचीत करें 16:05, 8 नवम्बर 2018 (UTC)

आदर्श स्थिति तो यह होनी चाहिए कि किसी भी आयोजन के पश्चात आयोजक यथाशीघ्र रिपोर्ट प्रस्तुत कर दें। ऐसा न कर पाने की स्थिति में समुदाय को कारण तो अवश्य ही बताएं। ऐसा मैं यहाँ इसलिए कह रहा हूँ कि हम (आयोजक दल) कोलकाता विकिसम्मेलन 2019 की रिपोर्ट महीने भर में प्रस्तुत करने की कोशिश करेंगे और न कर पाने की स्थिति में कारण अवश्य बताएंगे। किसी भी स्थिति में रिपोर्ट की समयावधि दो महीने से ऊपर नहीं जानी चाहिए। धन्यवाद। --अजीत कुमार तिवारी बातचीत 17:31, 8 नवम्बर 2018 (UTC)
धन्यवाद अजीत जी, सच कहूं तो आदर्श स्थिति यही है मगर फिर भी नियमतः फाउंडेशन रैपिड ग्रांट रिक्वेस्ट के बाद 6 माह का वक़्त रिपोर्ट बनाने को देता है। लेकिन इस समयकाल में भी कोई रिपोर्ट न आये तो चिंता स्वाभाविक है। फिलहाल मैं मुख्य आयोजक @Swapnil.Karambelkar: जी के जवाब का इन्तज़ार कर रहा हूँ कि रिपोर्ट कब तक दाखिल होगी?-- गॉड्रिक की कोठरीमुझसे बातचीत करें 15:16, 9 नवम्बर 2018 (UTC)

@Swapnil.Karambelkar: सुयश जी, इसमें कुछ प्रगति हुई? --SM7--बातचीत-- 19:29, 24 नवम्बर 2018 (UTC)

@SM7: जी ,रिपोर्ट सब्मिट कर दी गई है।कार्यशाला पूर्व आपके द्वारा दिए गए अमूल्य सुझावों पर कार्य करने का प्रयास किया गया एवं कुछ हद तक सफल भी रहे, धन्यवाद।

पारिवारिक एवं व्यावसायिक व्यस्तताओं के कारण रिपोर्ट ५ माह ९ दिन बाद प्रस्तुत हो पाई ,समयावधि बढ़ने के लिए फॉउंडेशन से ईमेल के माध्यम से पूर्वानुमती ले ली गई थी जिसपर फॉउंडेशन के प्रतिनिधि मॉर्गन ज्यू जी ने सहमति प्रदान कर समयावधि बढ़ा दी थी।

@Godric ki Kothri: जी बिना जानकारी के ,भ्रष्टाचार एवं गैरजिम्मेदारी के आरोप लगाने वाली भाषा का प्रयोग करने की प्रबंधक से आशा नहीं थी। तथा कार्यशाला १६,१७ जून २०१८ को हुई थी ना कि मई में जैसा आपने ऊपर लिखा है। अतः रिपोर्ट पूर्वानुमति से,६ महीने पूर्ण होने के २१ दिन अंदर ही प्रस्तुत कर दी गई है।आशा है अब आपकी चिंता दूर हो गई होगी। जहा तक देरी का कारण है उसके बारे में फॉउंडेशन प्रतिनिधियों को ईमेल पर जानकारी दे दी गई थी जिसपर उन्होंने अवधि बढ़ाने के लिए सहमति प्रदान की थी । आगे से अन्य सदस्यों के सन्दर्भ में भी कहना चाहूंगा की आप उनसे बिना कारण जाने ऐसे आरोप लगाने से बचे ,जिससे हिंदी विकी का माहौल स्वस्थ बना रहे।
@Swapnil.Karambelkar: जी, धन्यवाद! क्षमा करें गलतफहमी हो गयी होगी मगर मुझे मॉर्गन ज्यू जी का संदेश दिखा जिसमे साफ ये दिख रहा था डेडलाइन ख़त्म होने के बाद भी कोई रिपोर्ट नहीं दाखिल की गयी थी। मैंने भ्रष्टाचार के बारे में केवल आशंका जताई थी और आप इस कदर भड़क गए! मुझे तो इसकी उम्मीद कतई नहीं थी। हिन्दी विकि का माहौल के स्वस्थ्य अथवा अस्वस्थ होने की चिन्ता न करें क्योंकि ऐसे सवाल पूछे जाते रहेंगे। वैसे उस समय स्वस्थ माहौल की परम्परा का क्या हुआ था जब आप अनाधिकारिक मंच पर दिल्ली सम्मेलन के आयोजकों पर भ्रष्टाचार के आरोप लगा रहे थे? मैं भी मानता हूँ कि वह सम्मेलन पूरी तरह पाक-साफ नहीं था मगर संजीव जी से पहले आपने मेटा पर वो मामला क्यों नहीं उठाया? कृपया पहले मुझसे सवाल उठाने की उम्मीद का प्रत्युत्तर न दें क्योंकि मैं सम्मेलन के बारे में उस वक़्त जानता ही नहीं था। आपके ही संगी साथियों ने उस वक़्त मुझपर विश्व हिन्दी सम्मेलन के नाम पर विदेश यात्रा करने का आरोप लगाया था। ख़ैर उन्हें मैंने अब माफ कर दिया है। चूँकि जिक्र आ ही गया है तो यह भी बता दें कि विश्व हिन्दी सम्मेलन की रिपोर्ट कब तक आएगी?-- गॉड्रिक की कोठरीमुझसे बातचीत करें 15:11, 26 नवम्बर 2018 (UTC)

बलूचिस्तान या बलोचिस्तान

आषाढ़

--मुज़म्मिल (वार्ता) 18:59, 10 नवम्बर 2018 (UTC)

वाममोर्चा लेफ्ट डेमोक्रेटिक फ्रंट (केरल) पर अनुप्रेषित?

अभी जैसाकि मैं देख रहा हूँ, वाममोर्चा लेख लेफ्ट डेमोक्रेटिक फ्रंट (केरल) पर अनुप्रेषित है। वाम मोर्चा केरल के अलावा बंगाल और अन्य राज्यों में भी है (सत्ता में या बाहर - ये दूसरी बात है)। कृपया इसे ठीक करें।--मुज़म्मिल (वार्ता) 18:59, 10 नवम्बर 2018 (UTC)

@Hindustanilanguage: जी, बंगाल के वाम मोर्चा को लेफ्ट फ्रंट कहते है| लेफ्ट डेमोक्रेटिक फ्रंट तो सिर्फ केरल और महाराष्ट्र में है|अंग्रेजी विकिपीडिया पे भी इसी आधार पर लेख बना है| --Abhinav619 (वार्ता) 02:34, 11 नवम्बर 2018 (UTC)

Delete

कृपया Module:Location map/data/Pakistan तथा Module:Location map/data/Module:Location map/data/पाकिस्तान को delete कर दें। धन्यवाद Capankajsmilyo (वार्ता) 03:09, 13 नवम्बर 2018 (UTC)

ऐडवोकेट जनरल और सॉलिसिटर जनरल

--मुज़म्मिल (वार्ता) 16:31, 13 नवम्बर 2018 (UTC)

Change coming to how certain templates will appear on the mobile web

CKoerner (WMF) (talk) 19:34, 13 नवम्बर 2018 (UTC)

राफेल सौदा विवाद

--Abhinav619 (वार्ता) 06:45, 14 नवम्बर 2018 (UTC)

हिंदी नाम वाले स्वतंत्र आवाज़ टाइटिल पृष्ठ को नहीं हटाएं, आप उसे बहाल करें। हमारे ईमेल का संज्ञान लें।

हिंदी नाम वाले स्वतंत्र आवाज़ टाइटिल पृष्ठ को नहीं हटाएं, आप उसे बहाल करें। हमारे ईमेल का संज्ञान लें।

आज का आलेख:- स्तंभ

अभी तक मैं आज का आलेख स्तंभ का प्रबन्धन कर रहा था। दिसम्बर तक के सांचे तैयार हैं।

कुछ समयाभाव के चलते अभी समय नहीं दे पा रहा हूं, अतः अनुरोध है कि कोई सदस्य, विशेषकर अनुभवी, वरिष्ठगण इसका प्रबन्ध संभाल लें। समय मिलने पर पुनः प्रस्तुत होऊंगा एवं पुनर्प्रबन्धन चालू कर दूंगा। अभी कुछ समय हेतु क्षमा चाहूंगा।
इस उत्तरदायित्त्व वहन के लिये जो भी सदस्य आगे आये, कृपया बता दें, जिससे कि कभी आवश्यकता पड़ने पर कोई बात इस बारे में हो तो बतायी जा सके। धन्यवाद:आशीष भटनागरवार्ता 16:19, 18 नवम्बर 2018 (UTC)

पृष्ट पर दी गई जानकारी और लिंक पुराने है

पृष्ठ पर दी जानकारी और बढ़ायी जा सकती है और दिए गए लिंक अब काम नहीं करते उन्हें नए लिंकों से बदला जाना चाहिए

@Gunjanprajapati: जी आप किन लेखों, जानकारियों और कड़ियों की बात कर रहे हैं? --मुज़म्मिल (वार्ता) 18:19, 19 नवम्बर 2018 (UTC)

TWL Con (2019 India)

नमस्ते, मुझे यह घोषणा करने में प्रसन्नता हो रही है कि, विकिपीडिया पुस्तकालय (TWL) और भारत में विकिमीडिया परियोजनाओं के लिए पुस्तकालय आउटरीच के लघु सम्मलेन TWL Con (2019 India) के लिए आवेदन अब खुला है। आवेदन करने के लिए यहाँ जाएँ। आवेदन करने की अंतिम तिथि 25 नवंबर 2018 है। यह कार्यक्रम जनवरी 2019 में आयोजित किया जायेगा। पात्रता दिशानिर्देश के लिए यहाँ देखें। -- Shypoetess (वार्ता) 18:28, 19 नवम्बर 2018 (UTC)

स्थानांतरण अनुरोध को स्वचालित बनाने हेतु उपकरण